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Auraiya News: साफ्टवेयर का खेल, नलकूप किसान रहे हैं झेल
Sun, 17 Dec 2023 12:19 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
Updated Sun, 17 Dec 2023 12:19 AM IST
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औरैया। सरकार की ओर से मार्च 2023 के बाद से नलकूप किसानों को फ्री बिजली की सौगात दे दी गई है, लेकिन नलकूप किसानों की माने तो बिजली विभाग के कर्मचारी कनेक्शन काटने का दबाव बना बकाए के तौर पर मार्च के बाद का बिल भी जमा करा लिया जा रहा है। अधिकारी साफ्टवेयर में जीरो बकाया न दिखने के चक्कर में स्वयं किसानों की ओर से बकाया अदा करने की बात कहकर पल्ला झाड़ रहे है। ऐसे में सवाल यह खड़ा हो रहा है कि जिन किसानों पर दबाव बनाकर विभाग बकाया जमा करा रहा है आखिर उनके पैसों का क्या होगा, इसको लेकर अधिकारी भी विचार कर रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि ऐसी स्थिति में शासन से जो आदेश आएगा उसी अनुसार आगे की कार्यवाही तय की जाएगी।
जिले में तकरीबन 4200 निजी नलकूप किसानों के बिजली कनेक्शन हैं। सरकार की ओर से इन किसानों को मार्च 2023 के बाद फ्री बिजली की सौगात दी गई है, जबकि बिजली विभाग अपना लक्ष्य पूरा करने को लेकर बकाएदार निजी नलकूप किसानों को भी बकाएदारी की सूची में शामिल किए हैं। जिसमें ओटीएस योजना के तहत छूट का लाभ देकर किसानों से बकाया बिल अदायगी कराई जा रही है। किसानों का आरोप है कि उन पर बकाया अदा करने के लिए कनेक्शन काटने का कर्मचारी दबाव बना रहे हैं। इस दबाव से बचने के लिए किसान बिल अदायगी करते हुए मार्च के बाद का भी बिल अदा कर रहे हैं। जबकि मार्च के बाद से बिजली नलकूप किसानों के लिए फ्री कर दी गई है। बिजली विभाग के अधिकारी यह कहकर मामले से पल्ला झाड़ ले रहे हैं कि किसान बकाया की शून्य पर्ची की मांग कर रहे हैं। ऐसे में साफ्टवेयर में तकनीकी कोरम को पूरा किया जाना जरूरी है। साफ्टवेयर का यह पेंच किसानों के लिए समस्या बना है। विभागीय सूत्रों की माने तो बिजली विभाग का साफ्टवेयर दिसंबर के बाद अपडेट होगा। तभी नलकूप किसानों का बकाया भी शून्य होगा। अब सवाल यह खड़ा है कि जब विभाग निजी नलकूप किसानों से पैसा जमा करवा रहा है। तो जब साफ्टवेयर अपडेट होगा और किसानों का बकाया बिल भी शून्य हो जाएगा। ऐसी स्थिति में मार्च 23 के बाद की जमा कराई जा रही धनराशि का क्या होगा, क्या किसानों को यह धनराशि वापस की जाएगी या नहीं इसका जबाव किसी भी अधिकारी के पास नहीं है। अधिकारी तो बस इतना ही कह पा रहे हैं कि इस संदर्भ में शासन से जो आदेश आएगा उसी अनुसार आगे की कार्यवाही तय की जाएगी।
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क्या बोले नलकूप किसान-- -
फोटो16एयूआरपी 02- आकेत कुमार मिश्रा
बिजली का कनेक्शन काटने की बात कहकर उपकेंद्र के अधिकारियों ने नवंबर तक का बिजली का बिल जमा करवा लिया है। मार्च के बाद से बिजली फ्री कर दी गई। अधिकारी सुन नहीं रहे हैं।-आकेत कुमार मिश्रा, जैतापुर
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फोटो16एयूआरपी 03- अखंड प्रताप सिंह
नलकूप के कनेक्शन को लेकर ओटीएस योजना के तहत अदायगी की है। बिजली कर्मचारियों के दबाव के चलते नवंबर तक का पूरा बकाया दिख रहा बिल अदा करना पड़ा है। मार्च से फ्री बिजली होने के बाद भी यह देना पड़ा है। सरकार की योजना पर अधिकारियों का रुख स्पष्ट नहीं है।-अखंड प्रताप सिंह, रुरुकला
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बोले जिम्मेदार
नलकूप कनेक्शन को लेकर मार्च माह तक का बकाया ही जमा कराया जा रहा है। किसान शून्य बकाया की पर्ची लेने के लिए बाद का भी जमा कर दे रहे होंगे। साफ्टवेयर अपडेट होने के बाद यह समस्या दूर हो सकेगी। उच्चाधिकारियों के साथ हुई मीटिंग में यह मुद्दा उठाया गया था। वहीं जो नलकूप किसान बकाया बिल जमा कर रहे हैं। साफ्टवेयर अपडेट होने की सूरत में जो स्थिति बनेगी और उस स्थिति में शासन का जो आदेश निर्देश होगा। उसी अनुसार आगे की कार्यवाही तय की जाएगी। -लेखराज सिंह, अधिशासी अभियंता, उपखंड औरैया
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जिले में तकरीबन 4200 निजी नलकूप किसानों के बिजली कनेक्शन हैं। सरकार की ओर से इन किसानों को मार्च 2023 के बाद फ्री बिजली की सौगात दी गई है, जबकि बिजली विभाग अपना लक्ष्य पूरा करने को लेकर बकाएदार निजी नलकूप किसानों को भी बकाएदारी की सूची में शामिल किए हैं। जिसमें ओटीएस योजना के तहत छूट का लाभ देकर किसानों से बकाया बिल अदायगी कराई जा रही है। किसानों का आरोप है कि उन पर बकाया अदा करने के लिए कनेक्शन काटने का कर्मचारी दबाव बना रहे हैं। इस दबाव से बचने के लिए किसान बिल अदायगी करते हुए मार्च के बाद का भी बिल अदा कर रहे हैं। जबकि मार्च के बाद से बिजली नलकूप किसानों के लिए फ्री कर दी गई है। बिजली विभाग के अधिकारी यह कहकर मामले से पल्ला झाड़ ले रहे हैं कि किसान बकाया की शून्य पर्ची की मांग कर रहे हैं। ऐसे में साफ्टवेयर में तकनीकी कोरम को पूरा किया जाना जरूरी है। साफ्टवेयर का यह पेंच किसानों के लिए समस्या बना है। विभागीय सूत्रों की माने तो बिजली विभाग का साफ्टवेयर दिसंबर के बाद अपडेट होगा। तभी नलकूप किसानों का बकाया भी शून्य होगा। अब सवाल यह खड़ा है कि जब विभाग निजी नलकूप किसानों से पैसा जमा करवा रहा है। तो जब साफ्टवेयर अपडेट होगा और किसानों का बकाया बिल भी शून्य हो जाएगा। ऐसी स्थिति में मार्च 23 के बाद की जमा कराई जा रही धनराशि का क्या होगा, क्या किसानों को यह धनराशि वापस की जाएगी या नहीं इसका जबाव किसी भी अधिकारी के पास नहीं है। अधिकारी तो बस इतना ही कह पा रहे हैं कि इस संदर्भ में शासन से जो आदेश आएगा उसी अनुसार आगे की कार्यवाही तय की जाएगी।
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क्या बोले नलकूप किसान
फोटो16एयूआरपी 02- आकेत कुमार मिश्रा
बिजली का कनेक्शन काटने की बात कहकर उपकेंद्र के अधिकारियों ने नवंबर तक का बिजली का बिल जमा करवा लिया है। मार्च के बाद से बिजली फ्री कर दी गई। अधिकारी सुन नहीं रहे हैं।-आकेत कुमार मिश्रा, जैतापुर
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फोटो16एयूआरपी 03- अखंड प्रताप सिंह
नलकूप के कनेक्शन को लेकर ओटीएस योजना के तहत अदायगी की है। बिजली कर्मचारियों के दबाव के चलते नवंबर तक का पूरा बकाया दिख रहा बिल अदा करना पड़ा है। मार्च से फ्री बिजली होने के बाद भी यह देना पड़ा है। सरकार की योजना पर अधिकारियों का रुख स्पष्ट नहीं है।-अखंड प्रताप सिंह, रुरुकला
बोले जिम्मेदार
नलकूप कनेक्शन को लेकर मार्च माह तक का बकाया ही जमा कराया जा रहा है। किसान शून्य बकाया की पर्ची लेने के लिए बाद का भी जमा कर दे रहे होंगे। साफ्टवेयर अपडेट होने के बाद यह समस्या दूर हो सकेगी। उच्चाधिकारियों के साथ हुई मीटिंग में यह मुद्दा उठाया गया था। वहीं जो नलकूप किसान बकाया बिल जमा कर रहे हैं। साफ्टवेयर अपडेट होने की सूरत में जो स्थिति बनेगी और उस स्थिति में शासन का जो आदेश निर्देश होगा। उसी अनुसार आगे की कार्यवाही तय की जाएगी। -लेखराज सिंह, अधिशासी अभियंता, उपखंड औरैया