{"_id":"5e0e355b8ebc3e87cf3e213f","slug":"crime-auraiya-news-knp535937766","type":"story","status":"publish","title_hn":"टीएसआई से क्षुब्ध लोग पहुंचे डीएम की चौखट, निराश लौटे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टीएसआई से क्षुब्ध लोग पहुंचे डीएम की चौखट, निराश लौटे
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औरैया। टीएसआई और देवकली चौकी प्रभारी पर ओवरलोडिंग कराने और वसूली का आरोप लगाते हुए ट्रांसपोर्टर गुरुवार को डीएम आवास पहुंचे। डीएम के न मिलने पर गुस्साए ट्रांसपोर्टरों ने उनके आवास के बाहर, सुभाष चौराहा और फिर देवकली पुलिस के सामने सड़क कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। ट्रांसपोर्टरों ने कहा कि डीएम को शिकायती पत्र दिया गया है। यदि सुनवाई नहीं हुई, तो वह लोग जिला मुख्यालय पर ट्रक लेकर पहुंचेंगे और प्रदर्शन करेंगे।
ट्रांसपोर्टर गुरुवार की सुबह 11 बजे डीएम मिलने उनके आवास पर पहुंचे। ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि डीएम ने उन लोगों से मिलने से मना कर दिया। साथ ही ज्ञापन स्टेनो को देने की बात कही। इसके बाद डीएम उनकी समस्या सुने बिना ही कार में बैठकर आवास से निकल गए। इसके बाद नाराज ट्रांसपोर्टरों ने डीएम आवास के बाहर सड़क जाम कर नारेबाजी शुरू कर दी। ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि टीएसआई और देवकली चौकी प्रभारी की तरफ से ओवरलोड वाहन चलवाए जा रहे हैं। उन लोगों पर भी ओवरलोड वाहन चलाने और एक हजार रुपये प्रति गाड़ी दिए जाने का दबाव बनाया जा रहा है। बात न मानने पर वाहन का चालान काटने की धमकी दी जा रही है।
ट्रांसपोर्टरों ने वीडियो दिखाते हुए बताया कि गुरुवार को तड़के सुबह चार बजे टीएसआई ने उनके कुछ ट्रकों को रोका और जबरन रुपये मांगे, चालक द्वारा रुपये न देने पर उसके साथ हाथापाई की। ट्रक मालिकों के पहुंचने पर टीएसआई ने कहा कि उन्हें पांच लाख रुपये देने पर यह पद मिला और वह वसूली करेंगे। यदि रुपये नहीं मिलेंगे तो ट्रकों का चालान होगा।
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ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि उन लोगों ने डीएम को व्हाट्सएप के जरिए डीएम को ज्ञापन भेजा है। डीएम ने मामले की जांच कराने का भरोसा दिया है। ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि मंदी की मार से उनके सामने ट्रकों की किस्त अदा का संकट है। ऐसे में जबरन वसूली से उनकी परेशानी बढ़ रही है। ट्रांसपोर्टरों ने सुभाष चौक और देवकली पुलिस चौकी के सामने भी सड़क जाम कर हंगामा किया। इस दौरान शैलेंद्र सिंह, राज मंगल सिंह, ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह, अनुराग सिंह, पुष्पेंद्र कुमार, सुनील कुमार, निहाल सिंह, रुद्र प्रताप, जितेंद्र सिंह, रवि सिंह, विश्वप्रताप सिंह, सोतू शुक्ला, रामजी, धर्मेंद्र सिंह, राजेश सिंह, मनोज सिंह, मनोज कुमार, देवेंद्र सिंह, रवि शर्मा समेत कई ट्रांसपोर्टर मौजूद रहे। टीएसआई अंकित शर्मा ने बताया कि ट्रांसपोर्टरों के आरोप पूरी तरह गलत हैं। न तो उन्होंने ट्रक रोके और न किसी से किसी तरह की बात की है।
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ट्रांसपोर्टर गुरुवार की सुबह 11 बजे डीएम मिलने उनके आवास पर पहुंचे। ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि डीएम ने उन लोगों से मिलने से मना कर दिया। साथ ही ज्ञापन स्टेनो को देने की बात कही। इसके बाद डीएम उनकी समस्या सुने बिना ही कार में बैठकर आवास से निकल गए। इसके बाद नाराज ट्रांसपोर्टरों ने डीएम आवास के बाहर सड़क जाम कर नारेबाजी शुरू कर दी। ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि टीएसआई और देवकली चौकी प्रभारी की तरफ से ओवरलोड वाहन चलवाए जा रहे हैं। उन लोगों पर भी ओवरलोड वाहन चलाने और एक हजार रुपये प्रति गाड़ी दिए जाने का दबाव बनाया जा रहा है। बात न मानने पर वाहन का चालान काटने की धमकी दी जा रही है।
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ट्रांसपोर्टरों ने वीडियो दिखाते हुए बताया कि गुरुवार को तड़के सुबह चार बजे टीएसआई ने उनके कुछ ट्रकों को रोका और जबरन रुपये मांगे, चालक द्वारा रुपये न देने पर उसके साथ हाथापाई की। ट्रक मालिकों के पहुंचने पर टीएसआई ने कहा कि उन्हें पांच लाख रुपये देने पर यह पद मिला और वह वसूली करेंगे। यदि रुपये नहीं मिलेंगे तो ट्रकों का चालान होगा।
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ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि उन लोगों ने डीएम को व्हाट्सएप के जरिए डीएम को ज्ञापन भेजा है। डीएम ने मामले की जांच कराने का भरोसा दिया है। ट्रांसपोर्टरों ने बताया कि मंदी की मार से उनके सामने ट्रकों की किस्त अदा का संकट है। ऐसे में जबरन वसूली से उनकी परेशानी बढ़ रही है। ट्रांसपोर्टरों ने सुभाष चौक और देवकली पुलिस चौकी के सामने भी सड़क जाम कर हंगामा किया। इस दौरान शैलेंद्र सिंह, राज मंगल सिंह, ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह, अनुराग सिंह, पुष्पेंद्र कुमार, सुनील कुमार, निहाल सिंह, रुद्र प्रताप, जितेंद्र सिंह, रवि सिंह, विश्वप्रताप सिंह, सोतू शुक्ला, रामजी, धर्मेंद्र सिंह, राजेश सिंह, मनोज सिंह, मनोज कुमार, देवेंद्र सिंह, रवि शर्मा समेत कई ट्रांसपोर्टर मौजूद रहे। टीएसआई अंकित शर्मा ने बताया कि ट्रांसपोर्टरों के आरोप पूरी तरह गलत हैं। न तो उन्होंने ट्रक रोके और न किसी से किसी तरह की बात की है।