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Ayodhya News: अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैक मेल करने के आरोपी को नहीं मिली जमानत
Fri, 27 Feb 2026 10:37 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Fri, 27 Feb 2026 10:37 PM IST
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अयोध्या। ठेकेदारी में अच्छी मजदूरी दिलाने के बहाने बुलाकर कमरे में ले जाकर अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने के आरोपी सारांश को कोर्ट ने राहत देने से मना कर दिया। यह आदेश अपर सत्र न्यायाधीश/एफटीसी द्वितीय रवि कुमार गुप्ता ने पारित किया है।
आरोपी सारांश मयंक राव ने अदालत में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करते हुए तर्क दिया कि शिवम का लेन-देन का मामला था। उससे किसी प्रकार की कोई वसूली नहीं की गई है और न ही कथित अश्लील वीडियो बरामद हुआ है। अपने को बेकसूर बताया और जमानत पर रिहा किए जाने की मांग की
एडीजीसी ने जमानत प्रार्थना का विरोध किया और तर्क दिया कि सारांश मयंक राव अपराधी है। बीकापुर थाना क्षेत्र के गुंधौर गांव निवासिनी विधवा महिला का पुत्र शिवम बाहर नौकरी करता था। दीपक ने ठेकेदारी में अच्छी मजदूरी दिलाने के बहाने वापस बुला लिया। 13 जनवरी 2026 को दीपक ने शिवम को अयोध्या बुलाया और अचारी सगरा के पास कमरा में दो-तीन दिन तक अपने साथ रखा। इसी दौरान शिवम का अश्लील वीडियो बना लिया। वीडियो वायरल करने की धमकी देते हुए 16 जनवरी को नाका बाईपास पर बुलाकर 50 हजार रुपये वसूल लिया गया। उसके बाद 15 लाख रुपये की मांग की गई। खेत बेचने का दबाव बनाया गया।
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ब्लैकमेल से तंग आकर शिवम की मां द्वारा कोतवाली बीकापुर में दीपक पटेल, आशुतोष पाठक, दुर्गेश, कुलदीप व सारांश मयंक राव के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज दर्ज कराया गया है। न्यायाधीश ने आरोपी पक्ष व अभियोजन पक्ष के तर्कों को सुनने के पश्चात जमानत अर्जी निरस्त कर दी।
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आरोपी सारांश मयंक राव ने अदालत में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करते हुए तर्क दिया कि शिवम का लेन-देन का मामला था। उससे किसी प्रकार की कोई वसूली नहीं की गई है और न ही कथित अश्लील वीडियो बरामद हुआ है। अपने को बेकसूर बताया और जमानत पर रिहा किए जाने की मांग की
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एडीजीसी ने जमानत प्रार्थना का विरोध किया और तर्क दिया कि सारांश मयंक राव अपराधी है। बीकापुर थाना क्षेत्र के गुंधौर गांव निवासिनी विधवा महिला का पुत्र शिवम बाहर नौकरी करता था। दीपक ने ठेकेदारी में अच्छी मजदूरी दिलाने के बहाने वापस बुला लिया। 13 जनवरी 2026 को दीपक ने शिवम को अयोध्या बुलाया और अचारी सगरा के पास कमरा में दो-तीन दिन तक अपने साथ रखा। इसी दौरान शिवम का अश्लील वीडियो बना लिया। वीडियो वायरल करने की धमकी देते हुए 16 जनवरी को नाका बाईपास पर बुलाकर 50 हजार रुपये वसूल लिया गया। उसके बाद 15 लाख रुपये की मांग की गई। खेत बेचने का दबाव बनाया गया।
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ब्लैकमेल से तंग आकर शिवम की मां द्वारा कोतवाली बीकापुर में दीपक पटेल, आशुतोष पाठक, दुर्गेश, कुलदीप व सारांश मयंक राव के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज दर्ज कराया गया है। न्यायाधीश ने आरोपी पक्ष व अभियोजन पक्ष के तर्कों को सुनने के पश्चात जमानत अर्जी निरस्त कर दी।