{"_id":"5fcb93af8ebc3ecf884da341","slug":"purchase-agencies-should-ensure-paddy-raising-mandalayukta-azamgarh-news-vns5617847188","type":"story","status":"publish","title_hn":"धान का उठान सुनिश्चित करें क्रय एजेंसियांः मंडलायुक्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
धान का उठान सुनिश्चित करें क्रय एजेंसियांः मंडलायुक्त
विज्ञापन
आजमगढ़। मंडलायुक्त वीवी पंत द्वारा शुक्रवार की देर शाम को मंडलीय सभागार में मंडल के तीनों जनपदों में धान खरीद के प्रगति की समीक्षा की। जिसमें बलिया जनपद में धान की खरीद खराब मिलने पर नाराजगी जताई। वहीं मिलरों से अनुबंध देरी से शुरू करने के मामले में डिप्टी आरएमओ की लापरवाही मानते हुए इसे प्राथमिकता के आधार पर करने का निर्देश दिया।
उन्होंने कतिपय क्रय केंद्रों पर उठान की स्थिति ठीक नहीं मिलने पर संबंधित क्रय एजेंसियों को तत्काल इस ओर विशेष ध्यान देकर उठान कराने का निर्देश दिया। मंडल के जनपदों में धान क्रय के लिए एजेंसियों के कुल 204 केंद्र स्थापित किए गए हैं। जिसमें आजमगढ़ में 69, मऊ में 57 एवं बलिया में 78 केंद्र स्थापित हैं। अब तक लक्ष्य के सापेक्ष हुई खरीद के संबंध में मंडलायुक्त के पूछने पर बताया गया कि आजमगढ़ में 60 हजार एमटी लक्ष्य के सापेक्ष 13094.65 एमटी, मऊ में 50 हजार एमटी लक्ष्य के सापेक्ष 6797.87 एमटी और बलिया में एक लाख 10 हजार एमटी लक्ष्य के सापेक्ष 8742.78 एमटी धान खरीद हुई है। मंडलायुक्त ने बलिया में खरीद की स्थिति अत्यंत खराब मिलने पर नाराजगी जताई। संभागीय खाद्य नियंत्रक को बलिया भ्रमण कर तत्काल प्रगति में अपेक्षित सुधार लाने का निर्देश दिया। उन्होंने खरीद के सापेक्ष भुगतान की स्थिति की समीक्षा में पाया कि गत 30 नवंबर तक आजमगढ़ में 12049 एमटी के सापेक्ष 10701 एमटी, मऊ में 6165 एमटी खरीद के सापेक्ष 5064 एमटी और बलिया में इसी अवधि में 7573 एमटी खरीद के सापेक्ष भुगतान की स्थिति काफी अच्छी पाई। उन्होंने आजमगढ़ एवं मऊ में भुगतान कम होने के कारणों की समीक्षा कर भुगतान में तेजी लाने का निर्देश दिया। मिलों के संबद्घीकरण में पाया कि आजमगढ़ में 11 मिलें हैं जिसमें छह मिलों पर ही अब तक धान पहुंच सका है। इसमें बताया गया कि कुछ मिलरों से बैंक गारंटी प्राप्त नहीं हुई है। मिलों के संबद्धीकरण की प्रक्रिया विलंब से शुरू की गई है। मंडलायुक्त ने इसे आजमगढ़ के डिप्टी एफएमओ की लापरवाही मानते हुए नाराजगी व्यक्त किया तथा प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई कराने का निर्देश दिया। उन्होंने जनपद मऊ में पीसीएफ का सबसे अधिक भुगतान अवशेष मिलने पर आरएफएमओ को निर्देशित किया कि तत्काल मऊ का भ्रमण करें तथा भुगतान में जो भी समस्याएं आ रही हैं उसका निराकरण करते हुए भुगतान की कार्रवाई कराएं। बैठक में बोरों की उपलब्धता के साथ ही अन्य सभी बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई तथा जनपदों में लक्ष्य के सापेक्ष धान की खरीद के लिए मंडलायुक्त ने आवश्यक दिशा निर्देश दिया। इस मौके पर संभागीय खाद्य नियंत्रक राजेश कुमार, संभागीय खाद्य विपणन अधिकारी राजेश कुमार उपाध्याय, आजमगढ़ एवं मऊ के एडीएम वित्त एवं राजस्व जीपी गुप्ता एवं केहरी सिंह आदि उपस्थित थे।
विज्ञापन
उन्होंने कतिपय क्रय केंद्रों पर उठान की स्थिति ठीक नहीं मिलने पर संबंधित क्रय एजेंसियों को तत्काल इस ओर विशेष ध्यान देकर उठान कराने का निर्देश दिया। मंडल के जनपदों में धान क्रय के लिए एजेंसियों के कुल 204 केंद्र स्थापित किए गए हैं। जिसमें आजमगढ़ में 69, मऊ में 57 एवं बलिया में 78 केंद्र स्थापित हैं। अब तक लक्ष्य के सापेक्ष हुई खरीद के संबंध में मंडलायुक्त के पूछने पर बताया गया कि आजमगढ़ में 60 हजार एमटी लक्ष्य के सापेक्ष 13094.65 एमटी, मऊ में 50 हजार एमटी लक्ष्य के सापेक्ष 6797.87 एमटी और बलिया में एक लाख 10 हजार एमटी लक्ष्य के सापेक्ष 8742.78 एमटी धान खरीद हुई है। मंडलायुक्त ने बलिया में खरीद की स्थिति अत्यंत खराब मिलने पर नाराजगी जताई। संभागीय खाद्य नियंत्रक को बलिया भ्रमण कर तत्काल प्रगति में अपेक्षित सुधार लाने का निर्देश दिया। उन्होंने खरीद के सापेक्ष भुगतान की स्थिति की समीक्षा में पाया कि गत 30 नवंबर तक आजमगढ़ में 12049 एमटी के सापेक्ष 10701 एमटी, मऊ में 6165 एमटी खरीद के सापेक्ष 5064 एमटी और बलिया में इसी अवधि में 7573 एमटी खरीद के सापेक्ष भुगतान की स्थिति काफी अच्छी पाई। उन्होंने आजमगढ़ एवं मऊ में भुगतान कम होने के कारणों की समीक्षा कर भुगतान में तेजी लाने का निर्देश दिया। मिलों के संबद्घीकरण में पाया कि आजमगढ़ में 11 मिलें हैं जिसमें छह मिलों पर ही अब तक धान पहुंच सका है। इसमें बताया गया कि कुछ मिलरों से बैंक गारंटी प्राप्त नहीं हुई है। मिलों के संबद्धीकरण की प्रक्रिया विलंब से शुरू की गई है। मंडलायुक्त ने इसे आजमगढ़ के डिप्टी एफएमओ की लापरवाही मानते हुए नाराजगी व्यक्त किया तथा प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई कराने का निर्देश दिया। उन्होंने जनपद मऊ में पीसीएफ का सबसे अधिक भुगतान अवशेष मिलने पर आरएफएमओ को निर्देशित किया कि तत्काल मऊ का भ्रमण करें तथा भुगतान में जो भी समस्याएं आ रही हैं उसका निराकरण करते हुए भुगतान की कार्रवाई कराएं। बैठक में बोरों की उपलब्धता के साथ ही अन्य सभी बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई तथा जनपदों में लक्ष्य के सापेक्ष धान की खरीद के लिए मंडलायुक्त ने आवश्यक दिशा निर्देश दिया। इस मौके पर संभागीय खाद्य नियंत्रक राजेश कुमार, संभागीय खाद्य विपणन अधिकारी राजेश कुमार उपाध्याय, आजमगढ़ एवं मऊ के एडीएम वित्त एवं राजस्व जीपी गुप्ता एवं केहरी सिंह आदि उपस्थित थे।
विज्ञापन