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पुलिसिया कार्रवाई से दहशत, घर छोड़ फरार है पुरूष
Updated Thu, 05 Apr 2018 12:20 AM IST
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सगड़ी। तहसील मुख्यालय पर सोमवार को एससी-एसटी एक्ट को लेकर आयोजित भारत बंद के दौरान हुए बवाल को लेकर अब भी ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है। नामजद आरोपियों की तलाश में जहां पुलिस प्रशासन जगह-जगह छापेमारी की कार्रवाई में जुटा हुआ है तो वहीं दलित बाहुल्य गांव के पुरूष सदस्य घर छोड़ कर फरार है।
दो अप्रैल को एससी-एसटी एक्ट पर न्यायालय के फैसले के खिलाफ विभिन्न संगठनों ने धरना-प्रदर्शन और आंदोलन किया था। इसी दौरान सगड़ी तहसील क्षेत्र में इन संगठनों के लोगों ने जम कर हंगामा मचाया। रोडवेज की आठ बसों में तोड़-फोड़ के साथ ही दो बसों को जला भी दिया गया था। इतना ही नहीं सगड़ी तहसील परिसर में तोडफ़ोड़ भी किया गया था। आंदोलन के दौरान पुलिस और पब्लिक में गुरिल्ला युद्ध सा देखने को मिला। मारपीट, आगजनी, तोडफ़ोड़ के मामलों में चार मुकदमें दर्ज किये गए। जिसमें पांच दर्जन से अधिक लोगों को नामजद किए जाने के साथ ही सैकड़ों अज्ञात पर मुकदमा दर्ज हुआ। देर शाम को जाकर किसी तरह मामला शांत हुआ। हंगामें के बाद अब पुलिस की कार्रवाई से पूरे क्षेत्र में दहशत व्याप्त है। खासतौर से दलित बाहुल्य गांव के पुरूष सदस्य घर छोड़ कर फरार है। वहीं पुलिस प्रशासन नामजद आरोपियों की तलाश में जगह-जगह छापेमारी की कार्रवाई कर रही है। क्षेत्र एक गांव में मंगलवार की रात एंबुलेंस किसी मरीज को लेने पहुंची तो लोगों ने सोचा पुलिस आ गई और गांव के पुरूष सदस्य घरों को छोड़ कर भाग निकले। घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई को लेकर पूरे तहसील क्षेत्र में दहशत देखने को मिल रही है।
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दो अप्रैल को एससी-एसटी एक्ट पर न्यायालय के फैसले के खिलाफ विभिन्न संगठनों ने धरना-प्रदर्शन और आंदोलन किया था। इसी दौरान सगड़ी तहसील क्षेत्र में इन संगठनों के लोगों ने जम कर हंगामा मचाया। रोडवेज की आठ बसों में तोड़-फोड़ के साथ ही दो बसों को जला भी दिया गया था। इतना ही नहीं सगड़ी तहसील परिसर में तोडफ़ोड़ भी किया गया था। आंदोलन के दौरान पुलिस और पब्लिक में गुरिल्ला युद्ध सा देखने को मिला। मारपीट, आगजनी, तोडफ़ोड़ के मामलों में चार मुकदमें दर्ज किये गए। जिसमें पांच दर्जन से अधिक लोगों को नामजद किए जाने के साथ ही सैकड़ों अज्ञात पर मुकदमा दर्ज हुआ। देर शाम को जाकर किसी तरह मामला शांत हुआ। हंगामें के बाद अब पुलिस की कार्रवाई से पूरे क्षेत्र में दहशत व्याप्त है। खासतौर से दलित बाहुल्य गांव के पुरूष सदस्य घर छोड़ कर फरार है। वहीं पुलिस प्रशासन नामजद आरोपियों की तलाश में जगह-जगह छापेमारी की कार्रवाई कर रही है। क्षेत्र एक गांव में मंगलवार की रात एंबुलेंस किसी मरीज को लेने पहुंची तो लोगों ने सोचा पुलिस आ गई और गांव के पुरूष सदस्य घरों को छोड़ कर भाग निकले। घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई को लेकर पूरे तहसील क्षेत्र में दहशत देखने को मिल रही है।
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