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कुर्सी की जंग: आजमगढ़ में माध्यमिक शिक्षा विभाग में दो डीआईओएस, असमंजस में स्थिति; पढ़ें- पूरा मामला
Sat, 31 Jan 2026 03:07 PM IST
प्रगति चंद
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
Published by: प्रगति चंद
Updated Sat, 31 Jan 2026 03:07 PM IST
सार
आजमगढ़ जिले में माध्यमिक शिक्षा विभाग में दो डीआईओएस का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। एक महीने के अवकाश से लौटे उपेंद्र कुमार ने कार्यभार संभाला फिर भी प्रभारी डीआईओएस की सक्रियता बरकरार है।
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दो डीआईओएस की सक्रियता से असमंजस की स्थिति
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आजमगढ़ जिले के माध्यमिक शिक्षा विभाग में इन दिनों कार्यप्रणाली को लेकर असामान्य स्थिति बनी हुई है। एक माह के अवकाश के बाद जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) उपेंद्र कुमार ने पुनः कार्यभार ग्रहण कर लिया है। हालांकि, पूर्व में प्रभारी डीआईओएस के रूप में कार्य देख रहे वीरेंद्र प्रताप सिंह की सक्रियता अभी भी बनी हुई है, जिससे विभागीय कर्मचारियों के बीच भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई है।
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उपेंद्र कुमार के अवकाश पर रहने के दौरान वीरेंद्र प्रताप सिंह को प्रभारी डीआईओएस का दायित्व सौंपा गया था। अब उपेंद्र कुमार के लौटने और कार्यभार संभालने के बाद भी कार्यालय की कार्यप्रणाली को लेकर स्पष्टता नहीं बन पा रही है। बताया जा रहा है कि प्रभार सौंपे जाने के बावजूद वीरेंद्र प्रताप सिंह ने कार्यालय के कर्मचारियों की एक बैठक बुलाई, जिसमें निर्देश दिया गया कि किसी भी फाइल पर उपेंद्र कुमार के हस्ताक्षर न कराए जाएं और सभी कार्य उनके माध्यम से ही संपादित किए जाएं।
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इस घटनाक्रम से विभाग में उहापोह की स्थिति बन गई है। कर्मचारी यह समझ नहीं पा रहे हैं कि आधिकारिक आदेशों के तहत अंतिम निर्णय और हस्ताक्षर का अधिकार किसके पास है। परिणामस्वरूप फाइलों के निस्तारण और अन्य प्रशासनिक कार्यों पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
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मामले को लेकर संयुक्त शिक्षा निदेशक नवल किशोर ने बताया कि उपेंद्र कुमार अवकाश पर गए थे। वहां से आने के बाद उपेंद्र ने डीएम को कोई सूचना नहीं दी। इस वजह से डीआईओएस की जिम्मेदारी वीरेंद्र प्रताप सिंह को सौपी गई है।