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सीएम से शिकायत फिर भी नही हो रही कार्रवाई
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आजमगढ़। परिषदीय विद्यालयों में सहायक अध्यापक पद पर हुई नियुक्ति में एक नया खेल सामने आया है। इसके बाद भी बेसिक शिक्षा विभाग लीपापोती में जुटा हुआ है। बिलरियागंज के भलुवाई तैनात हुई एक शिक्षिका पर तथ्य गोपन कर नौकरी पाने की शिकायत हुई है। स्थानीय स्तर पर कोई कार्रवाई न होने पर मुख्यमंत्री से शिकायत की गई है। इस पर सीएम कार्यालय ने बेसिक शिक्षा निदेशक को जांच कर कार्रवाई का निर्देश दिया है।
सर्फुद्दीनपुर निवासी प्रशांत कुमार बरनवाल पुत्र सच्चिदानंद बरनवाल का आरोप है कि प्राथमिक विद्यालय भलुवाई पर तैनात एक शिक्षिका तथ्यों को छिपाकर नियुक्ति पाई है। इस शिक्षिका पर सात सितंबर 2015 को ही कंधरापुर थाने में दहेज प्रताड़ना का मुकदमा दर्ज है, जबकि उसकी नियुक्ति मार्च 2017 में हुई। आठ मार्च 2017 को बेसिक शिक्षा विभाग से उसे नियुक्ति पत्र जारी हुआ और 10 मार्च 2017 को उसने पदभार ग्रहण किया। प्रशांत बरनवाल का आरोप है कि सहायक अध्यापिका ने अपने नियुक्ति के दौरान अपने ऊपर दर्ज मुकदमे का जिक्र नहीं किया। मुकदमे का तथ्य गोपन कर उसने नौकरी हासिल कर ली। बेसिक शिक्षाधिकारी से लेकर सहायक शिक्षा निदेशक बेसिक से कई बार शिकायत की गई लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। वहीं एडी बेसिक कार्यालय से बीएसए को इस मामले में कई बार नोटिस भी जारी किया गया। थक हार कर शिकायत कर्ता ने मुख्यमंत्री कार्यालय को शिकायती पत्र भेजा। इस सीएम कार्यालय की ओर से बेसिक शिक्षा निदेशक को जांच कर कार्रवाई का निर्देश जारी किया है। बीएसए देवेंद्र कुमार का कहना है कि प्रकरण संज्ञान में नहीं है, यदि ऐसा है तो निश्चित तौर पर जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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सर्फुद्दीनपुर निवासी प्रशांत कुमार बरनवाल पुत्र सच्चिदानंद बरनवाल का आरोप है कि प्राथमिक विद्यालय भलुवाई पर तैनात एक शिक्षिका तथ्यों को छिपाकर नियुक्ति पाई है। इस शिक्षिका पर सात सितंबर 2015 को ही कंधरापुर थाने में दहेज प्रताड़ना का मुकदमा दर्ज है, जबकि उसकी नियुक्ति मार्च 2017 में हुई। आठ मार्च 2017 को बेसिक शिक्षा विभाग से उसे नियुक्ति पत्र जारी हुआ और 10 मार्च 2017 को उसने पदभार ग्रहण किया। प्रशांत बरनवाल का आरोप है कि सहायक अध्यापिका ने अपने नियुक्ति के दौरान अपने ऊपर दर्ज मुकदमे का जिक्र नहीं किया। मुकदमे का तथ्य गोपन कर उसने नौकरी हासिल कर ली। बेसिक शिक्षाधिकारी से लेकर सहायक शिक्षा निदेशक बेसिक से कई बार शिकायत की गई लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। वहीं एडी बेसिक कार्यालय से बीएसए को इस मामले में कई बार नोटिस भी जारी किया गया। थक हार कर शिकायत कर्ता ने मुख्यमंत्री कार्यालय को शिकायती पत्र भेजा। इस सीएम कार्यालय की ओर से बेसिक शिक्षा निदेशक को जांच कर कार्रवाई का निर्देश जारी किया है। बीएसए देवेंद्र कुमार का कहना है कि प्रकरण संज्ञान में नहीं है, यदि ऐसा है तो निश्चित तौर पर जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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