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Baghpat News: खराब पड़े कैपेसिटर का हर माह किसानों से वसूला जा रहा चार्ज

Sun, 23 Jun 2024 04:51 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बागपत
संवाद न्यूज एजेंसी, बागपत Updated Sun, 23 Jun 2024 04:51 AM IST
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Charges are being collected from farmers every month for defective capacitors
बड़ौत। भले ही पश्चिमांचल के 14 जनपदों के 680 बिजलीघरों में लगे कैपेसिटर बैंक पिछले दस सालों से खराब पड़े हों, लेकिन इसके बावजूद ऊर्जा निगम हर माह किसानों से खराब पड़े कैपेसिटर बैंक के नाम पर कैपेसिटर चार्ज वसूल रहा है। ताजुब्ब की बात यह है कि प्रदेश सरकार द्वारा कुछ साल पहले नलकूप बिल पर 50 फीसदी छूट देने के बावजूद किसानों से विभाग लगातार पूरा कैपेसिटर चार्ज वसूलता रहा। कैपेसिटरर चार्ज के रूप में विभाग अब तक 30 से 35 करोड़ रुपये वसूल चुका है, अगले बागपत जनपद में यह धनराशि पांच करोड़ के पार है।
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ऊर्जा निगम के रिकार्ड के अनुसार पश्चिमांचल के 14 जिलों में करीब 60 लाख उपभोक्ताओं में से किसानों के बिजली कनेक्शनों की संख्या लगभग नौ लाख के आसपास है। इन किसानों में से लगभग 70 प्रतिशत यानी साढ़े छह लाख किसानों के नलकूपों पर कैपेसिटर लगा हुआ है। एक तरह जहां बिजलीघरों पर लाखों रुपयों की कीमत से लगाएं गए कैपेसिटर बैंक खराब पड़े हैं, वहीं ऊर्जा निगम हर माह इन किसानों से कैपेसिटर चार्ज के नाम पर हर माह प्रति बिल लगभग 245 रुपये वसूलता रहा।
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ये है विभाग का नियम-----

बड़ौत। ऊर्जा निगम के अफसरों के अनुसार जो भी किसान नलकूप का बिल जमा करता है, उसके बिल पर 15 प्रतिशत अतिरिक्त कैपेसिटर चार्ज लगता र्है।यानी वर्ष 2014-2015 से लेकर वर्ष 2022 तक एक औसत नलकूप का बिल 1650 रुपये होता था। इस बिल में लगभग 245 रुपये अतिरिक्त किसानों से कैपेसिटर चार्ज के नाम पर वसूल गया।
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ये बोले किसान नेता-------
नए कृषि कानून के विरोध में दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर 45 दिनों तक चले किसान आंदोलन का नेतृत्व करने वाले किसान नेता विक्रम सिंह आर्य का कहना है कि पहले से ही किसान बकाया गन्ना भुगतान, बढ़ी विद्युत दरों सहित आवारा पशुओं की समस्याओं से दुखी है, ऊपर से विभाग द्वारा खराब पड़े कैपेसिटर बैंक के नाम पर कैपेसिटर चार्ज वसूल लिया गया, जोकि बिल्कुल गलत है। प्रदेश सरकार को किसानों की हालत को देखते हुए वसूले गए कैपेसिटर चार्ज को वापस करना चाहिए।


ये बोले मुख्य अभियंता----

प्रत्येक नलकूप धारक किसान से बिजली बिल पर 15 प्रतिशत कैपेसिटर चार्ज वसूलने का आदेश प्राप्त है। जिसके बाद उनसे कैपिसिटर चार्ज वसूला जा रहा है। जहां-जहां कैपेसिटर खराब पड़े हुए है, उन्हें जल्द ठीक कराया जाएगा। फिलहाल प्रदेश सरकार के निर्देशों पर पिछले कुछ माह से न तो नलकूप का बिल वसूला जा रहा है और न ही कैपेसिटर चार्ज- राघवेंद्र सिंह मुख्य अभियंता मेरठ।


पश्चिमांचल के छह जोन व बिजलीघरों की संख्या------

जोन का नाम बिजलीघरों की संख्या
नोएडा 94
गाजियाबाद 146
बुलंदशहर 177
सहारनपुर 352
मेरठ 229
मुरादाबाद 332


ये है पश्चिमांचल के जनपदों के नाम----

बड़ौत। पश्चिमांचल के अंतर्गत मेरठ, बागपत, मुजफ्फरनगर, शामली, सहारनपुर, हापुड़, बुलंदशहर, गाजियाबाद, नोएडा, मुरादाबाद, रामपुर, संभल, बिजनौर व अमरोहा आते हैं।
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