{"_id":"59a84f144f1c1bed278b4a6f","slug":"191504202516-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दुष्कर्मी को सात वर्ष की कैद","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
दुष्कर्मी को सात वर्ष की कैद
Updated Thu, 31 Aug 2017 11:31 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़ । किशोरी का अपहरण कर उसके साथ दुष्कर्म के मामले में अदालत ने एक को सात वर्ष की कैद के साथ कुल 15हजार रुपये का अर्थदंड की सजा सुनाई। गुरुवार को यह सजा अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट राम किशोर की अदालत ने सुनाई। अर्थदंड नहीं दिए जाने पर उसे एक माह का अतिरिक्त कारावास भी भुगतना होगा।
वर्ष 2009 में 22/23 फरवरी की रात घर से बाहर शौच करने निकली किशोरी को बहला फुसला कर भगाकर ले जाकर दुष्कर्म किया गया था। इस मामले में 23 फरवरी 2009 को पीड़िता किशोरी के चाचा ने कप्तानगंज थाने में गांव के नागेंद्र पुत्र अच्छे लाल चौरसिया और मठ गोविंदपुर गांव के नौमी पुत्र सुरेश के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया था। अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष के तर्को को सुनने के बाद नामजद आरोपी नौमी को दुष्कर्म का दोषी पाया और उसे सात वर्ष की कैद और दस हजार रुपया जुर्माना की सजा सुनाई।
विज्ञापन
वर्ष 2009 में 22/23 फरवरी की रात घर से बाहर शौच करने निकली किशोरी को बहला फुसला कर भगाकर ले जाकर दुष्कर्म किया गया था। इस मामले में 23 फरवरी 2009 को पीड़िता किशोरी के चाचा ने कप्तानगंज थाने में गांव के नागेंद्र पुत्र अच्छे लाल चौरसिया और मठ गोविंदपुर गांव के नौमी पुत्र सुरेश के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया था। अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष के तर्को को सुनने के बाद नामजद आरोपी नौमी को दुष्कर्म का दोषी पाया और उसे सात वर्ष की कैद और दस हजार रुपया जुर्माना की सजा सुनाई।
विज्ञापन