{"_id":"5ae75b504f1c1b57098b7489","slug":"191525111632-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुरानी पेंशन बहाली को लेकर दिया धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पुरानी पेंशन बहाली को लेकर दिया धरना
Updated Tue, 01 May 2018 12:00 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिलाध्यक्ष रवींद्र प्रताप की अध्यक्षता में सोमवार को पुरानी पेंशन की बहाली को लेकर का सिविल लाइन स्थित डाकबंगले में काला फीता बांधकर धरना दिया और काला दिवस मनाया।
धरने को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष ने कहा कि एक जनवरी 2004 से केंद्र के कर्मचारी और एक अप्रैल 2005 से राज्य के कर्मचारियों के बुढ़ापे का सहारा पेंशन को हटाकर नई अंशदाई पेंशन व्यवस्था लागू कर दी गई। जिसको लेकर राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद लगातार विरोध दर्ज कराता चला आ रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार नई पेंशन व्यवस्था को समाप्त करने का वायदा तो किया लेकिन चार साल गुजर जाने के बाद भी निभाया नहीं गया। धरने में हरिहर सिंह, अवलेंद्र सिंह, शिव कुमार राम, रविंद्र यादव, संजय कुमार पांडेय, सुनीता सिंह, प्रभा सिंह सहित कई संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
धरने को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष ने कहा कि एक जनवरी 2004 से केंद्र के कर्मचारी और एक अप्रैल 2005 से राज्य के कर्मचारियों के बुढ़ापे का सहारा पेंशन को हटाकर नई अंशदाई पेंशन व्यवस्था लागू कर दी गई। जिसको लेकर राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद लगातार विरोध दर्ज कराता चला आ रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार नई पेंशन व्यवस्था को समाप्त करने का वायदा तो किया लेकिन चार साल गुजर जाने के बाद भी निभाया नहीं गया। धरने में हरिहर सिंह, अवलेंद्र सिंह, शिव कुमार राम, रविंद्र यादव, संजय कुमार पांडेय, सुनीता सिंह, प्रभा सिंह सहित कई संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
विज्ञापन