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रोडवेज कर्मचारियों का उत्पीड़न किसी दशा में बर्दाश्त नहीं : दुर्गेश नंदन
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आजमगढ़। उत्तर प्रदेश रोडवेज कर्मचारी संघ के बैनर तले सैकड़ों कर्मचारियों ने 14 सूत्री मांगों को लेकर बृहस्पतिवार को क्षेत्रीय प्रबंधक कार्यालय के समक्ष विरोध-प्रदर्शन किया। इस दौरान क्षेत्रीय मंत्री दुर्गेश नंदन सिंह ने कहा कि कर्मचारियों का उत्पीड़न किसी दशा में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कर्मचारियों ने जमकर नारेबाजी की। साथ ही मांग पूरी न होने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीयकृत मार्ग एवं नवसृजित एक्सप्रेस वे मार्ग आंध्र प्रदेश की भांति शत प्रतिशत राष्ट्रीयकृत किया जाए ओर उस पर परिवहन निगम की बसों को चलाने की छूट दी जाए। परिवहन निगम के 52 सीटर गाड़ियों का टैक्स लगभग 22 हजार रुपये हैं। वहीं प्राइवेट बस आपरेटर का टैक्स मात्र छह हजार रुपये हैं। इस टैक्स की समानता की जाए। साथ ही परिवहन निगम में डीजल के दामों में हुई 42 प्रतिशत की वृद्धि पर समय से किराया वृद्धि न होने पर हुई हानि को दृष्टिगत रख प्रदेश सरकार के द्वारा आर्थिक अनुदान व टैक्स में पांच वर्षों तक छूट दी जाए। संविदा कर्मियों की परिवहन निगम में सामाजिक सुरक्षा एवं वेतन निर्धारण के लिए नियमावली बनाई जाए। कोरोना काल में परिवहन निगम को जो कर्मचारी मृतक हुए तथा उसके पूर्व व बाद में दुर्घटनाओं में व अन्य कारणों से मृतक हुए कार्मिकों के आश्रितों को तत्काल नियमित नियुक्ति प्रदान की जाए जाने सहित कुल 14 सूत्री मांग उठाई। कहा कि यदि आठ नवंबर तक मांगे नहीं मांगी गई तो परिवहन निगम मुख्यालय को घेरने का कार्य किया जाएगा l इस दौरान भारत माता की जय और वंदे मातरम के नारों से पूरा परिसर गूंज उठा l धरने की अध्यक्षता प्रवेश सिंह व संचालन क्षेत्रीय मंत्री दुर्गेश नंदन सिंह ने की। इस अवसर पर प्रवीण पांडेय, जीशान अहमद, दिलीप तिवारी, दयानन्द सहित सैकड़ों की संख्या मे कर्मचारी उपस्थित रहे।
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उन्होंने कहा कि राष्ट्रीयकृत मार्ग एवं नवसृजित एक्सप्रेस वे मार्ग आंध्र प्रदेश की भांति शत प्रतिशत राष्ट्रीयकृत किया जाए ओर उस पर परिवहन निगम की बसों को चलाने की छूट दी जाए। परिवहन निगम के 52 सीटर गाड़ियों का टैक्स लगभग 22 हजार रुपये हैं। वहीं प्राइवेट बस आपरेटर का टैक्स मात्र छह हजार रुपये हैं। इस टैक्स की समानता की जाए। साथ ही परिवहन निगम में डीजल के दामों में हुई 42 प्रतिशत की वृद्धि पर समय से किराया वृद्धि न होने पर हुई हानि को दृष्टिगत रख प्रदेश सरकार के द्वारा आर्थिक अनुदान व टैक्स में पांच वर्षों तक छूट दी जाए। संविदा कर्मियों की परिवहन निगम में सामाजिक सुरक्षा एवं वेतन निर्धारण के लिए नियमावली बनाई जाए। कोरोना काल में परिवहन निगम को जो कर्मचारी मृतक हुए तथा उसके पूर्व व बाद में दुर्घटनाओं में व अन्य कारणों से मृतक हुए कार्मिकों के आश्रितों को तत्काल नियमित नियुक्ति प्रदान की जाए जाने सहित कुल 14 सूत्री मांग उठाई। कहा कि यदि आठ नवंबर तक मांगे नहीं मांगी गई तो परिवहन निगम मुख्यालय को घेरने का कार्य किया जाएगा l इस दौरान भारत माता की जय और वंदे मातरम के नारों से पूरा परिसर गूंज उठा l धरने की अध्यक्षता प्रवेश सिंह व संचालन क्षेत्रीय मंत्री दुर्गेश नंदन सिंह ने की। इस अवसर पर प्रवीण पांडेय, जीशान अहमद, दिलीप तिवारी, दयानन्द सहित सैकड़ों की संख्या मे कर्मचारी उपस्थित रहे।
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