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प्रेमी के साथ मिलकर पत्नी ने की थी युवक की हत्या
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आजमगढ़ के दीदारगंज थाना क्षेत्र के निकासीपुर गांव में स्थित नहर में 18 मई को हत्याकर फेंकी हुई युवक की लाश की गुत्थी रविवार को आरोपियों की गिरफ्तारी होने के साथ ही सुलझा ली गई। पुलिस के मुताबिक इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों में युवक की पत्नी और उसका प्रेमी है। प्यार में बाधा उत्पन्न करने पर इन दोनों ने मिलकर उसे मौत के घाट उतारा था। युवक के शव की पहचान उसके भाई ने की थी। पुलिस इस मामले में गिरफ्तार दोनों आरोपियों को जेल भेज दी है।
एसपी त्रिवेणी सिंह के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों में रेखा देवी पत्नी स्व. रमेश राजभर निवासी दीदारगंज थाने के निकासीपुर और उसका प्रेमी अंकित यादव है। वह दीदारगंज थाने के चितारा महमूदपुर गांव का निवासी है। एसपी के मुताबिक रेखा देवी तीन बच्चों की मां है। उसकी दो बेटी और एक बेटा है। रेखा को उसके पति रमेश राजभर से अक्सर झगड़ा होता था। करीब छह माह पूर्व रेखा अपने पति की हरकतों से तंग आकर आत्महत्या करने के लिए निकल गई थी। बाहर जाने पर रेखा की पहचान चितारा महमूदपुर गांव निवासी अंकित यादव से हो गई।
अंकित ने ही रेखा को मरने से बचाया। इसके बाद दोनों के बीच बातचीत के साथ ही प्रेम प्रसंग चलने लगा। एक दिन रमेश राजभर ने घर में रेखा और अंकित को देख लिया। इसके बाद रेखा को बहुत पीटा। घटना के बाद से ही रेखा और उसके प्रेमी अंकित यादव अपने बीच से रमेश राजभर को हटाने की योजना तैयार की। 16 मई की रात सोते समय रेखा ने पति के ऊपर हमलाकर बेहोश कर दिया। अंकित ने गड़ासे से हमलाकर उसे मौत के घाट उतार दिया। रमेश की मौत के बाद दोनों ने उसकी लाश एक बोरे में भरकर घर में छिपा दिया। 17 मई की रात दोनों लाश ले जाकर निकासीपुर गांव में स्थित नहर पुल के नीचे फेंककर फरार हो गए। 18 मई को रमेश की लाश बरामद हुई। शव मिलने के बाद पुलिस लाश की पहचान कराने के प्रयास में जुट गई। 22 मई को मुखबिर के जरिए पता चला कि निकासीपुर गांव निवासी रमेश राजभर गायब है।
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इसके बाद पुलिस रमेश के भाई बिंद्रेश राजभर के पास पहुंची जो अलग रहता है। उसे थाने बुलाकर लाश की पहचान कराई। उसने रमेश राजभर के रूप में पहचान की। इसके बाद पुलिस रेखा और उसके प्रेमी अंकित को हिरासत में लेकर पूछताछ की। इस दौरान दोनों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पुलिस घटना में प्रयुक्त गड़ासा आ दि बरामद करते हुए दोनों आरोपियों को जेल भेज दी। एसपी ने बताया कि एसओ दीदारगंज धर्मेंद्र सिंह और उनकी टीम ने मामले में काफी मेहनत की है। ऐसे में पूरी टीम को पांच हजार रुपये का नगद पुरस्कार हमारी तरफ से दिया जाएगा।
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एसपी त्रिवेणी सिंह के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों में रेखा देवी पत्नी स्व. रमेश राजभर निवासी दीदारगंज थाने के निकासीपुर और उसका प्रेमी अंकित यादव है। वह दीदारगंज थाने के चितारा महमूदपुर गांव का निवासी है। एसपी के मुताबिक रेखा देवी तीन बच्चों की मां है। उसकी दो बेटी और एक बेटा है। रेखा को उसके पति रमेश राजभर से अक्सर झगड़ा होता था। करीब छह माह पूर्व रेखा अपने पति की हरकतों से तंग आकर आत्महत्या करने के लिए निकल गई थी। बाहर जाने पर रेखा की पहचान चितारा महमूदपुर गांव निवासी अंकित यादव से हो गई।
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अंकित ने ही रेखा को मरने से बचाया। इसके बाद दोनों के बीच बातचीत के साथ ही प्रेम प्रसंग चलने लगा। एक दिन रमेश राजभर ने घर में रेखा और अंकित को देख लिया। इसके बाद रेखा को बहुत पीटा। घटना के बाद से ही रेखा और उसके प्रेमी अंकित यादव अपने बीच से रमेश राजभर को हटाने की योजना तैयार की। 16 मई की रात सोते समय रेखा ने पति के ऊपर हमलाकर बेहोश कर दिया। अंकित ने गड़ासे से हमलाकर उसे मौत के घाट उतार दिया। रमेश की मौत के बाद दोनों ने उसकी लाश एक बोरे में भरकर घर में छिपा दिया। 17 मई की रात दोनों लाश ले जाकर निकासीपुर गांव में स्थित नहर पुल के नीचे फेंककर फरार हो गए। 18 मई को रमेश की लाश बरामद हुई। शव मिलने के बाद पुलिस लाश की पहचान कराने के प्रयास में जुट गई। 22 मई को मुखबिर के जरिए पता चला कि निकासीपुर गांव निवासी रमेश राजभर गायब है।
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इसके बाद पुलिस रमेश के भाई बिंद्रेश राजभर के पास पहुंची जो अलग रहता है। उसे थाने बुलाकर लाश की पहचान कराई। उसने रमेश राजभर के रूप में पहचान की। इसके बाद पुलिस रेखा और उसके प्रेमी अंकित को हिरासत में लेकर पूछताछ की। इस दौरान दोनों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पुलिस घटना में प्रयुक्त गड़ासा आ दि बरामद करते हुए दोनों आरोपियों को जेल भेज दी। एसपी ने बताया कि एसओ दीदारगंज धर्मेंद्र सिंह और उनकी टीम ने मामले में काफी मेहनत की है। ऐसे में पूरी टीम को पांच हजार रुपये का नगद पुरस्कार हमारी तरफ से दिया जाएगा।