UP: मोबाइल से खुलेगा सिपाही की मौत का राज, थाने में फांसी के फंदे पर लटका मिला था शव, सदमे में परिजन
Baghpat Constable Death Case : सिपाही की मौत का राज मोबाइल के लॉक में बंद है। उसके मोबाइल को परिजनों की मौजूदगी में लैब भेजा गया है।
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बागपत में छपरौली थाने के सिपाही की मौत का राज मोबाइल के लॉक में बंद है। उसके मोबाइल का लॉक खोलने का पुलिस ने प्रयास किया, लेकिन वह खुल नहीं सका। अब परिजनों के सामने मोबाइल को लैब में भेजा जाएगा, जिससे सिपाही की मौत का कारण पता लग सके। उधर, सिपाही की मौत से परिजन सदमे में हैं।
सहारनपुर के मोहल्ला हकीकत नगर पंजाबी बाग में रहने वाले मुख्य आरक्षी अमर राणा बृहस्पतिवार को शामली से निकाय चुनाव की ड्यूटी से लौटा था। उसे शुक्रवार को बुलंदशहर में वीआईपी ड्यूटी में जाना था। वह शुक्रवार सुबह को ड्यूटी पर नहीं पहुंचा तो साथी पुलिस कर्मियों ने उसे फोन किया।
उसके फोन नहीं उठाने पर पीआरडी के जवान को कमरे पर भेजा गया तो अमर राणा का शव पंखे पर फांसी के फंदे पर लटका मिला। पुलिस के काफी छानबीन करने और परिजनों से बातचीत के बाद भी अमर राणा के आत्महत्या के कारण का पता नहीं लग सका।
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उसके मोबाइल फोन को देखा गया तो उसका लॉक लगा हुआ था। यह माना जा रहा है कि सिपाही की मौत का कारण उस मोबाइल का लॉक खुलने से सामने आ सकता है।
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मुख्य आरक्षी की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग से मौत होना आया था। यह अभी नहीं पता चल सका है कि उसने आत्महत्या क्यों की। इसके लिए मोबाइल की जांच कराई जाएगी। अभी उसका लॉक लगा हुआ है और परिजनों के सामने उसे लैब में भेजा जाएगा। उसके बाद ही कुछ पता चलने की उम्मीद है। - अर्पित विजयवर्गीय, एसपी बागपत