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वित्तविहीन शिक्षकों को वेतन के लिए धरना
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आजमगढ़। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर शिक्षकों ने वित्तविहीन शिक्षकों के वेतन देने और पुरानी पेंशन की बहाली आदि मांगों के समर्थन में बुधवार को जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पर धरना दिया। धरने की समाप्ति पर डीआईओएस को 18 सूत्री मांगपत्र सौंपा।
धरने को संबोधित करते हुए प्रदेश महामंत्री इंद्रासन सिंह ने कहा कि नई पेंशन योजना शिक्षक को वृद्धावस्था में जीवन-यापन करने योग्य नहीं है। नई पेंशन योजना को समाप्त कर पुरानी पेंशन को लागू किया जाना चाहिए। वित्तविहीन शिक्षकों को समान कार्य के लिए समान वेतन दिया जाए। प्रदेश आय-व्यय निरीक्षक ध्रुवमित्र शास्त्री, ने कहा कि नई पेंशन योजना से सरकारी खजाने पर बोझ के साथ-साथ शिक्षकों के हित में नहीं है। इस लिए पुरानी पेंशन को शीघ्र बहाल किया जाए। दिवाकर तिवारी ने कहा कि शिक्षक समुदाय की चिकित्सीय सुविधा बहाल की जानी चाहिए। शिक्षक महासंघ के अध्यक्ष अवधेश त्रिपाठी ने कहा कि शिक्षक राष्ट्र निर्माता होता है। उसका बार-बार धरना देना इस बात का द्योतक होता है कि सरकार शिक्षक समाज के प्रति उदासीन है। जिलाध्यक्ष बृजेश राय ने कहा कि सरकार माध्यमिक विद्यालय में शिक्षकों के स्थानांतरण नीति का सरलीकरण करे। जिलामंत्री विजय कुमार सिंह ने कहा कि सरकार ने यदि मांगों को समय से पूरा नहीं किया तो शिक्षक समुदाय आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। धरने के अंत में मुख्यमंत्री को संबोधित 18 सूत्रीय मांग पत्र जिला विद्यालय निरीक्षक को सौंपा। धरने में परशुराम यादव, कमलेश राय, मुन्नू यादव, डा.वीरेंद्र कुमार मौर्य, आनंद यादव, सुरेंद्र प्रताप राय, प्रभाकर राय, प्रभुनाथ मिश्रा, गोपाल गुप्ता सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।
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धरने को संबोधित करते हुए प्रदेश महामंत्री इंद्रासन सिंह ने कहा कि नई पेंशन योजना शिक्षक को वृद्धावस्था में जीवन-यापन करने योग्य नहीं है। नई पेंशन योजना को समाप्त कर पुरानी पेंशन को लागू किया जाना चाहिए। वित्तविहीन शिक्षकों को समान कार्य के लिए समान वेतन दिया जाए। प्रदेश आय-व्यय निरीक्षक ध्रुवमित्र शास्त्री, ने कहा कि नई पेंशन योजना से सरकारी खजाने पर बोझ के साथ-साथ शिक्षकों के हित में नहीं है। इस लिए पुरानी पेंशन को शीघ्र बहाल किया जाए। दिवाकर तिवारी ने कहा कि शिक्षक समुदाय की चिकित्सीय सुविधा बहाल की जानी चाहिए। शिक्षक महासंघ के अध्यक्ष अवधेश त्रिपाठी ने कहा कि शिक्षक राष्ट्र निर्माता होता है। उसका बार-बार धरना देना इस बात का द्योतक होता है कि सरकार शिक्षक समाज के प्रति उदासीन है। जिलाध्यक्ष बृजेश राय ने कहा कि सरकार माध्यमिक विद्यालय में शिक्षकों के स्थानांतरण नीति का सरलीकरण करे। जिलामंत्री विजय कुमार सिंह ने कहा कि सरकार ने यदि मांगों को समय से पूरा नहीं किया तो शिक्षक समुदाय आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। धरने के अंत में मुख्यमंत्री को संबोधित 18 सूत्रीय मांग पत्र जिला विद्यालय निरीक्षक को सौंपा। धरने में परशुराम यादव, कमलेश राय, मुन्नू यादव, डा.वीरेंद्र कुमार मौर्य, आनंद यादव, सुरेंद्र प्रताप राय, प्रभाकर राय, प्रभुनाथ मिश्रा, गोपाल गुप्ता सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।
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