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UP: 'जच्चा-बच्चा की लाश फेंक भागे अस्पताल कर्मी', परिजनों ने लगाया आरोप, DM ऑफिस पहुंचे; मांगा न्याय

Sat, 21 Jun 2025 08:22 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़। Published by: अमन विश्वकर्मा Updated Sat, 21 Jun 2025 08:22 PM IST
सार

परिजनों ने आरोप लगाया कि अस्पताल प्रशासन ने शव को बाहर सड़क पर रखकर गेट बंद कर दिया। डॉक्टर और स्टाफ मौके से भाग हो गए। इसे लेकर परिजन शनिवार को डीएम कार्यालय पहुंचे और कार्रवाई की मांग पर अड़ गए।

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Hospital staff ran away throwing dead bodies of mother and child family members made allegation
डीएम ऑफिस पर पहुंचे नाराज परिजन। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

Azamgarh News: आजमगढ़ के बिलरियागंज थाना क्षेत्र स्थित शहाबुद्दीनपुर के पास स्थित एक अस्पताल में इलाज के नाम पर एक परिवार के साथ कथित तौर पर बड़ी लापरवाही और अमानवीय व्यवहार किए जाने का मामला सामने आया। आरोप है कि अस्पताल में भर्ती प्रसूता का ऑपरेशन नहीं किया गया और इलाज में घोर लापरवाही के कारण नवजात की मौत हो गई। कुछ घंटों बाद प्रसूता की भी मृत्यु हो गई। 

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अंबेडकर नगर के जहांगीरगंज थाना क्षेत्र के मसूरगंज निवासी गुड्डी देवी पत्नी स्व. दिनेश गुप्ता वर्तमान समय में आजमगढ़ के कप्तानगंज थाना क्षेत्र के चेवता में रहती हैं। उन्होंने बताया कि वह 19 जून को अपनी पुत्रवधू प्रिया गुप्ता पत्नी शुभम गुप्ता को डिलीवरी के लिए बिलरियागंज थाना क्षेत्र के शहाबुद्दीनपुर में स्थित एक अस्पताल में ले गई थीं। 
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उन्होंने बताया कि 20 जून को हॉस्पिटल प्रशासन द्वारा ऑपरेशन कराने के नाम पर 50,000 जमा कराए गए, लेकिन ऑपरेशन नहीं किया गया। परिजनों को यह तक नहीं बताया गया कि कौन डॉक्टर इलाज कर रहा है या किस तरह का इलाज चल रहा है।
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जब परिजनों को स्टाफ की लापरवाही का अंदेशा हुआ और जानकारी लेने काउंटर पर पहुंचे, तो वहां मौजूद कर्मचारियों ने दुर्व्यवहार करते हुए उन्हें बाहर कर दिया। कुछ घंटों बाद नवजात शिशु की मृत्यु की सूचना देकर शव सौंप दिया गया, जिसे परिवार ने गमगीन माहौल में दफनाया। परिजन जब तक लौटे, तब तक पुत्रवधू प्रिया गुप्ता की भी मौत हो चुकी थी।

परिजनों में मचा कोहराम

सबसे शर्मनाक बात यह रही कि महिला का शव अस्पताल स्टाफ ने रोड पर रख दिया और अस्पताल के दरवाजे बंद कर संचालक व स्टाफ मौके से फरार हो गए। परिजनों ने मामले की गंभीर जांच की मांग करते हुए दोषी डॉक्टर व अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। 

गुड्डी देवी ने जिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन अपर जिलाधिकारी व एसडीएम सदर को सौंपकर न्याय की गुहार लगाई। पीड़िता गुड्डी देवी ने प्रशासन से अपील की है कि इस दर्दनाक और लापरवाही भरे कृत्य की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषी डॉक्टर और अस्पताल स्टाफ के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, जिससे भविष्य में किसी और के साथ ऐसी घटना न हो। 

अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व गंभीर सिंह और एसडीएम सदर नरेंद्र कुमार गंगवार ने परिजनों को आश्वासन दिया कि मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी। गुड्डी देवी के साथ करीब 50 की संख्या में लोग डीएम कार्यालय पर जुमे रहे।

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