फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   Canal dry, crisis on crops

नहर सूखी, फसलों पर संकट

Thu, 30 Mar 2017 01:40 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बड़ौत
ब्यूरो/अमर उजाला, बड़ौत Updated Thu, 30 Mar 2017 01:40 AM IST
विज्ञापन
पूर्वी यमन नहर में पानी नहीं होने से तीन जिलों के हजारों किसानों की लहराती फसलों पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। आलम यह है कि क्षेत्रवासियों की बार-बार शिकायत के बाद भी सिंचाई विभाग के अधिकारी मूकदर्शक बने हुए हैं। 
विज्ञापन


इसको लेकर क्षेत्रवासियों में विभागीय अफसरों के प्रति आक्रोश पनपता जा रहा है और वे आंदोलन शुरू करने का मन बना रहे हैं। किसानों का कहना है कि प्रदेश मेें भले ही सत्ता परिवर्तन हो गया हो, लेकिन किसानों की दुर्दशा अभी वैसी ही है। 
विज्ञापन


एक तरफ चीनी मिलें किसानों के गन्ने का करोड़ों रुपये बैठी है, ऊपर से अब जो फसल खेत में लहरा रही है, उस पर भी संकट के बादल मंडराने लगे हैं। करीब डेढ़ माह से पूर्वी यमन नहर सूखी पड़ी है।  
विज्ञापन
विज्ञापन


इस कारण इस नहर से जुडे़   शामली, बागपत व गाजियाबाद जनपद के किसानों की फसलें सूखकर बर्बाद हो रही है। किसान सिंचाई विभाग के अफसरों से कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन सुनवाई नहीं हो रही है। 

ग्राम प्रधान छछरपुर अनिल कुमार एडवोकेट, रूपेंद्र तोमर, यशवीर सिंह तोमर, जयवीर सिंह, तोमर, राजवीर सिंह आदि का कहना है कि कई दिनों से लगातार कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन न तो अधिकारी कार्यालय में मिल रहे और न ही क्षेत्र मेें। उन्होंने समस्या का शीघ्र समाधान न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी। 


जब इस संबंध में सिंचाई विभाग के एसडीओ दिनेश शर्मा व जेई वीरपाल पंवार से बातचीत की गई तो उनका कहना था कि अभी ऊपर से पानी नहीं मिल रहा है। पानी आते ही छोड़ दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed