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बहनजी...आप तो हेलमेट पहन लीजिए
Updated Wed, 14 Feb 2018 01:33 AM IST
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बागपत। ट्रैफिक के नियमों को तोड़ने में आधी आबादी भी मर्दों से पीछे नहीं है। नौकरी पेशा, कामकाजी महिलाओं के अलावा स्कूल और कॉलेज जाने वाली छात्राएं सड़कों पर स्कूटी दौड़ाते हुए देखी जा सकती हैं, लेकिन इनमें अधिकतर बगैर हेलमेट के ही फर्राटा भरती हैं। मंगलवार को भी बगैर हेलमेट के स्कूटी चलाती हुई कई महिलाएं नजर आईं। खेकड़ा में मुख्य मार्ग पर एक नहीं कई महिलाएं और छात्राएं स्कूटी से गुजरी, जिन्होंने हेलमेट नहीं पहन रखा था। खतरे से बेपरवाह महिलाएं बगैर हेलमेट पहले ही वाहन दौड़ाती नजर आई। बड़ौत में भी कॉलेज ही नहीं स्कूल गोइंग किशोर उम्र की छात्राएं बगैर हेलमेट के स्कूटी दौड़ाते हुए देखी जा सकती हैं, लेकिन न तो परिजन इस तरफ ध्यान दे रहे हैं और पुलिस कर्मी भी चुप्पी साधे हैं। बागपत में अति व्यस्त रहने वाले मेरठ रोड पर भी बगैर हेलमेट के स्कूटी सवार महिलाएं गंतव्य की ओर बढ़ती नजर आई।
सिर्फ पांच हजार महिलाओं के लाइसेंस
बागपत। नए दौर में भले ही ऐसी महिलाओं की संख्या बढ़ रही हो, जिनके पास दुपहिया वाहन हैं। लेकिन लाइसेंस अपेक्षाकृत कम हैं। जिले में सिर्फ पांच हजार महिलाओं के पास ही ड्राइविंग लाइसेंस है। एआरटीओ दफ्तर पर लाइसेंस बनवाने के लिए इक्का दुक्का लड़कियां पहुंचती हैं।
लेकिन अब चलेगा अभियान
एआरटीओ आरपी मिश्रा कहते हैं कि हेलमेट लगाने से व्यक्ति की खुद की सुरक्षा होती है। प्रत्येक बुधवार को लोगों को सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए अभियान चलाया जाता है। अन्य दिनों में भी अब यह अभियान चलाया जाएगा। बगैर लाइसेंस और बगैर हेलमेट स्कूटी चलाने वाली महिलाओं का भी चालान किया जाएगा। लोगों को जागरूक होना चाहिए।
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सिर्फ पांच हजार महिलाओं के लाइसेंस
बागपत। नए दौर में भले ही ऐसी महिलाओं की संख्या बढ़ रही हो, जिनके पास दुपहिया वाहन हैं। लेकिन लाइसेंस अपेक्षाकृत कम हैं। जिले में सिर्फ पांच हजार महिलाओं के पास ही ड्राइविंग लाइसेंस है। एआरटीओ दफ्तर पर लाइसेंस बनवाने के लिए इक्का दुक्का लड़कियां पहुंचती हैं।
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लेकिन अब चलेगा अभियान
एआरटीओ आरपी मिश्रा कहते हैं कि हेलमेट लगाने से व्यक्ति की खुद की सुरक्षा होती है। प्रत्येक बुधवार को लोगों को सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए अभियान चलाया जाता है। अन्य दिनों में भी अब यह अभियान चलाया जाएगा। बगैर लाइसेंस और बगैर हेलमेट स्कूटी चलाने वाली महिलाओं का भी चालान किया जाएगा। लोगों को जागरूक होना चाहिए।
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