फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Auraiya News ›   There are holes in the glass and cracks in some, passengers bearing the brunt of the cold wind

Auraiya News: शीशे में छेद तो किसी में दरार, सर्द हवा के थपेड़े झेलते यात्री

Fri, 03 Jan 2025 11:46 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 03 Jan 2025 11:46 PM IST
विज्ञापन
There are holes in the glass and cracks in some, passengers bearing the brunt of the cold wind
यूपी 79 टी 4769 नंबर वाली रोडवेज बस के शीशों में दरार व लगी पालीथीन। - फोटो : यूपी 79 टी 4769 नंबर वाली रोडवेज बस के शीशों में दरार व लगी पालीथीन।
औरैया। रोडवेज डिपो की बसों की हालत खस्ताहाल है। किसी बस के शीशे में छेद है तो खिड़कियों के शीशों में दरारें हैं। बसों में ये खामियां सर्द मौसम में सफर के दौरान मुसाफिरों की परेशानी बढ़ा रही हैं। चलती बस में हवाओं से यात्री सिरह उठते हैं। सफर के दौरान यात्री एक हाथ से शीशे को दाबते हैं, तो कहीं शीशे की दरार को बंद करने के लिए पॉलीथीन लगाते हैं। इस कारण मुसाफिरों को सफर में दुश्वारियों का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन

शुक्रवार को संवाद न्यूज एजेंसी की टीम ने बसों की पड़ताल की। टीम को बसों में खामियां मिलीं। टीम ने औरैया डिपो की 10 बसों की जांच की, चार बसों के शीशे ढीले और उनके बीच दरार मिली। अधिकांश बसों के शीशों के बीच में छोटे छेद दिखे।
विज्ञापन

औरैया डिपो में मौजूद 70 बसों को विभिन्न रूटों पर संचालित किया जाता है। इन बसों को दुरूस्त करने के निर्देश एक माह पहले ही दिए जा चुके हैं। बता दें कि प्रयागराज में आयोजित होने वाले महाकुंभ के लिए डिपो की 56 बसों को तैयार रखने के निदेश मिले हैं। इसके चलते विभागीय अधिकारियों ने सभी बसों को पूरी तरह फिट कराया था। इसके साथ फॉग लाइटों को लगाने, शीशों को ठीक करने समेत अन्य कमियों को दूर कराया गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

शुक्रवार को बस काफी हद तक फिट मिलीं, लेकिन शीशों की स्थिति अधिकांश बसों में कमजोर रही। चालकों व परिचालकों की माने तो इन दिनों सवारियों की संख्या कम देखने को मिल रही है। बसों को रूट पर जाने से पहले उनकी साफ-सफाई व अन्य चीजों को देखा जाता है। शीशों को भी देखा जाता है, लेकिन सभी शीशों को बारीकी से देखना संभव नहीं हैं।

------------------------------

मौसम को देखते हुए लगभग एक माह पहले ही सभी बसों को पूरी तरह फिट करा दिया गया था। फॉग लाइट लगाने के साथ ही शीशों को भी दुरुस्त कराया गया था। हो सकता है कोई शीशा ढीला हो गया हो। चालकों की जिम्मेदारी है कि डिपो में बस खड़ी करते समय कमियां बताएं। जिससे समय पर ठीक करवाया जा सके। इसमें किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। -अपर्णा मीनाक्षी, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक


---------------------------------
महेवा से सफर कर औरैया पहुंचा हूं। सभी सीटों पर शीशे तो लगे हैं, लेकिन बस के कुछ शीशे ढीले हैं। इससे ठंडी हवा का अहसास करना पड़ रहा है। जिस सीट पर वह बैठा है उसका भी यही हाल है।’ - रोहित, यात्री

---------------------------------
‘जालौन चौराहे से कानपुर जाने के लिए बस में चढ़ा हूं। अभी अधिक दूरी का सफर तय नहीं किया है। शीशा तो है, लेकिन दो शीशों के बीच जगह से ठंडी हवा आ रही है।’- गोलू, यात्री
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed