फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   राष्ट्रवाद, जातिवाद, संप्रदायवाद पिछड़ेपन का निशानी

राष्ट्रवाद, जातिवाद, संप्रदायवाद पिछड़ेपन का निशानी

Sun, 22 Apr 2018 01:28 AM IST
Updated Sun, 22 Apr 2018 01:28 AM IST
विज्ञापन
राष्ट्रवाद, जातिवाद, संप्रदायवाद पिछड़ेपन का निशानी
बड़ौत (बागपत)।
विज्ञापन

रविवार को मनाए जाने वाले पृथ्वी दिवस के उपलक्ष्य में पर्वतारोहण की विश्व रेकार्डधारी बड़ौत की नौ वर्षीय सूर्यसंज्ञिनी ने कहा वर्तमान समय में दुनिया भर में हम बच्चों के माध्यम से एक नयी सोच जन्म ले रही है । इस सोच के सामने राष्ट्रवाद, जातिवाद और संप्रदायवाद बहुत छोटे और पिछड़े विचार लगते हैं । विश्व में बढ़ते आतंकवाद, संप्रदायवाद और युद्ध पर चिंता जताते हुए इस नन्ही पर्वतारोही ने कहा कि पूरी की पूरी मानवजाति को एक धरती मिली है और इस पर रहने वाले सभी प्राणी, बहने वाली सभी नदियां मुक्त होकर विचरते हैं , इसलिए हम सबका केवल एक ही धर्म होना चाहिए और वह है मानवतावाद । यदि हमारा कोई राष्ट्र होना चाहिए तो वह है संपूर्ण धरती और जाति होनी चाहिए तो केवल मानवता ।
मैं पृथ्वी दिवस पर सभी विश्व वासियों से आह्वान करती हूँ कि हम मिलकर एक पृथ्वी, एक सरकार यानि वन वर्ल्ड वन गवर्नमेंट के सिद्धांत पर आने वाले भविष्य का निर्माण करें । तभी हम अपनी प्रकृति मां का भी संरक्षण एवं संवर्धन कर पाएंगे। सूर्यसंज्ञिनी ने बताया कि वह बहुत ही जल्द एक विश्वस्तरीय संस्थान से एक उच्चतर कोर्स ख़त्म करनेवाली हैं, जिसका उल्लेख वह शीघ्र ही औपचारिक रूप से समाज के सामने करेगी । इस कोर्स के दौरान उसे दुनिया भर में दशकों से चल रहे युद्ध और आतंकवाद के विषय में गहन अध्ययन करने का अवसर मिला । इससे उसने पाया कि समय समय पर दुनिया भर में नफरत फैलाने वाले नेताओं ने किसी न किसी समुदाय विशेष से मुक्त करने की बातें कही । इन सबके विपरीत सूर्यसंज्ञिनी एक नया नारा विश्व को पृथ्वी दिवस पर देना चाहती है और वह है %युद्ध मुक्त धरती% का यानी %वॉर फ्री प्लानेट% । अपने इस संदेश को लेकर वह आने वाले महीनों में अफगानिस्तान, सीरिया, सोमालिया, म्यांमार आदि जैसे युद्ध ग्रसित देशों मैं जाकर यह संदेश फैलाने का काम करेंगी और अपने साथ अपनी पूरी पीढ़ी को %युद्ध मुक्त धरती% के मिशन से जोड़ेंगी ।
विज्ञापन


सिक्किम एवं उत्तराखंड की सरकार ने सूर्यसंज्ञिनी को सम्मानित किया
बड़ौत। सूर्यसंज्ञिनी ने छह वर्ष की उम्र में पर्वतारोहण में विश्व रेकार्ड बनाया। फिर उसी को तोड़कर आठ वर्ष की आयु में एक और नया विश्व कीर्तिमान स्थापित किया । सिक्किम एवं उत्तराखंड की सरकार ैं सूर्यसंज्ञिनी को सम्मानित कर चुकी हैं
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed