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बरनावा में हिंडन किनारे उत्खनन जारी
Updated Sat, 13 Jan 2018 12:14 AM IST
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बरनावा में हिंडन किनारे उत्खनन जारी
फोटो संख्या-
बिनौली (बागपत)। महाभारतकालीन बताए जाने वाले लाखा मंडप टीले के निकट हिंडन नदी के किनारे पुरातत्व विभाग की टीम की ओर से उत्खनन दूसरे दिन भी जारी रहा। जिस भूभाग को खुदाई के लिए चयनित किया गया है, उसके एक किनारे पर गड्ढा खोदा गया है। अभी तक कोई उल्लेखनीय सफलता सामने नहीं आई है। दिनभर यहां पर ग्रामीणों की आवाजाही लगी रही।
बरनावा में हिंडन किनारे उत्खनन कार्य पुरातत्व संस्थान के निदेशक डॉ एसके मंजुल के नेतृत्व में किया जा रहा है। शुक्रवार को दूसरे दिन भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की टीम के निर्देशन में मजदूरों ने खुदाई का कार्य किया। जिस जगह का चयन किया गया है, उसके एक किनारे पर खोदे गए गड्ढे को और अधिक गहरा किया गया। गड्ढे खोदकर ट्रैंच तैयार किए जा रहे हैं। खुदाई के दौरान कोई उल्लेखनीय चीजें अभी तक नहीं मिली है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग उत्खनन शाखा द्वितीय और भारतीय पुरातत्व संस्थान लाल किला की संयुक्त टीम उत्खनन करेगी। बाहरी लोगों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। जिस भूतल का चयन किया गया है, उसके चारों तरफ तारबंदी कर दी गई है।
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बिनौली (बागपत)। महाभारतकालीन बताए जाने वाले लाखा मंडप टीले के निकट हिंडन नदी के किनारे पुरातत्व विभाग की टीम की ओर से उत्खनन दूसरे दिन भी जारी रहा। जिस भूभाग को खुदाई के लिए चयनित किया गया है, उसके एक किनारे पर गड्ढा खोदा गया है। अभी तक कोई उल्लेखनीय सफलता सामने नहीं आई है। दिनभर यहां पर ग्रामीणों की आवाजाही लगी रही।
बरनावा में हिंडन किनारे उत्खनन कार्य पुरातत्व संस्थान के निदेशक डॉ एसके मंजुल के नेतृत्व में किया जा रहा है। शुक्रवार को दूसरे दिन भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की टीम के निर्देशन में मजदूरों ने खुदाई का कार्य किया। जिस जगह का चयन किया गया है, उसके एक किनारे पर खोदे गए गड्ढे को और अधिक गहरा किया गया। गड्ढे खोदकर ट्रैंच तैयार किए जा रहे हैं। खुदाई के दौरान कोई उल्लेखनीय चीजें अभी तक नहीं मिली है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग उत्खनन शाखा द्वितीय और भारतीय पुरातत्व संस्थान लाल किला की संयुक्त टीम उत्खनन करेगी। बाहरी लोगों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। जिस भूतल का चयन किया गया है, उसके चारों तरफ तारबंदी कर दी गई है।
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