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Auraiya News: हैदरपुर में आधी आबादी स्वच्छ पेयजल से वंचित
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अजीतमल। ब्लॉक की ग्राम पंचायत हैदरपुर में 2013-14 में लगभग 15 हजार की आबादी को शुद्ध पेयजल देने के लिए जल जीवन मिशन योजना के तहत पानी की टंकी का निर्माण कराया गया।
पंचायत की आधी आबादी के लोगों को ही स्वच्छ पेयजल मिल पाया है। जगह-जगह पाइप लाइन टूट चुकी है। इस कारण सड़कों पर बहकर रोजाना हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। ग्रामीण स्वच्छ पेयजल से वंचित हो रहे हैं। कई घरों में पानी के लिए नल तक नहीं लगाए गए है। पंचायत के बाशिंदों को पीने के पानी के लिए पड़ोसियों की सबमर्सिबल पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
भीषण गर्मी में हैंडपंप भी जवाब दे जा रहे हैं। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक यहां हर घर नल का जल की योजना का काम पूरा हो चुका है। पंचायत के सभी वार्डोंं में स्वच्छ पेयजल की सप्लाई हो रही है। लेकिन यह सिर्फ कागजों पर ही पूरा हुआ है। हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। हैदरपुर पंचायत के लगभग आधा दर्जन महाराजपुर, पुरवा चंदेल, रामनगर, रामपुरा, सुरजानपुर गांव की महिलाओं ने बताया कि कई जगहों पर पाइपलाइन टूटी होने की वजह से आधे हिस्से में पानी सप्लाई नहीं पहुंच रही है।
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पंचायत में जो नल लगे हैं, वह भी पूरी तरह से खराब हो चुके हैं। विभागीय उदासीनता के कारण हर घर नल योजना दम तोड़ रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पानी की टंकी सहित पाइप लाइन को दुरुस्त करवाकर पानी की सप्लाई को बहाल किया जाए।
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क्या बोले ग्रामीण-- -- -
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घर तक नहीं पहुंच रहा पानी
फोटो-09एयूआरपी 03 - प्रतीक कुमार। संवाद
‘प्रतीक कुमार का कहना है कि 10 वर्ष पूर्व बनवाई गई पानी की टंकी से आई सप्लाई की पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हो चुकी है। इससे पानी लोगों के घरों तक नहीं पहुंच पा रहा है।
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कागजों में पूरी हो रहीं योजनाएं
फोटो-09एयूआरपी 04 - राम प्रकाश। संवाद
राम प्रकाश ने बताया कि सरकारी योजनाएं आती तो है, लेकिन कागजों में ही पूरी हो जाती है। गांव की आधी आबादी को शुद्ध पेयजल का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
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आसपड़ों से मदद मांगनी पड़ रही
फोटो-09एयूआरपी 05 - विनोद कुमार। संवाद
विनोद कुमार ने बताया कि भीषण गर्मी में पानी की इतनी किल्लत है कि पानी के लिए आस-पड़ोस से मदद लेनी पड़ रही है। हैंडपंप जवाब दे जा रहे हैं। पानी की सप्लाई मिल नहीं है।
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वर्जन
‘जल निगम के अधिकारियों से इस संबंध में वार्ता की जाएगी। जहां जो समस्या है उसे दूर कराया जाएगा।’
-अनिल कुमार सिंह, मुख्य विकास अधिकारी
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पंचायत की आधी आबादी के लोगों को ही स्वच्छ पेयजल मिल पाया है। जगह-जगह पाइप लाइन टूट चुकी है। इस कारण सड़कों पर बहकर रोजाना हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। ग्रामीण स्वच्छ पेयजल से वंचित हो रहे हैं। कई घरों में पानी के लिए नल तक नहीं लगाए गए है। पंचायत के बाशिंदों को पीने के पानी के लिए पड़ोसियों की सबमर्सिबल पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
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भीषण गर्मी में हैंडपंप भी जवाब दे जा रहे हैं। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक यहां हर घर नल का जल की योजना का काम पूरा हो चुका है। पंचायत के सभी वार्डोंं में स्वच्छ पेयजल की सप्लाई हो रही है। लेकिन यह सिर्फ कागजों पर ही पूरा हुआ है। हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। हैदरपुर पंचायत के लगभग आधा दर्जन महाराजपुर, पुरवा चंदेल, रामनगर, रामपुरा, सुरजानपुर गांव की महिलाओं ने बताया कि कई जगहों पर पाइपलाइन टूटी होने की वजह से आधे हिस्से में पानी सप्लाई नहीं पहुंच रही है।
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पंचायत में जो नल लगे हैं, वह भी पूरी तरह से खराब हो चुके हैं। विभागीय उदासीनता के कारण हर घर नल योजना दम तोड़ रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पानी की टंकी सहित पाइप लाइन को दुरुस्त करवाकर पानी की सप्लाई को बहाल किया जाए।
क्या बोले ग्रामीण
घर तक नहीं पहुंच रहा पानी
फोटो-09एयूआरपी 03 - प्रतीक कुमार। संवाद
‘प्रतीक कुमार का कहना है कि 10 वर्ष पूर्व बनवाई गई पानी की टंकी से आई सप्लाई की पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हो चुकी है। इससे पानी लोगों के घरों तक नहीं पहुंच पा रहा है।
कागजों में पूरी हो रहीं योजनाएं
फोटो-09एयूआरपी 04 - राम प्रकाश। संवाद
राम प्रकाश ने बताया कि सरकारी योजनाएं आती तो है, लेकिन कागजों में ही पूरी हो जाती है। गांव की आधी आबादी को शुद्ध पेयजल का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
आसपड़ों से मदद मांगनी पड़ रही
फोटो-09एयूआरपी 05 - विनोद कुमार। संवाद
विनोद कुमार ने बताया कि भीषण गर्मी में पानी की इतनी किल्लत है कि पानी के लिए आस-पड़ोस से मदद लेनी पड़ रही है। हैंडपंप जवाब दे जा रहे हैं। पानी की सप्लाई मिल नहीं है।
वर्जन
‘जल निगम के अधिकारियों से इस संबंध में वार्ता की जाएगी। जहां जो समस्या है उसे दूर कराया जाएगा।’
-अनिल कुमार सिंह, मुख्य विकास अधिकारी