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पीडी ने दोषियों पर नहीं की कार्रवाई, जबाव तलब
Updated Sat, 25 Nov 2017 11:30 PM IST
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आजमगढ़। मुहम्मदपुर ब्लाक के सिंघड़ा गांव में चार अपात्रों को प्राधानमंत्री आवास देने के मामले में संलिप्त कर्मचारियों पर कार्रवाई न करने के मामले में मुख्य विकास अधिकारी ने पजियोजना निदेशक तीन दिन के भीतर स्पष्टीकरण तलब किया है। इससे पहले भी सीडीओ की ओर से पीडी को कार्रवाई के लिए चेताया जा चुका है।
शिकायत के आधार पिछले दिनों उपायुक्त उद्योग की ओर से मुहम्मदपुर ब्लाक के सिंघड़ा गांव में प्रधानमंत्री आवासों की जांच की गई थी। इस दौरान कमला पत्नी काली प्रसाद, मुराती पत्नी हंसू, कमालवती पत्नी राम विजय और गीत प्तानी रामझलक को अपात्र होते हुए भी आवास स्वीकृत करने की रिपोर्ट सौंपी गई थी। सीडीओ अभिषेक सिंह ने मामले में परियोजना निदेशक दुर्गादत्त शुक्ला को आवास निरस्त करने के साथी ही स्वीकृत करने वाले दोषी शासकीय सेवकों पर कार्रवाई के आदेश दिए थे। पीडी की ओर से मामले में मामले में संविदा पर तैनात फीडिंग करने वाले कर्मचारी को दोषी बताया था। सीडीओ ने इससे असहमित जताते हुए फाइल वापस कर दी थी। साथ ही असली दोषी कर कार्रवाई को कहा था, लेकिन मामले में कुछ नहीं किया गया। सीडीओ ने शनिवार को पीडी से तीन दिन के भीतर ममले में स्पष्टीकरण देने को कहा है।
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शिकायत के आधार पिछले दिनों उपायुक्त उद्योग की ओर से मुहम्मदपुर ब्लाक के सिंघड़ा गांव में प्रधानमंत्री आवासों की जांच की गई थी। इस दौरान कमला पत्नी काली प्रसाद, मुराती पत्नी हंसू, कमालवती पत्नी राम विजय और गीत प्तानी रामझलक को अपात्र होते हुए भी आवास स्वीकृत करने की रिपोर्ट सौंपी गई थी। सीडीओ अभिषेक सिंह ने मामले में परियोजना निदेशक दुर्गादत्त शुक्ला को आवास निरस्त करने के साथी ही स्वीकृत करने वाले दोषी शासकीय सेवकों पर कार्रवाई के आदेश दिए थे। पीडी की ओर से मामले में मामले में संविदा पर तैनात फीडिंग करने वाले कर्मचारी को दोषी बताया था। सीडीओ ने इससे असहमित जताते हुए फाइल वापस कर दी थी। साथ ही असली दोषी कर कार्रवाई को कहा था, लेकिन मामले में कुछ नहीं किया गया। सीडीओ ने शनिवार को पीडी से तीन दिन के भीतर ममले में स्पष्टीकरण देने को कहा है।
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