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मिल की मनमानी के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी
Updated Sat, 31 Mar 2018 12:25 AM IST
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मिल की मनमानी के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी
बड़ौत। बकाया गन्ना भुगतान न होने और सामान्य प्रजाति की पर्चियां न भेजने के विरोध में शुक्रवार को छछरपुर गांव मेें कई गांव के किसानों की पंचायत आहुत हुई। इसमेें किसानों ने समस्याओं पर रोष जताया। पंचायत में चेतावनी दी गई कि मांगें पूरी न होने पर तालाबंदी कर आंदोलन किया जाएगा।
ग्राम प्रधान एडवोकेट अनिल कुमार के आवास पर पंचायत मेें गूंगाखेड़ी, छछरपुर, बावली, मलकपुर, बड़ौली, वाजिदपुर और गुराना गांव के काफी संख्या मेें किसान पहुंचे। प्रधान अनिल कुमार का कहना है कि मलकपुर चीनी मिल ने क्षेत्र के किसानों को बड़ा नुकसान पहुंचाया। उन्होंने कहा कि न तो मिल किसानों को बकाया गन्ना भुगतान दे रहा है और न ही अब जरूरत के समय सामान्य प्रजाति की पर्चियां। जिला पंचायत सदस्य एवं भाकियू नेता राजेंद्र सिंह ने कहा कि अब किसानों का शोषण सहन नहीं किया जाएगा।
प्रधान गूंगाखेडी संजीव का कहना है कि सामान्य प्रजाति की पर्चियां न भेजने के कारण किसानों के सामने पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था का संकट खड़ा हो गया है। ऊपर से गेहूं कटाई का समय नजदीक है। ऐसे मेें खेतों में खड़ा गन्ना सूखकर बर्बाद हो रहा है। पंचायत मेें सर्वसम्मत्ति से मिल प्रशासन को तीन दिन का अल्टीमेटम जारी किया गया। यदि तीन दिनों के अंदर किसानों की मांग पूरी नहीं की गयी तो क्षेत्र के हजारों किसान मिल पर तालाबंदी कर आंदोलन शुरू करेंगे। पंचायत की अध्यक्षता राजेंद्र सिंह ने की और संचालन प्रधान गुराना रणधीर सिंह ने किया। पंचायत में हरवीर, नेत्रपाल, हरेंद्र, सुभाष, महक सिंह, प्रमोद, ओमपाल, नीरज, सुखवीर, शीशपाल, महेंद्र, जयपाल, वीरेंद्र सिंह शामिल रहे।
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बड़ौत। बकाया गन्ना भुगतान न होने और सामान्य प्रजाति की पर्चियां न भेजने के विरोध में शुक्रवार को छछरपुर गांव मेें कई गांव के किसानों की पंचायत आहुत हुई। इसमेें किसानों ने समस्याओं पर रोष जताया। पंचायत में चेतावनी दी गई कि मांगें पूरी न होने पर तालाबंदी कर आंदोलन किया जाएगा।
ग्राम प्रधान एडवोकेट अनिल कुमार के आवास पर पंचायत मेें गूंगाखेड़ी, छछरपुर, बावली, मलकपुर, बड़ौली, वाजिदपुर और गुराना गांव के काफी संख्या मेें किसान पहुंचे। प्रधान अनिल कुमार का कहना है कि मलकपुर चीनी मिल ने क्षेत्र के किसानों को बड़ा नुकसान पहुंचाया। उन्होंने कहा कि न तो मिल किसानों को बकाया गन्ना भुगतान दे रहा है और न ही अब जरूरत के समय सामान्य प्रजाति की पर्चियां। जिला पंचायत सदस्य एवं भाकियू नेता राजेंद्र सिंह ने कहा कि अब किसानों का शोषण सहन नहीं किया जाएगा।
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प्रधान गूंगाखेडी संजीव का कहना है कि सामान्य प्रजाति की पर्चियां न भेजने के कारण किसानों के सामने पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था का संकट खड़ा हो गया है। ऊपर से गेहूं कटाई का समय नजदीक है। ऐसे मेें खेतों में खड़ा गन्ना सूखकर बर्बाद हो रहा है। पंचायत मेें सर्वसम्मत्ति से मिल प्रशासन को तीन दिन का अल्टीमेटम जारी किया गया। यदि तीन दिनों के अंदर किसानों की मांग पूरी नहीं की गयी तो क्षेत्र के हजारों किसान मिल पर तालाबंदी कर आंदोलन शुरू करेंगे। पंचायत की अध्यक्षता राजेंद्र सिंह ने की और संचालन प्रधान गुराना रणधीर सिंह ने किया। पंचायत में हरवीर, नेत्रपाल, हरेंद्र, सुभाष, महक सिंह, प्रमोद, ओमपाल, नीरज, सुखवीर, शीशपाल, महेंद्र, जयपाल, वीरेंद्र सिंह शामिल रहे।
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