{"_id":"5c9fc5bcbdec2214435fc143","slug":"41553974716-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुलिस ने बीस दिन में की 34 हजार लीटर शराब जब्त","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
पुलिस ने बीस दिन में की 34 हजार लीटर शराब जब्त
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत। जिले में चुनाव आचार संहिता लगने के बाद से अब तक पुलिस ने 34 हजार लीटर अवैध शराब जब्त की है। 84 शराब तस्करों के खिलाफ कार्रवाई हुई। शराब की कीमत 80 लाख रुपये से ज्यादा बताई जा रही है। शराब हरियाणा से तस्करी कर लाई गई थी।
चुनाव आयोग ने 10 मार्च को लोकसभा चुनाव की तारीखों की घोषण की थी। लोकसभा चुनाव शुरू होते ही शराब माफिया भी सक्रिय हो गए। चुनाव में शराब बेचकर पैसा कमाने वाले लोगों ने हरियाणा से बड़े स्तर पर अवैध शराब की तस्करी शुरू कर दी। चुनाव आचार संहिता लगने के बाद जिलेभर में पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ बड़े स्तर पर अभियान शुरू किया और बीस दिनों के अंदर 34 हजार लीटर अवैध शराब पकड़ी, जिसकी कीमत 80 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। पुलिस ने 84 शराब तस्करों को गिरफ्तार किया। 50 से अधिक कार पकड़ी गई।
एएसपी रण विजय सिंह ने बताया कि आचार संहिता लागू होने के बाद से 30 मार्च तक 34 हजार लीटर अवैध शराब जब्त की गई है। कई शराब तस्कर कार्रवाई के दौरान शराब से लदी गाड़ियां भी छोड़कर भागे। उनका भी पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होने बताया कि हरियाणा नजदीक होने के कारण अवैध शराब की ज्यादा तस्करी होती है। जिले में ऐसे 10 स्थानों को चिह्नित किया गया है, जहां से शराब की तस्करी होती है। इन स्थानों पर पुलिस तैनात कर दी गई है। अवैध शराब की तस्करी नहीं होने दी जाएगी।
विज्ञापन
एक्सप्रेस-वे पर पकड़ी गई सबसे अधिक शराब
बागपत। शराब माफिया सबसे ज्यादा ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेस-वे के रास्त हरियाणा से अवैध शराब की तस्करी करते हैं। आमतौर पर एक्सप्रेस-वे पर पुलिस वाहनों की चेकिंग नहीं करती, जिसका फायदा शराब माफिया उठाते हैं। सबसे ज्यादा एक्सप्रेस-वे से शराब पकड़ी गई है।
हरियाणा के शराब माफिया भागे, यूपी के सक्रिय
बागपत। हरियाणा प्रदेश के शराब माफिया लोकसभा चुनाव शुरू होने से पहले गाड़ियों से जिले में शराब सप्लाई करते थे। चुनाव शुरू होते ही पुलिस ने शिकंजा कसा तो सबसे ज्यादा हरियाणा के शराब माफिया पकड़े गए। अब हरियाणा के शराब तस्करों ने आना बंद कर दिया तो जनपद के शराब माफिया सक्रिय हो गए।
विज्ञापन
चुनाव आयोग ने 10 मार्च को लोकसभा चुनाव की तारीखों की घोषण की थी। लोकसभा चुनाव शुरू होते ही शराब माफिया भी सक्रिय हो गए। चुनाव में शराब बेचकर पैसा कमाने वाले लोगों ने हरियाणा से बड़े स्तर पर अवैध शराब की तस्करी शुरू कर दी। चुनाव आचार संहिता लगने के बाद जिलेभर में पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ बड़े स्तर पर अभियान शुरू किया और बीस दिनों के अंदर 34 हजार लीटर अवैध शराब पकड़ी, जिसकी कीमत 80 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। पुलिस ने 84 शराब तस्करों को गिरफ्तार किया। 50 से अधिक कार पकड़ी गई।
विज्ञापन
एएसपी रण विजय सिंह ने बताया कि आचार संहिता लागू होने के बाद से 30 मार्च तक 34 हजार लीटर अवैध शराब जब्त की गई है। कई शराब तस्कर कार्रवाई के दौरान शराब से लदी गाड़ियां भी छोड़कर भागे। उनका भी पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होने बताया कि हरियाणा नजदीक होने के कारण अवैध शराब की ज्यादा तस्करी होती है। जिले में ऐसे 10 स्थानों को चिह्नित किया गया है, जहां से शराब की तस्करी होती है। इन स्थानों पर पुलिस तैनात कर दी गई है। अवैध शराब की तस्करी नहीं होने दी जाएगी।
विज्ञापन
एक्सप्रेस-वे पर पकड़ी गई सबसे अधिक शराब
बागपत। शराब माफिया सबसे ज्यादा ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेस-वे के रास्त हरियाणा से अवैध शराब की तस्करी करते हैं। आमतौर पर एक्सप्रेस-वे पर पुलिस वाहनों की चेकिंग नहीं करती, जिसका फायदा शराब माफिया उठाते हैं। सबसे ज्यादा एक्सप्रेस-वे से शराब पकड़ी गई है।
हरियाणा के शराब माफिया भागे, यूपी के सक्रिय
बागपत। हरियाणा प्रदेश के शराब माफिया लोकसभा चुनाव शुरू होने से पहले गाड़ियों से जिले में शराब सप्लाई करते थे। चुनाव शुरू होते ही पुलिस ने शिकंजा कसा तो सबसे ज्यादा हरियाणा के शराब माफिया पकड़े गए। अब हरियाणा के शराब तस्करों ने आना बंद कर दिया तो जनपद के शराब माफिया सक्रिय हो गए।