फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   CCL, teacher lodged complaint for eight thousand rupees

आठ हजार रुपये में सीसीएल, शिक्षिका ने दर्ज कराई शिकायत

Wed, 27 Apr 2022 11:30 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 27 Apr 2022 11:30 PM IST
विज्ञापन
CCL, teacher lodged complaint for eight thousand rupees
- आरोप : बीएसए कार्यालय में आठ हजार देने वाली शिक्षिकाओं को ही मिलता बाल्य अवकाश
विज्ञापन

- बरनावा के कंपोजिट स्कूल की शिक्षिका ने एडीएम के पास की शिकायत
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। बीएसए कार्यालय के अधिकारियों पर शिक्षिकाओं से आठ हजार देने पर ही बाल्य देखभाल अवकाश (सीसीएल) देने का आरोप लगा है। इस मामले में एक शिक्षिका ने एडीएम के पास शिकायत दर्ज कराई है, जिसमें बीएसए कार्यालय में कोई भी कार्य कराए जाने पर रुपये लेकर भ्रष्टाचार फैलाने का आरोप लगाया है। एडीएम ने मामले में जांच कराने का आश्वासन दिया।
बरनावा के कंपोजिट स्कूल में तैनात शिक्षिका विनती शर्मा ने एडीएम को शिकायत देकर बताया कि 13 फरवरी को उसने दिल्ली के सेंट स्टीफन अस्पताल में प्री मैच्योर बच्ची को जन्म दिया था। डाक्टर ने छह महीने तक बच्ची की विशेष देखभाल के लिए कहा था। इस पर उसने 13 फरवरी से बाल्य देखभाल अवकाश (सीसीएल) मांगा। आरोप है कि बीएसए ने अवकाश नहीं दिया। इस कारण उसे एक महीने का चिकित्सा अवकाश लेना पड़ा था। इसके बाद शिक्षिका ने दोबारा 21 मार्च को बाल्य देखभाल अवकाश के लिए आवेदन किया तो बोर्ड परीक्षा का हवाला देते हुए अवकाश के लिए इंकार कर दिया गया, जबकि उनके स्कूल से 14 में एक भी शिक्षिका की ड्यूटी बोर्ड परीक्षा में नहीं लगाई गई। बाल्य देखभाल अवकाश नहीं मिलने के कारण उसे दोबारा 20 दिन का चिकित्सा अवकाश लेना पड़ा। शिक्षिका ने आरोप लगाया कि उसने तीसरी बार 20 अप्रैल को बाल्य देखभाल अवकाश के लिए ऑनलाइन आवेदन किया जो 25 अप्रैल से शुरू होना था, लेकिन बीएसए ने उसे निरस्त कर दिया। जबकि उनके स्कूल की तीन शिक्षिकाओं की बाल्य देखभाल अवकाश (सीसीएल) मंजूर कर दी गई, जिन्होंने उनके साथ ही आवेदन किया था।
विज्ञापन

आरोप है कि बीएसए कार्यालय में आठ हजार रुपये लेकर बाल्य देखभाल अवकाश दिया जाता है। अवकाश के लिए ऑनलाइन आवेदन होने के बावजूद फार्म भरवाए जाते है, जो कार्यालय में ही छपवाए हुए है। शिक्षिका ने बताया कि उनकी 468 सीसीएल बाकी है। मगर, इसके बावजूद सीसीएल नहीं मिल रही है और उनका उत्पीड़न किया जा रहा है। एडीएम अमित कुमार ने जांच कराने का आश्वासन दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

मेरे कार्यालय से सभी को स्थिति को देखते हुए अवकाश दिए जाते है। इस तरह का आरोप गलत है। हमारे यहां पोर्टल पर एक भी अवकाश का मामला लंबित नहीं है। इसका पता कराया जाएगा कि आखिर यह क्या मामला है। - राघवेंद्र सिंह, बीएसए
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed