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दो सगे भाइयों को दस वर्ष की कैद
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आजमगढ़। गैर इरादतन हत्या के दो सगे भाइयों को दोषी पाते हुए दस वर्ष की कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही एक लाख तीन हजार का अर्थदंड भी लगाया। बुधवार को यह सजा अपर सत्र न्यायाधीश जैनेंद्र कुमार की अदालत ने सुनाई। घटना अहरौला थाना क्षेत्र के माहुल कस्बे की है।
मुकदमे के अनुसार माहुल गांव निवासी सुरेश चंद सोनी आठ मार्च 2017 की शाम लगभग साढ़े आठ बजे अपने घर पर खाना खा रहा थे। तभी उसके पड़ोसी अनिल सोनी और अरुण सोनी पुत्रगण घनश्याम सोनी उसके दरवाजे पर आए और सुरेश चंद को बुलाया। जब वह बाहर निकला तो उसे भला-बुरा कहते मारापीटा। जिसके कारण वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घायलावस्था में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। उपचार के दौरान नौ मार्च 2017 की रात सुरेश चंद की मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने अनिल और अरुण के विरुद्ध गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। मुकदमे के परीक्षण के दौरान अभियोजन पक्ष की तरफ से इस मुकदमे की पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता ने कुल 12 गवाहों को पेश किया और अपने तर्कों को रखा। अदालत ने अभियोजन पक्ष के तर्कों को सुनने के बाद उक्त आदेश पारित किया। साथ ही यह भी आदेश पारित किया कि प्राप्त अर्थदंड की धनराशि को मृतका की पत्नी को दिया जाए।
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मुकदमे के अनुसार माहुल गांव निवासी सुरेश चंद सोनी आठ मार्च 2017 की शाम लगभग साढ़े आठ बजे अपने घर पर खाना खा रहा थे। तभी उसके पड़ोसी अनिल सोनी और अरुण सोनी पुत्रगण घनश्याम सोनी उसके दरवाजे पर आए और सुरेश चंद को बुलाया। जब वह बाहर निकला तो उसे भला-बुरा कहते मारापीटा। जिसके कारण वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घायलावस्था में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। उपचार के दौरान नौ मार्च 2017 की रात सुरेश चंद की मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने अनिल और अरुण के विरुद्ध गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। मुकदमे के परीक्षण के दौरान अभियोजन पक्ष की तरफ से इस मुकदमे की पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता ने कुल 12 गवाहों को पेश किया और अपने तर्कों को रखा। अदालत ने अभियोजन पक्ष के तर्कों को सुनने के बाद उक्त आदेश पारित किया। साथ ही यह भी आदेश पारित किया कि प्राप्त अर्थदंड की धनराशि को मृतका की पत्नी को दिया जाए।
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