{"_id":"5b7332a142c792485f135375","slug":"171534276257-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिक्षकों से रैली में पहुंचने का आह्वान किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिक्षकों से रैली में पहुंचने का आह्वान किया
Updated Wed, 15 Aug 2018 01:20 AM IST
विज्ञापन
बागपत। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के पदाधिकारियों की बैठक हुई। इसकी अध्यक्षता करते हुए राकेश यादव ने बताया कि 20 अगस्त को प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर शिक्षकों की मांगों को लेकर लखनऊ में एक दिवसीय रैली होगी। इसमें जिले से सैकड़ों शिक्षक सम्मलित होंगे। बैठक के शिक्षकों से जनसंपर्क किया। संचालन महामंत्री राजकुमार शर्मा ने किया। इसमें प्रदीप शर्मा, जय कुमार, मनोज कुमार, मोती राज, रूपेश चौधरी, विजय विमल, संजीव कौशिक, लोकेश शर्मा, पवन कुमार, ब्रजभूषण आदि रहे।
भगवान से वस्तु नहीं, भगवान को ही मांगना चाहिए
बागपत। बाबा जानकी दास मंदिर में चल रही श्रीमद् भागवत कथा के दूसरे कथा व्यास राकेश त्रिपाठी ने कहा कि कृपा तो ईश्वर की सब पर बरसती है, लेकिन अनुभव वही करता है जिसको भगवान पर विश्वास और समर्पण भाव होता है। महाभारत में एक तरफ सत्ताधारी कौरव और दूसरी ओर निर्वासित पांच पांडव थे। जिसमें अधर्म पर धर्म की जीत हुई है। उन्होंने बताया कि जब अश्वथामा ने उत्तरा के गर्भ को नष्ट करने के लिए ब्रह्मास्त्र चलाया तो वह सीधे संसार को छोड़कर भगवान की शरण में गई तो भगवान ने सुदर्शन से उस गर्भ की रक्षा की। भगवान से कभी संसार की वस्तु नहीं, बल्कि भगवान को ही मांगना चाहिए। आयोजक ज्योतिष आचार्य पंडित राज कुमार शास्त्री, परीक्षित राजाराम पांडेय आदि रहे।
शिविर में 210 नेत्र रोगियों की जांच
बागपत। महाराजा अग्रसेन भवन मेरठ रोड में नि:शुल्क नेत्र शिविर का आयोजन किया। इसमें 210 नेत्र रोगियों की जांच हुई और 22 को ऑपरेशन के लिए चयनित किया। इसमें डॉ. रोमा, डॉ. अबरार, कीर्ति, अशोक जैन, अनिल, पूर्व चेयरमैन रोहताश गुप्ता, प्रेम चंद गुप्ता, जगमोहन गुप्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
भगवान से वस्तु नहीं, भगवान को ही मांगना चाहिए
बागपत। बाबा जानकी दास मंदिर में चल रही श्रीमद् भागवत कथा के दूसरे कथा व्यास राकेश त्रिपाठी ने कहा कि कृपा तो ईश्वर की सब पर बरसती है, लेकिन अनुभव वही करता है जिसको भगवान पर विश्वास और समर्पण भाव होता है। महाभारत में एक तरफ सत्ताधारी कौरव और दूसरी ओर निर्वासित पांच पांडव थे। जिसमें अधर्म पर धर्म की जीत हुई है। उन्होंने बताया कि जब अश्वथामा ने उत्तरा के गर्भ को नष्ट करने के लिए ब्रह्मास्त्र चलाया तो वह सीधे संसार को छोड़कर भगवान की शरण में गई तो भगवान ने सुदर्शन से उस गर्भ की रक्षा की। भगवान से कभी संसार की वस्तु नहीं, बल्कि भगवान को ही मांगना चाहिए। आयोजक ज्योतिष आचार्य पंडित राज कुमार शास्त्री, परीक्षित राजाराम पांडेय आदि रहे।
विज्ञापन
शिविर में 210 नेत्र रोगियों की जांच
बागपत। महाराजा अग्रसेन भवन मेरठ रोड में नि:शुल्क नेत्र शिविर का आयोजन किया। इसमें 210 नेत्र रोगियों की जांच हुई और 22 को ऑपरेशन के लिए चयनित किया। इसमें डॉ. रोमा, डॉ. अबरार, कीर्ति, अशोक जैन, अनिल, पूर्व चेयरमैन रोहताश गुप्ता, प्रेम चंद गुप्ता, जगमोहन गुप्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन