{"_id":"59bed2ce4f1c1b8a688b5285","slug":"91505678030-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जब तक भुगतान नही होता, तब तक मिल को गन्ना आवंटन न हो","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जब तक भुगतान नही होता, तब तक मिल को गन्ना आवंटन न हो
Updated Mon, 18 Sep 2017 01:31 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जब तक भुगतान नहीं होता, तब तक मिल को गन्ना आवंटन न हो
छपरौली (बागपत)। मलकपुर गन्ना विकास सहकारी समिति के चेयरमैन धूम सिंह ने प्रदेश के गन्ना मंत्री और गन्ना आयुक्त को पत्र भेजा। उन्होंने कहा जब तक 281 करोड़ का भुगतान नहीं हो जाता, तब तक गन्ना आवंटन पर रोक लगाई जाए।
रविवार को कूड़ी गांव में किसानों की बैठक हुई। इसमें निर्णय लिया एसबीईसी शुगर मिल मलकपुर की कल देयता 2012-13 में 3126 लाख थी जो 2016-17 में बढ़कर 23249 लाख हो गई है। विगत कई साल से वर्तमान वर्ष का भुगतान न करके पिछले वर्षों का भुगतान किया जा रहा है। चीनी मिल प्रतिनिधि ने गन्ना मूल्य भुगतान के संबंध में कोई आश्वासन नहीं दिया। इससे प्रतीत होता है कि मलकपुर शुगर मिल किसानों का गन्ना मूल्य भुगतान करना ही नहीं चाहती, क्योंकि शुगर मिल मलकपुर को विगत वर्षों में घाटा नहीं रहा है, फिर भी गन्ने का बकाया भुगतान नहीं किया जा रहा है।
मलकपुर गन्ना विकास सहकारी समिति के चेयरमैन धूम सिंह ने गन्ना मंत्री और गन्ना आयुक्त को पत्र लिखा । इसमें उन्होंने किसानों का बकाया भुगतान होने तक गन्ना आवंटन रोकने की मांग की । गन्ना मंत्री सुरेश राणा ने जल्दी ही गन्ने का भुगतान आश्वासन दिया । यदि कोई शुगर मिल भुगतान नहीं करती है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। इसकी अध्यक्षता मांगेराम सरपंच ने की। संचालन सरदार सिंह ने किया। इसमें संजीव सिंह, रविंद्र, सुंदर सिंह, सोहनबीर, कंवर पाल, देश पाल, कंवर पाल सिंह, महिपाल सिंह, सुखपाल सिंह, सहदेव, सतेंद्र, महिपाल, भगत सिंह, प्रीतम सिंह, राजेंद्र आदि रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
छपरौली (बागपत)। मलकपुर गन्ना विकास सहकारी समिति के चेयरमैन धूम सिंह ने प्रदेश के गन्ना मंत्री और गन्ना आयुक्त को पत्र भेजा। उन्होंने कहा जब तक 281 करोड़ का भुगतान नहीं हो जाता, तब तक गन्ना आवंटन पर रोक लगाई जाए।
रविवार को कूड़ी गांव में किसानों की बैठक हुई। इसमें निर्णय लिया एसबीईसी शुगर मिल मलकपुर की कल देयता 2012-13 में 3126 लाख थी जो 2016-17 में बढ़कर 23249 लाख हो गई है। विगत कई साल से वर्तमान वर्ष का भुगतान न करके पिछले वर्षों का भुगतान किया जा रहा है। चीनी मिल प्रतिनिधि ने गन्ना मूल्य भुगतान के संबंध में कोई आश्वासन नहीं दिया। इससे प्रतीत होता है कि मलकपुर शुगर मिल किसानों का गन्ना मूल्य भुगतान करना ही नहीं चाहती, क्योंकि शुगर मिल मलकपुर को विगत वर्षों में घाटा नहीं रहा है, फिर भी गन्ने का बकाया भुगतान नहीं किया जा रहा है।
विज्ञापन
मलकपुर गन्ना विकास सहकारी समिति के चेयरमैन धूम सिंह ने गन्ना मंत्री और गन्ना आयुक्त को पत्र लिखा । इसमें उन्होंने किसानों का बकाया भुगतान होने तक गन्ना आवंटन रोकने की मांग की । गन्ना मंत्री सुरेश राणा ने जल्दी ही गन्ने का भुगतान आश्वासन दिया । यदि कोई शुगर मिल भुगतान नहीं करती है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। इसकी अध्यक्षता मांगेराम सरपंच ने की। संचालन सरदार सिंह ने किया। इसमें संजीव सिंह, रविंद्र, सुंदर सिंह, सोहनबीर, कंवर पाल, देश पाल, कंवर पाल सिंह, महिपाल सिंह, सुखपाल सिंह, सहदेव, सतेंद्र, महिपाल, भगत सिंह, प्रीतम सिंह, राजेंद्र आदि रहे।
विज्ञापन