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दरोगा के भाई की गोली मारकर हत्या
ब्यूरो/अमर उजाला, बागपत
Updated Thu, 01 Sep 2016 01:01 AM IST
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रमाला गांव में विलाप करते हरेंद्र के परिजन।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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दिल्ली पुलिस में तैनात दरोगा के भाई की मंगलवार रात गोली मारकर हत्या कर दी गई। उसकी लाश रोहटा रोड स्थित घसौली गांव के जंगल में मिली। पीड़ित परिवार ने राशन की दुकान आवंटन के विवाद को हत्या की वजह बताया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
बागपत जिले के रमाला गांव निवासी हरेंद्र कुमार (48) पुत्र कलीराम सिंह गांव में खेतीबाड़ी करता था। हरेंद्र विकलांग था और राशन की सस्ते गल्ले की दुकान लेने की कोशिशों में लगा हुआ था। उसका बड़ा भाई धर्मपाल दिल्ली में दरोगा है।
तीन छोटे भाइयों में राजकुमार आर्मी में, शिवकुमार सीआईएसएफ में कांस्टेबल, भूपेंद्र प्राइवेट कंपनी में जॉब करता है। बुधवार सुबह हरेंद्र की लाश कंकरखेड़ा थानाक्षेत्र के घसौली गांव के जंगल में सड़क किनारे खून से लथपथ पड़ी मिली।
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सूचना पर कंकरखेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची। हरेंद्र की जेब में पहचान पत्र और एक फोन नंबर मिला, जिसके जरिये पुलिस ने परिजनों को सूचना दी। परिजन और ग्रामीण पहले मौके पर और फिर पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। हरेंद्र के भाई भी पोस्टमार्टम स्थल पर आ गए।
सभी बुरी तरह विलाप कर रहे थे। देर शाम रमाला ले जाकर शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। पुलिस का कहना है कि पीड़ित परिवार ने गांव के कुछ लोगों पर हत्या करने का अंदेशा जताया है। अज्ञात में हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है। कई जगह संदिग्धों की तलाश में दबिश दी, लेकिन कोई हत्थे नहीं चढ़ा।
हरेंद्र कुमार को नहीं मिली थी एजेंसी
पुलिस के मुताबिक, रमाला गांव में राशन की सस्ते गल्ले की दुकान को लेकर गांव के ही एक व्यक्ति से हरेंद्र का विवाद चल रहा था। चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रशासन ने गांव के दो लोगों को एजेंसी दी। हरेंद्र को एजेंसी नहीं मिली, तो उसने कमिश्नर के यहां शिकायत की।
उसका आरोप था कि नियम विरुद्ध एजेंसियां दी गईं। इस पर कमिश्नर जांच बैठाई थी। मंगलवार को हरेंद्र अपने एक मकान के विवाद में बागपत कोर्ट में तारीख पर गया था। बुधवार को उसे एजेंसी के विवाद में कमिश्नर के पास जाना था।
आशंका है कि हरेंद्र का अपहरण के बाद मर्डर किया गया। पुलिस को मौके से हरेंद्र के पास से कारतूस का एक खोखा और एक पेन मिला। सीओ दौराला अरविंद पांडेय का कहना है कि गंभीरता से जांच की जा रही है। शव को जंगली जानवरों ने कुछ खा लिया था।
दरोगा के भाई को गर्दन पर तमंचा सटाकर गोली मारी गई। पड़ताल की जा रही है। प्राथमिक जांच में गांव की रंजिश के चलते हत्या होना सामने आया है। पुलिस हर बिंदु पर जांच कर रही है।
- जे. रविंदर गौड़, एसएसपी मेरठ
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बागपत जिले के रमाला गांव निवासी हरेंद्र कुमार (48) पुत्र कलीराम सिंह गांव में खेतीबाड़ी करता था। हरेंद्र विकलांग था और राशन की सस्ते गल्ले की दुकान लेने की कोशिशों में लगा हुआ था। उसका बड़ा भाई धर्मपाल दिल्ली में दरोगा है।
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तीन छोटे भाइयों में राजकुमार आर्मी में, शिवकुमार सीआईएसएफ में कांस्टेबल, भूपेंद्र प्राइवेट कंपनी में जॉब करता है। बुधवार सुबह हरेंद्र की लाश कंकरखेड़ा थानाक्षेत्र के घसौली गांव के जंगल में सड़क किनारे खून से लथपथ पड़ी मिली।
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सूचना पर कंकरखेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची। हरेंद्र की जेब में पहचान पत्र और एक फोन नंबर मिला, जिसके जरिये पुलिस ने परिजनों को सूचना दी। परिजन और ग्रामीण पहले मौके पर और फिर पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। हरेंद्र के भाई भी पोस्टमार्टम स्थल पर आ गए।
सभी बुरी तरह विलाप कर रहे थे। देर शाम रमाला ले जाकर शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। पुलिस का कहना है कि पीड़ित परिवार ने गांव के कुछ लोगों पर हत्या करने का अंदेशा जताया है। अज्ञात में हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है। कई जगह संदिग्धों की तलाश में दबिश दी, लेकिन कोई हत्थे नहीं चढ़ा।
हरेंद्र कुमार को नहीं मिली थी एजेंसी
पुलिस के मुताबिक, रमाला गांव में राशन की सस्ते गल्ले की दुकान को लेकर गांव के ही एक व्यक्ति से हरेंद्र का विवाद चल रहा था। चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रशासन ने गांव के दो लोगों को एजेंसी दी। हरेंद्र को एजेंसी नहीं मिली, तो उसने कमिश्नर के यहां शिकायत की।
उसका आरोप था कि नियम विरुद्ध एजेंसियां दी गईं। इस पर कमिश्नर जांच बैठाई थी। मंगलवार को हरेंद्र अपने एक मकान के विवाद में बागपत कोर्ट में तारीख पर गया था। बुधवार को उसे एजेंसी के विवाद में कमिश्नर के पास जाना था।
आशंका है कि हरेंद्र का अपहरण के बाद मर्डर किया गया। पुलिस को मौके से हरेंद्र के पास से कारतूस का एक खोखा और एक पेन मिला। सीओ दौराला अरविंद पांडेय का कहना है कि गंभीरता से जांच की जा रही है। शव को जंगली जानवरों ने कुछ खा लिया था।
दरोगा के भाई को गर्दन पर तमंचा सटाकर गोली मारी गई। पड़ताल की जा रही है। प्राथमिक जांच में गांव की रंजिश के चलते हत्या होना सामने आया है। पुलिस हर बिंदु पर जांच कर रही है।
- जे. रविंदर गौड़, एसएसपी मेरठ