फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Azamgarh News ›   Government to take care of Dalit girl's treatment

दलित युवती के इलाज का खर्च उठाएगी सरकार

Wed, 09 May 2018 11:27 PM IST
Azamgrah
Azamgrah Updated Wed, 09 May 2018 11:27 PM IST
विज्ञापन
Government to take care of Dalit girl's treatment
girl rape
निजामाबाद थाना क्षेत्र के एक गांव में सोमवार की शाम छेडख़ानी के विरोध करने पर दूसरे समुदाय के युवक द्वारा दलित युवती के ऊपर मिट्टी का तेल छिड़कर आग लगा देने से झुलसी युवती का वाराणसी के वीएचयू में इलाज चल रहा। घटना के तीसरे दिन बुधवार की शाम तक उसकी हालत गंभीर बनी हुई थी।
विज्ञापन


उधर घटना के तीसरे दिन पूरे मामले की जांच करने पहुंचे पूर्व डीजीपी और एसटी एससी आयोग के अध्यक्ष बृजलाल ने कहा कि युवती के इलाज का पूरा खर्च सरकार उठाएगी। उन्होंने डीएम से आर्थिक मदद, जमीन और सरकारी सुविधाओं का लाभ देने का भी निर्देश दिया।  
विज्ञापन



उन्होंने कहा कि हमारी सरकार हमेशा दलितों के हित में काम की है। घटना के जांच के विषय में डीएम से कहा कि एक अलग से जांच टीम बनाई जाए। जिसमें हर वर्ग के अधिकारियों को शामिल किया जाए। ताकि वे लोग अपने-अपने स्तर से जांच कर पूरी रिपोर्ट प्रस्तुत कर सकें। बृजलाल ने कहा कि किसी भी दशा में दलितों का उत्पीडन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जो भी दलितों का उत्पीडन करेगा। उसके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


एसटी एससी आयोग के अध्यक्ष ने कहा कि यदि जिस किसी भी दलित के साथ अन्याय या अत्याचार हो रहा। वह इसकी शिकायत संबंधित तहसील के तहसीलदार, एसडीएम, थाने पर शिकायत करें, सुनवाई न होने पर डीएम या एसपी से मिले। यहां से भी न्याय न मिले तो मेरे समक्ष उपस्थित होकर शिकायत करें।


मामले की जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। इस अवसर पर मौजूद डीएम शिवाकांत द्विवेदी ने बताया कि पीड़िता की मां के खाते में मिलने वाली राशि का आधा हिस्सा 4.80 लाख रुपये के करीब गुरुवार को पीड़िता के मां के खाते में भेजवा दी जाएगी। गांव के सरकारी जमीन का उन्हें पट्टा दिया जाएगा। इसके अलावा प्रधानमंत्री आवास, शौचालय आदि सरकारी सुविधाओं का लाभ भी दिया जाएगा। डीएम ने पीड़ित परिवार को हर संभव सरकारी सुविधाएं उपलब्ध कराने का भरोसा दिया।


बता दें कि तीन दिन पूर्व सोमवार की शाम को निजामाबाद थाना क्षेत्र के एक गांव की दलित युवती घर में मौजूद थी। तभी गांव का दूसरे समुदाय का युवक मो. सफी घर में घुस गया और छेडख़ानी करने लगा। विरोध करने पर आरोपी ने युवती की मोबाइल और सिम कार्ड तोड़ दिया। उसके ऊपर मिट्टी का तेल छिड़कर आग लगा दिया। गंभीर रुप से झुलसी युवती का वाराणसी के वीएचयू में इलाज चल रहा। जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।

इसी मामले में घटना के तीसरे दिन बुधवार को एसटी एसटी आयोग के अध्यक्ष एवं पूर्व डीजीपी बृजलाल पीड़िता के घर पहुंचे। उनके साथ भाजपा सांसद नीलम सोनकर, डीआईजी विजय भूषण, डीएम शिवाकांत द्विवेदी, एसपी रवि कुमार छवि, अखिलेश मिश्रा गुड्डू, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रेम प्रकाश राय, कृष्ण मुरारी विश्वकर्मा आदि लोग मौजूद रहे।  


खुदादादपुर हिंसा की दोबारा होगी जांच
फरिहां। पांच रुपये आटोरिक्शा भाड़ा को लेकर पांच मई 2016 को निजामाबाद थाना क्षेत्र के खुदादादपुर सहित आसपास के क्षेत्रों में हुई सांप्रदायिक हिंसा और दूसरे समुदाय के लोगों द्वारा गांव के नौ दलितों का घर जलाए जाने के मामले में कार्रवाई को दबा दिया गया। जिसका फायदा उठाते हुए तमाम आरोपी अभी भी घूम रहे हैं।



कानून के भय से वेखौफ आरोपी पुन: इस तरह की घटना को अंजाम देते हुए दलित उत्पीडन कर रहे हैं। इन बातों को ध्यान में रखते हुए एसटी एससी आयोग के अध्यक्ष बृजलाल ने कहा कि इस मामले की फाइल दोबारा खोलने का निर्देश दिया गया है। एक विशेष जांच टीम बनाकर जांच रिपोर्ट मांगी गई है। ताकि जिन दोषियों के विरुद्ध अभी तक कार्रवाई नहीं हो सकी है, या फिर वे लोग बच गए हैं। उनके विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई की जा सके।  
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed