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5.35 लाख लेकर थमा दिया फर्जी नियुक्ति पत्र
Updated Sun, 02 Jul 2017 11:39 PM IST
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आजमगढ़। सरायमीर थाना क्षेत्र के मुस्तफाबाद गांव निवासी जीआरपी लखनऊ में तैनात एक सिपाही अपने ही गांव के दो लोगों से 5.35 लाख रुपये लेकर उन्हें सफाईकर्मी का फर्जी नियुक्ति-पत्र थमा दिया। इन दोनों को बस्ती जिले में नौकरी ज्वाइन करने को भेज दिया। फर्जी नियुक्ति पत्र पर दोनों ने एक माह तक ड्यूटी भी किया। एक माह बाद जब दोनों डीपीआरओ के पास वेतन के लिए गए तो मामले की पोल खुली। डीपीआरओ ने जब जांच करवाई तो उनकी नियुक्ति फर्जी पायी गई। इसके बाद बस्ती जिले से लौटे दोनों पीड़ितों ने शनिवार को सरायमीर थाने में धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पीड़ितों में रविंद्र यादव और विजय यादव सरायमीर थाना क्षेत्र के मुस्तफाबाद गांव के निवासी हैं। इन दोनों ने शनिवार को सरायमीर थाने में अपने गांव के हरदेव यादव, उसके साले फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के ईशोपुर गांव निवासी संजय यादव और संजय के मित्र सरायमीर थाने के पवईलाडपुर गांव निवासी पवन कुमार के विरुद्ध सरायमीर थाने में धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई। पीड़ितों के मुताबिक हरदेव यादव बीएसएफ में सिपाही है। उसका साला संजय यादव सफाईकर्मी के पद पर तैनात है। तीनों आरोपी रविंद्र और विजय को सफाईकर्मी की नौकरी दिलाने के नाम पर 5.35 लाख रुपये लिया।
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बदले में फर्जी नियुक्तिपत्र थमाकर रविंद्र और विजय को बस्ती जिले में नौकरी ज्वाइन करने को भेज दिया। एक माह बाद रविंद्र और विजय बस्ती जिले में डीपीआरओ से मिले तो मामले की सच्चाई सामने आई। इनका प्रमाण पत्र देखकर डीपीआरओ ने दोनों को डांटकर भगा दिया। डीपीआरओ ने कहा कि यह नियुक्ति पत्र फर्जी है। घर लौटे पीड़ित आरोपियों से रुपये मांगने पहुंचे तो वे देने से इंकार कर दिया। सीओ फूलपुर एसके सिंह ने बताया कि घटना की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच एसओ सरायमीर रामनरेश यादव को सौंपी गई है।
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