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लाइफ लाइन हॉस्पिटल अब कोविड-19 अस्पताल
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आजमगढ़। तेजी से बढ़ते कोरोना संक्रमण व सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था नाकाफी साबित होने पर अब प्राइवेट अस्पतालों को भी अधिग्रहित करने की कवायद शुरू हो गई है। लाइफ लाइन हॉस्पिटल को जिला प्रशासन ने बतौर कोविड-19 अस्पताल अधिग्रहित कर लिया गया है और वहां वर्तमान में भर्ती मरीजों को दो से तीन दिनों में अन्यत्र अस्पतालों में स्थानांतरित करने का आदेश स्वास्थ्य महकमे ने अस्पताल प्रशासन को दिया है।
कोरोना संक्रमण पर लगाम लगाने की सारी कवायद फिलहाल फेल ही साबित हो रही है। प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में कोरोना मरीज सामने आ रहे है। कोरोना गंभीर मरीजों के इलाज के लिए वर्तमान में मात्र दो अस्पताल राजकीय मेडिकल कालेज व 100 शैय्या अस्पताल अतरौलिया ही चिन्हित है। मरीजों की संख्या ज्यादा होने के चलते बेडो की किल्लत उत्पन्न हो गई है। जिसे देखते हुए शासन ने अब प्राइवेट अस्पतालों को भी बतौर कोविड अस्पताल के रुप में चिन्हित कर अधिग्रहित करने का निर्देश जारी किया है। जिसके तहत जिले में कवायद शुरू हो गई है और पहले प्राइवेट अस्पताल के रुप में लाइफ लाइन हॉस्पिटल को जिला प्रशासन ने अधिग्रहित किया है।
सीएमओ की तरफ से लाइफ लाइन अस्पताल प्रशासन को पत्र जारी कर दिया गया है और दो से तीन दिनों में अस्पताल में भर्ती अपने मरीजों को अन्यत्र अस्पतालों में स्थानांतरित करने का निर्देश दिया है। कुछ और प्राइवेट अस्पताल में एक से दो दिनों में कोविड-19 अस्पताल के रुप में अधिग्रहित कर लिए जाएगे। जिसकी कवायद भी जोरशोर से चल रही है।
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सीएमओ डॉ. एके मिश्रा ने बताया कि कोरोना के बढ़ते मरीजों को देखते हुए अतिरिक्त व्यवस्था के तहत प्राइवेट अस्पतालों को कोविड अस्पताल के रुप में अधिग्रहित करने का शासन से आदेश आया हुआ है। इसके तहत लाइफ लाइन को अधिग्रहित कर लिया गया है और दो से तीन दिन में वहां भर्ती मरीजों को अन्यत्र स्थानांतरित करने का निर्देश दिया गया है। कुछ और प्राइवेट अस्पताल भी कोविड-19 अस्पताल के रुप में चिन्हित किए जा रहे है। ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।
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कोरोना संक्रमण पर लगाम लगाने की सारी कवायद फिलहाल फेल ही साबित हो रही है। प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में कोरोना मरीज सामने आ रहे है। कोरोना गंभीर मरीजों के इलाज के लिए वर्तमान में मात्र दो अस्पताल राजकीय मेडिकल कालेज व 100 शैय्या अस्पताल अतरौलिया ही चिन्हित है। मरीजों की संख्या ज्यादा होने के चलते बेडो की किल्लत उत्पन्न हो गई है। जिसे देखते हुए शासन ने अब प्राइवेट अस्पतालों को भी बतौर कोविड अस्पताल के रुप में चिन्हित कर अधिग्रहित करने का निर्देश जारी किया है। जिसके तहत जिले में कवायद शुरू हो गई है और पहले प्राइवेट अस्पताल के रुप में लाइफ लाइन हॉस्पिटल को जिला प्रशासन ने अधिग्रहित किया है।
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सीएमओ की तरफ से लाइफ लाइन अस्पताल प्रशासन को पत्र जारी कर दिया गया है और दो से तीन दिनों में अस्पताल में भर्ती अपने मरीजों को अन्यत्र अस्पतालों में स्थानांतरित करने का निर्देश दिया है। कुछ और प्राइवेट अस्पताल में एक से दो दिनों में कोविड-19 अस्पताल के रुप में अधिग्रहित कर लिए जाएगे। जिसकी कवायद भी जोरशोर से चल रही है।
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सीएमओ डॉ. एके मिश्रा ने बताया कि कोरोना के बढ़ते मरीजों को देखते हुए अतिरिक्त व्यवस्था के तहत प्राइवेट अस्पतालों को कोविड अस्पताल के रुप में अधिग्रहित करने का शासन से आदेश आया हुआ है। इसके तहत लाइफ लाइन को अधिग्रहित कर लिया गया है और दो से तीन दिन में वहां भर्ती मरीजों को अन्यत्र स्थानांतरित करने का निर्देश दिया गया है। कुछ और प्राइवेट अस्पताल भी कोविड-19 अस्पताल के रुप में चिन्हित किए जा रहे है। ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।