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Azamgarh News: अब बोर्ड परीक्षा में नहीं चलेगा मेडिकल का बहाना, शिक्षकों को लेनी होगी CMO की की स्वीकृति
Sun, 25 Dec 2022 07:15 AM IST
वाराणसी ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 25 Dec 2022 07:15 AM IST
सार
बोर्ड परीक्षा की ड्यूटी से बचने के लिए कुछ शिक्षक, कर्मचारी और केंद्र व्यवस्थापक अस्वस्थता का प्रमाण पत्र प्रस्तुत कर चिकित्सकीय अवकाश पर चले जाते हैं, जिससे विभाग को परीक्षा कराने में परेशानी होती है और केंद्रों पर केंद्र व्यवस्थापकों व कक्ष निरीक्षकों की नियुक्ति में कठिनाई का सामना करना पड़ता है।
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यूपी बोर्ड परीक्षा 2023
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विस्तार
यूपी बोर्ड परीक्षा में शिक्षकों और केंद्र व्यवस्थापकों का मेडिकल पर अवकाश का बहाना नहीं चलेगा। मेडिकल के लिए आवेदन करने पर उनका परीक्षण कराया जाएगा। सीएमओ की संस्तुति और प्रमाणपत्र के आधार पर ही अवकाश की स्वीकृति मिलेगी। माध्यमिक शिक्षा परिषद ने इस बाबत दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।
बोर्ड परीक्षा की ड्यूटी से बचने के लिए कुछ शिक्षक, कर्मचारी और केंद्र व्यवस्थापक अस्वस्थता का प्रमाण पत्र प्रस्तुत कर चिकित्सकीय अवकाश पर चले जाते हैं, जिससे विभाग को परीक्षा कराने में परेशानी होती है और केंद्रों पर केंद्र व्यवस्थापकों व कक्ष निरीक्षकों की नियुक्ति में कठिनाई का सामना करना पड़ता है।
परीक्षा का सफल संचालन कराने के लिए परीक्षा से पूर्व चिकित्सीय अवकाश के लिए आवेदन करने वाले शिक्षक व केंद्र व्यवस्थापकों का मुख्य चिकित्साधिकारी से परीक्षण कराया जाएगा। सीएमओ की संस्तुति और उनके द्वारा जारी प्रमाण पत्र के आधार पर ही शिक्षकों का अवकाश स्वीकृत किया जाएगा।
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परिषद ने जिला विद्यालय निरीक्षक को शिक्षकों के चिकित्सीय अवकाश स्वीकृत करने से पूर्व सीएमओ से संस्तुति कराने के निर्देश दिए हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक उमेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि परीक्षा से पूर्व किसी भी शिक्षक या केंद्र व्यवस्थापक को सीएमओ की संस्तुति के बिना अवकाश स्वीकृत नहीं किया जाएगा।
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बोर्ड परीक्षा की ड्यूटी से बचने के लिए कुछ शिक्षक, कर्मचारी और केंद्र व्यवस्थापक अस्वस्थता का प्रमाण पत्र प्रस्तुत कर चिकित्सकीय अवकाश पर चले जाते हैं, जिससे विभाग को परीक्षा कराने में परेशानी होती है और केंद्रों पर केंद्र व्यवस्थापकों व कक्ष निरीक्षकों की नियुक्ति में कठिनाई का सामना करना पड़ता है।
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परीक्षा का सफल संचालन कराने के लिए परीक्षा से पूर्व चिकित्सीय अवकाश के लिए आवेदन करने वाले शिक्षक व केंद्र व्यवस्थापकों का मुख्य चिकित्साधिकारी से परीक्षण कराया जाएगा। सीएमओ की संस्तुति और उनके द्वारा जारी प्रमाण पत्र के आधार पर ही शिक्षकों का अवकाश स्वीकृत किया जाएगा।
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परिषद ने जिला विद्यालय निरीक्षक को शिक्षकों के चिकित्सीय अवकाश स्वीकृत करने से पूर्व सीएमओ से संस्तुति कराने के निर्देश दिए हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक उमेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि परीक्षा से पूर्व किसी भी शिक्षक या केंद्र व्यवस्थापक को सीएमओ की संस्तुति के बिना अवकाश स्वीकृत नहीं किया जाएगा।