{"_id":"66f6a57aeb3379f24a0fe33d","slug":"10-years-imprisonment-for-manslaughter-azamgarh-news-c-258-1-svns1005-121121-2024-09-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Azamgarh News: गैर इरादतन हत्या के दोषी को 10 वर्ष की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Azamgarh News: गैर इरादतन हत्या के दोषी को 10 वर्ष की सजा
विज्ञापन
आजमगढ़। गैर इरादतन हत्या के दोषी को अदालत ने 10 वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 10 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया। बृहस्पतिवार को यह फैसला अपर सत्र न्यायाधीश जैनेंद्र कुमार पांडेय ने सुनाया।
मुकदमे के अनुसार अतरौलिया थाना के लोहरा गांव निवासी वादिनी अशरफा देवी के पाटीदार मंगल निषाद से मकान और सहन के बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद को लेकर 21 जून की शाम असरफा देवी अपने दरवाजे पर गाय बांध रही थी। इस दौरान मंगल व उसके लड़के राजेंद्र और दो नाबालिग लड़कों ने असरफा के पति बद्दल को लाठी डंडे से मारा पीटा।
घायल अवस्था में उसे जिला अस्पताल ले जाया गया जहां रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। इस मामले में अदालत ने आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। मुकदमा परीक्षण के दौरान मंगल की मृत्यु हो गई थी। शेष अन्य दो नाबालिगों की पत्रावली किशोर न्यायालय में भेज दी गई थी। अदालत ने उभय पक्षों के तर्कों को सुनने के राजेंद्र को दोषी पाया और उक्त सजा का निर्धारण किया।
विज्ञापन
धर्मांतरण कराने वाले तीन दोषियों को छह वर्ष की सजा
आजमगढ़। अवैध ढंग से धर्मांतरण कराने के मामले में अदालत ने तीन दोषियों को छह वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही प्रत्येक पर 52000 का अर्थ दंड भी लगाया। उक्त फैसला बृहस्पतिवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश संजीव शुक्ला ने सुनाया। अभियोजन कथानक के अनुसार दीदारगंज थाना क्षेत्र के डीह कैथोली गांव निवासी अशोक कुमार यादव ने स्थानीय थाने में मुकदमा दर्ज कराया था।
आरोप लगाया कि जिला जौनपुर थाना मडियाहूं के राम पुंरदी निवासी बालचंद जायसवाल और जिला वाराणसी थाना आदमपुर बालूअबीर निवासी गोपाल प्रजापति और नीरज निवासी तिवारिया थाना फूलपुर आजमगढ़ हिंदुओं को बहला-फुसलाकर धर्म परिवर्तन करने की नीयत से गांव में आए और लोगों को ईसाई धर्म अपनाने का प्रलोभन दे रहे थे।
20 दिसंबर 2020 को आरोपियों को ऐसा करने से मना किया तो आरोपियों ने उन्हें गाली दिया। पीड़ित पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया और आरोप पत्र न्यायालय में भेजा। इस मामले में अदालत ने उभय पक्षों के तर्कों को सुनने के बाद तीनों आरोपियों को दोषी पाया और उक्त सजा का निर्धारण किया।
विज्ञापन
मुकदमे के अनुसार अतरौलिया थाना के लोहरा गांव निवासी वादिनी अशरफा देवी के पाटीदार मंगल निषाद से मकान और सहन के बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद को लेकर 21 जून की शाम असरफा देवी अपने दरवाजे पर गाय बांध रही थी। इस दौरान मंगल व उसके लड़के राजेंद्र और दो नाबालिग लड़कों ने असरफा के पति बद्दल को लाठी डंडे से मारा पीटा।
विज्ञापन
घायल अवस्था में उसे जिला अस्पताल ले जाया गया जहां रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। इस मामले में अदालत ने आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। मुकदमा परीक्षण के दौरान मंगल की मृत्यु हो गई थी। शेष अन्य दो नाबालिगों की पत्रावली किशोर न्यायालय में भेज दी गई थी। अदालत ने उभय पक्षों के तर्कों को सुनने के राजेंद्र को दोषी पाया और उक्त सजा का निर्धारण किया।
विज्ञापन
धर्मांतरण कराने वाले तीन दोषियों को छह वर्ष की सजा
आजमगढ़। अवैध ढंग से धर्मांतरण कराने के मामले में अदालत ने तीन दोषियों को छह वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही प्रत्येक पर 52000 का अर्थ दंड भी लगाया। उक्त फैसला बृहस्पतिवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश संजीव शुक्ला ने सुनाया। अभियोजन कथानक के अनुसार दीदारगंज थाना क्षेत्र के डीह कैथोली गांव निवासी अशोक कुमार यादव ने स्थानीय थाने में मुकदमा दर्ज कराया था।
आरोप लगाया कि जिला जौनपुर थाना मडियाहूं के राम पुंरदी निवासी बालचंद जायसवाल और जिला वाराणसी थाना आदमपुर बालूअबीर निवासी गोपाल प्रजापति और नीरज निवासी तिवारिया थाना फूलपुर आजमगढ़ हिंदुओं को बहला-फुसलाकर धर्म परिवर्तन करने की नीयत से गांव में आए और लोगों को ईसाई धर्म अपनाने का प्रलोभन दे रहे थे।
20 दिसंबर 2020 को आरोपियों को ऐसा करने से मना किया तो आरोपियों ने उन्हें गाली दिया। पीड़ित पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया और आरोप पत्र न्यायालय में भेजा। इस मामले में अदालत ने उभय पक्षों के तर्कों को सुनने के बाद तीनों आरोपियों को दोषी पाया और उक्त सजा का निर्धारण किया।