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छह वर्षों से अधर में लटका विद्यालय का भवन

Mon, 07 Aug 2017 11:31 PM IST
Updated Mon, 07 Aug 2017 11:31 PM IST
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छह वर्षों से अधर में लटका विद्यालय का भवन
लालगंज। स्थानीय विकास खंड के सरुपहां गांव में लगभग छह वर्षों से कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय के भवन का निर्माण हो रहा है। लेकिन कार्यदायी संस्था और अधिकारियों की लापरवाही के कारण अब तक इसका निर्माण पूरा नहीं हो सका है। भवन न होने की दशा में कक्षाओं का संचालन प्राथमिक विद्यालय के अतिरिक्त कक्ष में होता है।
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कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय सरूपहां लालगंज को वर्ष 2011 में क्षेत्र के दूर दराज की बालिकाओं को अच्छी शिक्षा देने के लिए खोला गया। साथ ही साथ विद्यालय आवासीय होने के कारण सत्र 2011 में ही भवन का निर्माण भी शुरू हो गया। ताकि बालिकाओं और शिक्षिकाओं को सुरक्षित भवन उपलब्ध हो सके। लेकिन विभाग और कार्यदायी संस्था की लापरवाही के कारण लगभग छह वर्ष बीत जाने के बाद भी विद्यालय का भवन अधूरा है। भवन के अभाव में कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की कक्षाएं प्राथमिक विद्यालय सरूपहां के दो अतिरिक्त कक्षों में संचालित होती हैं। बालिकाओं और शिक्षिकाओं के आवास के लिए बीआरसी सरूपहां का कार्यालय उपलब्ध करा दिया गया है । शिक्षा विभाग की लापरवाही के कारण बीआरसी कार्यालय के दो कमरों, दो शौचालयों में छह वर्षों से लगभग 50 की संख्या में बालिकाएं, चार फुलटाइमर और तीन अंशकालिक शिक्षिकाएं किसी तरह से पठन पाठन का कार्य करती हैं। विद्यालय की प्रधानाध्यापिका शशि आर्य ने बताया कि विद्यालय का भवन का निर्माण पूरा न होने से अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इसके लिए हमने कई बार अधिकारियों को कहा लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी।
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