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धान क्रय नीति को निरस्त करने की मांग
ब्यूरो/अमर उजाला, आजमगढ़
Updated Mon, 09 Nov 2015 12:16 AM IST
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धान क्रय नीति 2015-16 के प्रस्तर 14.6 को निरस्त करने की मांग को लेकर उत्तर प्रदेश फूड सिविल इंस्पेक्टर और आफिसर्स एसोसिएशन की बैठक रविवार को नगर के एक होटल में हुई।
एसोसएशन के अमित उपाध्याय ने कहा कि खरीद विपणन वर्ष 2015-16 के लिए जारी क्रय नीति के प्रस्तर 14.6 में दी गई व्यवस्थानुसार खाद्य कार्मिकों को साजिशन धान क्रय कार्य से विरत किया गया है।
क्रय नीति के प्रस्तर 14.6 का भयानक परिणाम तब सामने आएगा जब मिलर इसका सहारा लेकर न्यायालय में अपना पक्ष रखेंगे और यह कहेंगे कि जब स्वयं विभाग ही धान क्रय करने वाले खाद्य कार्मिकों को दोषी मान रहा है
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तो बकाया सीएमआर की वसूली मिलर से उचित नहीं। लालबहादुर गुप्ता, नरसिंह प्रसाद सिंह, विनय कुमार दुबे आदि उपस्थित थे।
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एसोसएशन के अमित उपाध्याय ने कहा कि खरीद विपणन वर्ष 2015-16 के लिए जारी क्रय नीति के प्रस्तर 14.6 में दी गई व्यवस्थानुसार खाद्य कार्मिकों को साजिशन धान क्रय कार्य से विरत किया गया है।
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क्रय नीति के प्रस्तर 14.6 का भयानक परिणाम तब सामने आएगा जब मिलर इसका सहारा लेकर न्यायालय में अपना पक्ष रखेंगे और यह कहेंगे कि जब स्वयं विभाग ही धान क्रय करने वाले खाद्य कार्मिकों को दोषी मान रहा है
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तो बकाया सीएमआर की वसूली मिलर से उचित नहीं। लालबहादुर गुप्ता, नरसिंह प्रसाद सिंह, विनय कुमार दुबे आदि उपस्थित थे।