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बिजली न पानी, सांसत में जिंदगी
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कोल घाट में जलभराव।-प्लान खबर की फोटो
- फोटो : AZAMGARH
आजमगढ़। दस दिनों से पानी से घिरे कोलबाजबहादुर गांव में विद्युत आपूर्ति बाधित है। गांव में घुसते ही चारों ओर से जेनरेटर की आवाज गूंजती है। लोग अपने दैनिक कार्यों को जेनरेटर चलाकर निपटाते नजर आ रहे हैं। लोग गर्मी से आजिज आ चुके हैं। वहीं पीने के पानी को लेकर परेशान हैं। घरों में दूषित पानी आ रहा है। ऐसे में सबमर्सिबल का पानी पीने लायक रह गया है।
एक तरफ जहां एक तबका अपनी जरूरतों को पूर्ति जेनरेटर का सहारा ले रहा है वहीं दूसरी तरफ निचले तबके के लोगों को कठिनाईयों का सामना करना पड़ा रहा है। रोज कमाने खाने वाले परिवार खाने-पीने को तरस जा रहे हैं। उनके भू-तल के घरों में कमर से ज्यादा पानी घुस चुका है। किसी तरह लोग छत पर पालीथिन आदि का सहारा लेकर जीवन बसर कर रहे हैं। बहुतेरे लोगों ने जलमग्न अपने मुहल्ले केे छोड़कर अन्य स्थानों पर शरण लिए हुए हैं लेकिन उन्हें अब अपने घरों में रखे हुए सामनों की चिंता सता रही है। आधे शहर के मुहल्लों के नाली का पानी इसी गांव से होता हुआ तमसा में गिरता है। बीते बृहस्पतिवार को भारी बारिश के बाद से ही रेगुलेटर बंद कर दिया गया था, जिसके कारण शहर के सीवर के पानी की निकासी तमसा में नहीं हो पा रही है। यह पानी निचले इलाकों में रुका पड़ा है, प्रशासन पंपों के माध्यम से पानी को किसी तरह तमसा में गिरवा रहा है लेकिन इस कवायद से लोगों की मुसीबतें कम होती नजर नहीं आ रही हैं। लोगों का जीवन आज भी नारकीय बना हुआ है।
एसडीएम ने लिया जलनिकासी का जायजा
आजमगढ़। एसडीएम सदर ने रविवार को बागेश्वर नगर स्थित रेगुलेटर का निरीक्षण किया। वहां पर लगे पंपों के जरिये जलनिकासी की व्यवस्था को भी देखा। जैसे ही एसडीएम सदर बागेश्वर नगर स्थित रेगुलेटर का जायजा लेने पहुंचे तो आसपास के लोग भी जुट गए। लोगों ने उन्हें अपनी समस्याओं से अवगत कराया।
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एक तरफ जहां एक तबका अपनी जरूरतों को पूर्ति जेनरेटर का सहारा ले रहा है वहीं दूसरी तरफ निचले तबके के लोगों को कठिनाईयों का सामना करना पड़ा रहा है। रोज कमाने खाने वाले परिवार खाने-पीने को तरस जा रहे हैं। उनके भू-तल के घरों में कमर से ज्यादा पानी घुस चुका है। किसी तरह लोग छत पर पालीथिन आदि का सहारा लेकर जीवन बसर कर रहे हैं। बहुतेरे लोगों ने जलमग्न अपने मुहल्ले केे छोड़कर अन्य स्थानों पर शरण लिए हुए हैं लेकिन उन्हें अब अपने घरों में रखे हुए सामनों की चिंता सता रही है। आधे शहर के मुहल्लों के नाली का पानी इसी गांव से होता हुआ तमसा में गिरता है। बीते बृहस्पतिवार को भारी बारिश के बाद से ही रेगुलेटर बंद कर दिया गया था, जिसके कारण शहर के सीवर के पानी की निकासी तमसा में नहीं हो पा रही है। यह पानी निचले इलाकों में रुका पड़ा है, प्रशासन पंपों के माध्यम से पानी को किसी तरह तमसा में गिरवा रहा है लेकिन इस कवायद से लोगों की मुसीबतें कम होती नजर नहीं आ रही हैं। लोगों का जीवन आज भी नारकीय बना हुआ है।
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एसडीएम ने लिया जलनिकासी का जायजा
आजमगढ़। एसडीएम सदर ने रविवार को बागेश्वर नगर स्थित रेगुलेटर का निरीक्षण किया। वहां पर लगे पंपों के जरिये जलनिकासी की व्यवस्था को भी देखा। जैसे ही एसडीएम सदर बागेश्वर नगर स्थित रेगुलेटर का जायजा लेने पहुंचे तो आसपास के लोग भी जुट गए। लोगों ने उन्हें अपनी समस्याओं से अवगत कराया।
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