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पुलिस के गौरवशाली इतिहास का प्रतीक है झंडा
Updated Thu, 23 Nov 2017 11:42 PM IST
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आजमगढ़। पुलिस लाइन परिसर में गुरुवार को पुलिस झंडा दिवस मनाया गया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक अजय कुमार साहनी ने ध्वजारोहण किया। साथ ही उपस्थित पुलिसकर्मियों को आज के दिन का महत्व और कर्तव्य का पाठ पढ़ाया।
उन्होंने कहा कि 23 नवम्बर 1959 को भारत के प्रथम प्रधानमंत्री द्वारा उत्तर प्रदेश पुलिस को ध्वज (पुलिस कलर) प्रदान किया गया था। इसी दिन पीएसी को भी ध्वज मिला था। यह ध्वज पुलिस और पीएसी के जवानों द्वारा उनके शौर्य प्रदर्शन तथा उच्च कोटि की कर्तव्य परायणता के फलस्वरूप प्रदान किया गया था। यह गौरव का विषय है कि पूरे देश में उत्तर प्रदेश ही ऐसा प्रथम राज्य है जिसकी नागरिक पुलिस और पीएसी बल को भारत के प्रधानमंत्री द्वारा ध्वज प्रदान किया गया है। यह हमारे चरित्र को दर्शाता है और हमारे उस गौरवशाली इतिहास का प्रतीक है, जिसमें हमने देश सेवा एवं लोक सेवा में अपनें कौशल, शौर्य एवं कर्तव्य परायणता से अप्रतिम योगदान दिया है।
एसपी अजय कुमार साहनी ने बताया कि स्वतंत्रता के बाद पुलिस का चरित्र बदला। ब्रिटिश पुलिस से हम भारतीय पुलिस में परिर्वतीत हुए। चरित्र के बदलाव के साथ ही हमारे उत्तरदायित्वों एवं उनके निर्वहन के तरीकों में भी बदलाव आया। आज हम सद्जनों की रक्षा व दुष्टों का नाश करनें हेतु वर्दी धारण करते हैं। एसपी ने कहा कि आज इस झण्ड़ा दिवस के शुभ अवसर पर आप द्वारा जनसेवा एवं राष्ट्रसेवा में किये जा रहे कार्यो की प्रशंसा करते हुए आपको हार्दिक बधाई देता हूं। इस अवसर पर एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह, एसपीसिटी सुभाष चंद्र गंगवार, सीओसिटी सच्चिदानंद, सीओ सदर मो. अकमल खां, प्रतिसार निरीक्षक ब्रह्मदेव उपाध्याय और भारी संख्या में पुलिसकर्मी मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में मिष्ठान का भी वितरण किया गया।
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उन्होंने कहा कि 23 नवम्बर 1959 को भारत के प्रथम प्रधानमंत्री द्वारा उत्तर प्रदेश पुलिस को ध्वज (पुलिस कलर) प्रदान किया गया था। इसी दिन पीएसी को भी ध्वज मिला था। यह ध्वज पुलिस और पीएसी के जवानों द्वारा उनके शौर्य प्रदर्शन तथा उच्च कोटि की कर्तव्य परायणता के फलस्वरूप प्रदान किया गया था। यह गौरव का विषय है कि पूरे देश में उत्तर प्रदेश ही ऐसा प्रथम राज्य है जिसकी नागरिक पुलिस और पीएसी बल को भारत के प्रधानमंत्री द्वारा ध्वज प्रदान किया गया है। यह हमारे चरित्र को दर्शाता है और हमारे उस गौरवशाली इतिहास का प्रतीक है, जिसमें हमने देश सेवा एवं लोक सेवा में अपनें कौशल, शौर्य एवं कर्तव्य परायणता से अप्रतिम योगदान दिया है।
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एसपी अजय कुमार साहनी ने बताया कि स्वतंत्रता के बाद पुलिस का चरित्र बदला। ब्रिटिश पुलिस से हम भारतीय पुलिस में परिर्वतीत हुए। चरित्र के बदलाव के साथ ही हमारे उत्तरदायित्वों एवं उनके निर्वहन के तरीकों में भी बदलाव आया। आज हम सद्जनों की रक्षा व दुष्टों का नाश करनें हेतु वर्दी धारण करते हैं। एसपी ने कहा कि आज इस झण्ड़ा दिवस के शुभ अवसर पर आप द्वारा जनसेवा एवं राष्ट्रसेवा में किये जा रहे कार्यो की प्रशंसा करते हुए आपको हार्दिक बधाई देता हूं। इस अवसर पर एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह, एसपीसिटी सुभाष चंद्र गंगवार, सीओसिटी सच्चिदानंद, सीओ सदर मो. अकमल खां, प्रतिसार निरीक्षक ब्रह्मदेव उपाध्याय और भारी संख्या में पुलिसकर्मी मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में मिष्ठान का भी वितरण किया गया।
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