{"_id":"5bd60e82bdec22695873c4b7","slug":"121540755074-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंचायत घरों के सत्यापन के निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंचायत घरों के सत्यापन के निर्देश
Updated Mon, 29 Oct 2018 01:01 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत। चार ब्लॉक के बीडीओ गांवों के पंचायत घर और अंत्येष्टी स्थलों का सत्यापन करेंगे। तीन दिन में अपनी रिपोर्ट सीडीओ को देंगे।
बागपत, पिलाना, बड़ौत और छपरौली ब्लॉक के गांवों में मौजूद पंचायत घर और अंत्येष्टी स्थल का सत्यापन कराया जाएगा। सीडीओ ने अधिकारियों को पूर्व में सत्यापन के लिए आदेश किया था, लेकिन रिपोर्ट नहीं भेजी गई। सीडीओ ने चारों ब्लॉकों के बीडीओ को दोबारा से नोटिस जारी किया। निर्देशित किया तीन दिन के अंदर गांवों में मौजूद पंचायत घर और अंत्येष्टी स्थलों का सत्यापन कर रिपोर्ट कार्यालय में उपलब्ध कराएंगे।
-----------------
बाल संरक्षण समिति की बैठके करने के निर्देश
बागपत। जिले में बाल संरक्षण समिति की नियमित बैठक के निर्देश दिए गए हैं। राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के रजिस्ट्रार डॉ. जगन्नाथ ने नियमित बैठकें कराने के निर्देशित किया। आरटीआई एवं बाल संरक्षण कार्यकर्ता एडवोकेट पवन तिवारी ने बताया कि जिले में बाल अधिकारों के संबंधित जिला स्तर पर जिला बाल संरक्षण समिति बनाई है। रजिस्ट्रार ने डीएम को 2013 के शासनादेश के अनुसार नियमित बैठकें करने के लिए निर्देशित किया।
विज्ञापन
बागपत, पिलाना, बड़ौत और छपरौली ब्लॉक के गांवों में मौजूद पंचायत घर और अंत्येष्टी स्थल का सत्यापन कराया जाएगा। सीडीओ ने अधिकारियों को पूर्व में सत्यापन के लिए आदेश किया था, लेकिन रिपोर्ट नहीं भेजी गई। सीडीओ ने चारों ब्लॉकों के बीडीओ को दोबारा से नोटिस जारी किया। निर्देशित किया तीन दिन के अंदर गांवों में मौजूद पंचायत घर और अंत्येष्टी स्थलों का सत्यापन कर रिपोर्ट कार्यालय में उपलब्ध कराएंगे।
-----------------
बाल संरक्षण समिति की बैठके करने के निर्देश
बागपत। जिले में बाल संरक्षण समिति की नियमित बैठक के निर्देश दिए गए हैं। राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के रजिस्ट्रार डॉ. जगन्नाथ ने नियमित बैठकें कराने के निर्देशित किया। आरटीआई एवं बाल संरक्षण कार्यकर्ता एडवोकेट पवन तिवारी ने बताया कि जिले में बाल अधिकारों के संबंधित जिला स्तर पर जिला बाल संरक्षण समिति बनाई है। रजिस्ट्रार ने डीएम को 2013 के शासनादेश के अनुसार नियमित बैठकें करने के लिए निर्देशित किया।
विज्ञापन