जनपद में 34 लोग यूक्रेन में फंसे हुए थे। इसमें 29 छात्र थे, जो मेडिकल की पढ़ाई वहां रहकर करते थे। जबकि पांच लोगों का एक परिवार भी यूक्रेन में रहता था। सरकार द्वारा चलाए गए आपरेशन गंगा के तहत अब तक जनपद में 33 लोग अपने घर पहुंच चुके हैं लेकिन अभी एक छात्र वहां पर फंसा हुआ है। लेकिन वह भी यूक्रेन के सोमी से पुलटावा पहुंच चुका है।
आज यूक्रेन और रूस के बीच छिड़े संग्राम पर पूरी दुनिया की निगाह टिकी हुई है। हर देश अपने देश के नागरिकों को लेकर चिंतित है जो यूक्रेन में फंसे हुए हैं। भारत सरकार भी आपरेशन गंगा के तहत अपने लोगों को वहां से निकालने के प्रयास में जुटी हुई है। इसी क्रम में जनपद के 34 लोग यूक्रेन में फंसे हुए थे। जिसमें 29 छात्र थे। जो यूक्रेन में मेडिकल की पढ़ाई कर रहे थे। जबकि रोजी रोटी के लिए गंभीरपुर थाना क्षेत्र के कमरावां गांव निवासी पांच लोगों का एक परिवार भी यूक्रेन में रहता था। यह सभी लोग वहां फंस गए थे। इनमें से अब तक सरकार के प्रयास से 33 लोग अपने घरों को पहुंच चुके हैं। सिर्फ यूक्रेन के सोमी शहर में फंसा फरिहा गांव निवासी सैफ पुत्र मो. आसिफ ही अभी तक घर नहीं पहुंचा । जिसकी सकुशल वापसी को लेकर परिजन चिंतित हैं। लेकिन वह भी पुलटावा शहर में पहुंच चुका है। अब उसे रोमानिया या पोलैंड बार्डर ले जाया जाएगा।