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प्रेम संबंधों के विरोध में हुई थी छात्र की हत्या
Updated Wed, 27 Sep 2017 12:15 AM IST
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उरई। डकोर के कुठौंदा गांव में हुई छात्र की हत्या उसकी रिश्तेदार युवती के प्रेमी ने की थी। इस बात का खुलासा करते हुए एसपी अमरेंद्र सिंह ने पत्रकारों को बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त तमंचा भी बरामद कर लिया गया है।
बता दें कि 20 सितंबर को गांव निवासी बीएससी के छात्र अजीत पुत्र सीताराम की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वारदात के वक्त अजीत के साथ रहे उसके दोस्त हेमंत ने बताया था कि बदमाशों ने अजीत की जान ली है। हेमंत की बात पर शक होने पर पुलिस ने उसे हिरासत में लिया।
एसपी ने बताया कि सोमवार शाम अजीत की हत्या करने वाले युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। वह कोई और नहीं बल्कि कुठौंदा का ही अजीत का दोस्त अवधेश उर्फ आदेश (23) पुत्र रूप सिंह अहिरवार निकला। एसपी के मुताबिक , अजीत की एक रिश्तेदार युवती से अवधेश के प्रेम संबंध थे।
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अवधेश दिल्ली में रहकर नौकरी करता था। 19 सितंबर को अवधेश गांव आया था। वह अजीत के साथ बैठा था तभी अजीत को उसके प्रेम संबंध पर विरोध जताया था। तभी अवधेश ने भी उसे रास्ते से हटाने की ठान ली थी। अगले ही दिन मौका पाकर 20 सितंबर की रात अवधेश ने तमंचे से अजीत की गोली मारकर हत्या कर दी और वहां से भाग गया। हेमंत ने घटना को देखते हुए भी सब कुछ छिपा लिया और उसने एक फर्जी कहानी रचकर पुलिस व परिजनाें को सुना डाली। वार्ता में सीओ सिटी संतोष कुमार मौजूद रहे। आरोपी को पकड़ने वाली टीम में डकोर थानाध्यक्ष रामराज शुक्ल, एसआई रामलाल सोनकर, कांस्टेबिल विश्वनाथ सिंह, गंगासागर मिश्रा, मो. शकील, विकास शर्मा आदि शामिल रहे।
मोबाइल ने खोले प्रेम संबंध
19 सितंबर को दिल्ली से गांव आने पर अवधेश, अजीत के घर पर पार्टी कर रहा था। वहां हेमंत के अलावा अन्य तीन दोस्त भी मौजूद थे। इसी दौरान अवधेश की मोबाइल की बैट्री डाउन हो गई। उसने अपना मोबाइल चार्जिंग पर लगा दिया और टायलेट करने चला गया। इसी बीच उसके मोबाइल पर अजीत की रिश्तेदार युवती के मैसेज आने लगे। जिसे अजीत ने देख लिया। यहीं से दोस्तों के बीच ऐसी दरार पड़ी कि वही अजीत की मौत का कारण बन गई।
अजीत का ही दिया तमंचा बना हत्या का सबब
रिश्तेदार युवती और दोस्त के बीच प्रेम संबंध का खुलासा होने पर अजीत के सिर पर खून सवार था। अवधेश ने बताया कि वह दूसरे दिन अजीत से मिला तो अजीत ने उसे तमंचा देकर आत्महत्या कर लेने के लिए कहा। अजीत ने धमकी भी दी कि अगर वह आत्महत्या नहीं करेगा तो उसे और उसके परिवार को जान से मार डालेगा। यह सुनकर अवधेश तमंचा लेकर अपने घर लौट गया। बाद में उसी तमंचे की गोली अजीत के गर्दन पर उतार दी।
- रिश्तेदार से भी स्वीकार कराए संबंध
20 सितंबर की देर रात वारदात से कुछ देर पहले ही अजीत ने अवधेश के उसी मोबाइल जिसे उसमे छीना था, का इस्तेमाल कर अपने रिश्तेदार युवती से अवधेश बनकर बात की। इस बीतचीत में रिश्तेदार की जुबान ने अवधेश से प्रेम संबंधों का खुलासा किया। फिर अजीत पर भी खून सवार हो गया।
-डकोर के कुठौंदा गांव में मारी गई थी गोली
-रिश्तेदार के प्रेमी ने ही की थी वारदात
अमर उजाला ब्यूरो
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बता दें कि 20 सितंबर को गांव निवासी बीएससी के छात्र अजीत पुत्र सीताराम की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वारदात के वक्त अजीत के साथ रहे उसके दोस्त हेमंत ने बताया था कि बदमाशों ने अजीत की जान ली है। हेमंत की बात पर शक होने पर पुलिस ने उसे हिरासत में लिया।
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एसपी ने बताया कि सोमवार शाम अजीत की हत्या करने वाले युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। वह कोई और नहीं बल्कि कुठौंदा का ही अजीत का दोस्त अवधेश उर्फ आदेश (23) पुत्र रूप सिंह अहिरवार निकला। एसपी के मुताबिक , अजीत की एक रिश्तेदार युवती से अवधेश के प्रेम संबंध थे।
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अवधेश दिल्ली में रहकर नौकरी करता था। 19 सितंबर को अवधेश गांव आया था। वह अजीत के साथ बैठा था तभी अजीत को उसके प्रेम संबंध पर विरोध जताया था। तभी अवधेश ने भी उसे रास्ते से हटाने की ठान ली थी। अगले ही दिन मौका पाकर 20 सितंबर की रात अवधेश ने तमंचे से अजीत की गोली मारकर हत्या कर दी और वहां से भाग गया। हेमंत ने घटना को देखते हुए भी सब कुछ छिपा लिया और उसने एक फर्जी कहानी रचकर पुलिस व परिजनाें को सुना डाली। वार्ता में सीओ सिटी संतोष कुमार मौजूद रहे। आरोपी को पकड़ने वाली टीम में डकोर थानाध्यक्ष रामराज शुक्ल, एसआई रामलाल सोनकर, कांस्टेबिल विश्वनाथ सिंह, गंगासागर मिश्रा, मो. शकील, विकास शर्मा आदि शामिल रहे।
मोबाइल ने खोले प्रेम संबंध
19 सितंबर को दिल्ली से गांव आने पर अवधेश, अजीत के घर पर पार्टी कर रहा था। वहां हेमंत के अलावा अन्य तीन दोस्त भी मौजूद थे। इसी दौरान अवधेश की मोबाइल की बैट्री डाउन हो गई। उसने अपना मोबाइल चार्जिंग पर लगा दिया और टायलेट करने चला गया। इसी बीच उसके मोबाइल पर अजीत की रिश्तेदार युवती के मैसेज आने लगे। जिसे अजीत ने देख लिया। यहीं से दोस्तों के बीच ऐसी दरार पड़ी कि वही अजीत की मौत का कारण बन गई।
अजीत का ही दिया तमंचा बना हत्या का सबब
रिश्तेदार युवती और दोस्त के बीच प्रेम संबंध का खुलासा होने पर अजीत के सिर पर खून सवार था। अवधेश ने बताया कि वह दूसरे दिन अजीत से मिला तो अजीत ने उसे तमंचा देकर आत्महत्या कर लेने के लिए कहा। अजीत ने धमकी भी दी कि अगर वह आत्महत्या नहीं करेगा तो उसे और उसके परिवार को जान से मार डालेगा। यह सुनकर अवधेश तमंचा लेकर अपने घर लौट गया। बाद में उसी तमंचे की गोली अजीत के गर्दन पर उतार दी।
- रिश्तेदार से भी स्वीकार कराए संबंध
20 सितंबर की देर रात वारदात से कुछ देर पहले ही अजीत ने अवधेश के उसी मोबाइल जिसे उसमे छीना था, का इस्तेमाल कर अपने रिश्तेदार युवती से अवधेश बनकर बात की। इस बीतचीत में रिश्तेदार की जुबान ने अवधेश से प्रेम संबंधों का खुलासा किया। फिर अजीत पर भी खून सवार हो गया।
-डकोर के कुठौंदा गांव में मारी गई थी गोली
-रिश्तेदार के प्रेमी ने ही की थी वारदात
अमर उजाला ब्यूरो