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ईंट-भट्ठों के संचालन में नहीं चलने दी जाएगी मनमर्जी : डीएम
Updated Sat, 08 Dec 2018 01:04 AM IST
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ईंट-भट्ठों के संचालन में नहीं चलने दी जाएगी मनमर्जी : डीएम
बागपत। डीएम ऋषिरेंद्र कुमार ने कहा कि ईंट भट्ठों के संचालन में मनमर्जी चलने नहीं दी जाएगी। एनजीटी और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमों का पालन करना होगा। उद्यमी नियमों की जानकारी रखें और इनका पालन करें। दिसंबर माह के अंत तक भट्ठा नहीं चलाए।
शुक्रवार को कलक्ट्रेट में डीएम ने ईंट भट्टा संचालकों की बैठक में कहा कि जिग जैग प्रणाली को अपनाया जाना चाहिए। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और एनजीटी के नियमों का पालन नहीं करने वाला कोई भी भट्ठा जनपद में नहीं चलने दिया जाएगा। जिलाधिकारी ने कहा कि ईंट भट्ठा संचालन में नाली और चकरोड से सुरक्षित भूमि छोड़े बिना मिट्टी का खनन किया जाना नियम विरुद्ध है ऐसा होने की स्थिति में इसकी समस्त जिम्मेदारी भट्ठा मालिक की होगी। जिनकी रॉयल्टी अभी जमा नहीं हुई है, वह अपनी रॉयल्टी जमा करा दें। पर्यावरण की एनओसी संबंधित सभी कागज भट्ठा संचालक पूर्ण कर ले, जिसके कागज पूर्ण ही होंगे कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने कहा कि ईंटों को पकाने के लिए रबड़ न जलाई जाए, इससे प्रदूषण होता है, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमों के अनुसार ही ईंट भट्ठों का संचालन किया जाए। उन्होंने श्रमिकों के परिवारों को मिजिल्स रुबेला अभियान से जोड़ने के लिए कहा। बैठक में एसडीएम सदर विवेक कुमार यादव, एसडीएम बड़ौत आशीष कुमार यादव, एसडीएम खेकड़ा पुलकित गर्ग मौजूद रहे।
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बागपत। डीएम ऋषिरेंद्र कुमार ने कहा कि ईंट भट्ठों के संचालन में मनमर्जी चलने नहीं दी जाएगी। एनजीटी और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमों का पालन करना होगा। उद्यमी नियमों की जानकारी रखें और इनका पालन करें। दिसंबर माह के अंत तक भट्ठा नहीं चलाए।
शुक्रवार को कलक्ट्रेट में डीएम ने ईंट भट्टा संचालकों की बैठक में कहा कि जिग जैग प्रणाली को अपनाया जाना चाहिए। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और एनजीटी के नियमों का पालन नहीं करने वाला कोई भी भट्ठा जनपद में नहीं चलने दिया जाएगा। जिलाधिकारी ने कहा कि ईंट भट्ठा संचालन में नाली और चकरोड से सुरक्षित भूमि छोड़े बिना मिट्टी का खनन किया जाना नियम विरुद्ध है ऐसा होने की स्थिति में इसकी समस्त जिम्मेदारी भट्ठा मालिक की होगी। जिनकी रॉयल्टी अभी जमा नहीं हुई है, वह अपनी रॉयल्टी जमा करा दें। पर्यावरण की एनओसी संबंधित सभी कागज भट्ठा संचालक पूर्ण कर ले, जिसके कागज पूर्ण ही होंगे कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने कहा कि ईंटों को पकाने के लिए रबड़ न जलाई जाए, इससे प्रदूषण होता है, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमों के अनुसार ही ईंट भट्ठों का संचालन किया जाए। उन्होंने श्रमिकों के परिवारों को मिजिल्स रुबेला अभियान से जोड़ने के लिए कहा। बैठक में एसडीएम सदर विवेक कुमार यादव, एसडीएम बड़ौत आशीष कुमार यादव, एसडीएम खेकड़ा पुलकित गर्ग मौजूद रहे।
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