{"_id":"57dc3d484f1c1bf422d47308","slug":"kotedar-cases-on","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोटेदार पर केस दर्ज ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
कोटेदार पर केस दर्ज
azamgarh
Updated Sat, 17 Sep 2016 12:13 AM IST
विज्ञापन
कोटेदार को हटाने की मांग को लेकर प्रदर्शन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरकार की तरफ से गरीबों को प्रतिमाह सस्ते दर पर दिए जाने वाले खाद्यान्न और चीनी कोटेदार ब्लैक कर दे रहे हैं। जहानागंज थाना क्षेत्र के खुदवल गांव में पूर्ति निरीक्षण द्वारा पकड़ी गई इस तरह की धांधली के बाद कोटेदार के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई गई। जिसमें आरोप है कि कोटेदार ने ग्रामीणों का 43 क्विंटल गेहूं, चावल और चीनी उन्हें देने की बजाय बेच दिया। केस दर्ज होने के बाद डीएसओ ने कोटेदार से पंद्रह दिन के भीतर जवाब मांगा है। इसके बाद कोटे का लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा।
जहानागंज थाना क्षेत्र के खुदवल गांव में सरकारी सस्ते गल्ले की दूकान गांव के कैलाश के पास है। पूर्ति निरीक्षक जहानागंज विजय साहनी ने बताया कि कैलाश ने नौ सितंबर को मुख्य गोदाम से 41.16 क्विंटल गेहूं, चावल और 2.1 क्विंटल चीनी कार्ड धारकों में वितरण करने के लिए उठाया। लेकिन सारा माल गांव में बांटने की बजाय उसकी कालाबाजारी कर दिया। राशन न मिलने पर गांव के कोटेदारों ने इसकी शिकायत जिलापूर्ति अधिकारी से की तो उन्होंने पूर्ति निरीक्षक विजय साहनी को मामले की जांच सौंपी। पूर्ति निरीक्षक की जांच में सच उजागर होने पर गुुरुवार को उन्होंने कोटेदार के विरुद्ध जहानागंज थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
थानाध्यक्ष जहानागंज बीबी सिंह ने बताया कि घटना की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। उधर कोटेदार कैलाश राम ने बताया कि पूर्ति निरीक्षक द्वारा दर्ज कराई गई रिपोर्ट झूठी है। जिन राशन को बेचने की बात की जा रही है। वह सब उसके पास मौजूद है। जिलापूर्ति अधिकारी गौरीशंकर शुक्ला ने बताया कि खुदवल गांव के कोटेदार से पंद्रह दिन के भीतर जवाब मांगा गया है। उनका जवाब आने के बाद कोटे का लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी। बताया कि कार्ड धारकों द्वारा अक्सर राशन वितरण में कोटेदारों द्वारा धांधली किए जाने की शिकायतें मिल रही हैं। सभी पूर्ति निरीक्षकों को निर्देश दिया गया है कि रिकार्ड चेक कर उसकी प्रतिदिन की रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
जहानागंज थाना क्षेत्र के खुदवल गांव में सरकारी सस्ते गल्ले की दूकान गांव के कैलाश के पास है। पूर्ति निरीक्षक जहानागंज विजय साहनी ने बताया कि कैलाश ने नौ सितंबर को मुख्य गोदाम से 41.16 क्विंटल गेहूं, चावल और 2.1 क्विंटल चीनी कार्ड धारकों में वितरण करने के लिए उठाया। लेकिन सारा माल गांव में बांटने की बजाय उसकी कालाबाजारी कर दिया। राशन न मिलने पर गांव के कोटेदारों ने इसकी शिकायत जिलापूर्ति अधिकारी से की तो उन्होंने पूर्ति निरीक्षक विजय साहनी को मामले की जांच सौंपी। पूर्ति निरीक्षक की जांच में सच उजागर होने पर गुुरुवार को उन्होंने कोटेदार के विरुद्ध जहानागंज थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
विज्ञापन
थानाध्यक्ष जहानागंज बीबी सिंह ने बताया कि घटना की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। उधर कोटेदार कैलाश राम ने बताया कि पूर्ति निरीक्षक द्वारा दर्ज कराई गई रिपोर्ट झूठी है। जिन राशन को बेचने की बात की जा रही है। वह सब उसके पास मौजूद है। जिलापूर्ति अधिकारी गौरीशंकर शुक्ला ने बताया कि खुदवल गांव के कोटेदार से पंद्रह दिन के भीतर जवाब मांगा गया है। उनका जवाब आने के बाद कोटे का लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी। बताया कि कार्ड धारकों द्वारा अक्सर राशन वितरण में कोटेदारों द्वारा धांधली किए जाने की शिकायतें मिल रही हैं। सभी पूर्ति निरीक्षकों को निर्देश दिया गया है कि रिकार्ड चेक कर उसकी प्रतिदिन की रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे।
विज्ञापन