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कमिश्नर ने बाल श्रम विद्यालयों में कर्मचारियों चयन प्रक्रिया रोकी

Fri, 10 Jan 2020 11:27 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 10 Jan 2020 11:27 PM IST
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Commissioner stops staff selection process in child labor schools
आजमगढ़। कमिश्नर कनक त्रिपाठी ने बाल श्रम परियोजना के अन्तर्गत कर्मचारियोंकी नियुक्ति में उप श्रमायुक्त कार्यालय से जारी विज्ञापन में अनियमितता एवं भ्रष्टाचारसम्बन्धी शिकायतें मिलने पर चयन प्रक्रिया को तत्काल प्रभाव से रोक दिया है। प्रकरण की जांच के लिए अपर आयुक्त (प्रशासन) की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। बाल श्रम विद्यालयों में नियुक्तियों की गहन जांच कर संयुक्त आख्या 20 जनवरी तक तलब की है।
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कमिश्नर कनक त्रिपाठी ने बताया कि जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष विजय प्रकाश सिंहने प्रार्थना-पत्र देकर आरोप लगाया था कि बाल श्रम परियोजना के अन्तर्गत केंद्र सरकार से 40 बाल श्रम विद्यालय स्वीकृत हैं। इसका संचालन बाल श्रम समिति की ओर से किया जाना है। परियोजना निदेशक उप श्रमायुक्त हैं। इन विद्यालयों में प्रति विद्यालय दो शिक्षा अनुदेशक, कुल 14 व्यवसायिक अनुदेशक, 40 क्लर्क, 40 आया एवं हेल्पर के साथ ही जिला कार्यालय के लिए दो प्रोग्रम मैनेजर, एक लेखाकार, एक आशुलिपिक, एक चपरासी, एक वाहन चालक की नियुक्ति होनी है। जानबूझ कर इसका विज्ञापन दो अक्टूबर को कम प्रसार वाले एक समाचारपत्र में प्रकाशित कराया गया। आवेदन जमा करने की तिथि एक अक्टूबर और आवेदन समाप्त करने की तिथि 15 अक्टूबर अंकित कराई गई। यह सन्देह उत्पन्न करता है। प्रकरण बाल श्रम समिति के समक्ष आने पर चयन समिति ने कहा कि अधिक प्रसारित समाचार पत्रों में पुन: विज्ञप्ति प्रकाशित कराई जाए। इसका भी उल्लघंन किया गया। खानापूर्ति के लिए एक समाचार पत्र में 17 नवम्बर को सूक्ष्म विज्ञापन प्रकाशित कराया गया। निर्देशों की अवहेलना करने के कारण 180 पदों के सापेक्ष 1900 आवेदन प्राप्त हुए। प्रतीत होता है कि सुनियोजित तरीके से कुछ लोगों को अनुचित लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से दोषपूर्ण प्रक्रिया अपनाई गई। कमिश्नर ने चयन प्रक्रियाओं पर रोक लगाते हुए जांच के लिए अपर आयुक्त (प्रशासन) अनिल कुमार मिश्र की अध्यक्षता में उप निदेशक राष्ट्रीयबचत एवं सहायक निदेशक सेवायोजन को सम्मिलित करते हुए तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। 20 जनवरी तक रिपोर्ट मांगी है।
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