{"_id":"5de55d328ebc3e5495362762","slug":"collectrat-auraiya-news-knp529691491","type":"story","status":"publish","title_hn":"शौचालय आवंटन में बड़े पैमाने पर अनियतिता करने का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शौचालय आवंटन में बड़े पैमाने पर अनियतिता करने का आरोप
विज्ञापन
ककोर/औरैया। अजीतमल ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत रहमापुर में शौचालय आवंटन में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। सोमवार को बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर शौचालय आवंटन की जांच कराने की मांग को को लेकर धरना दिया। बाद में डीएम को हलफनामा युक्त शिकायती पत्र देकर प्रकरण की जांच कराए जाने की मांग की।
जिले के ओडीएफ होने के बाद संबंधित महकमे के अफसर वाहवाही जरूर लूट रहे हैं, लेकिन स्थिति ठीक उल्टी है। जिम्मेदारों की उदासीनता से शौचालय आवंटन में गड़बड़ी की शिकायतें आ रही हैं। अजीतमल ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत रहमापुर के ग्रामीणों ने शौचालय आवंटन में गड़बड़ी का आरोप लगाया है। यहां के निवासी आनंद बाबू चतुर्वेदी, बलवीर निषाद, रमेश सिंह, विनय कुमार, गीता देवी, मोती लाल अनिल कुमार, उर्मिला देवी, शिरीष त्रिपाठी, जगदीश सिंह व गुलशन कुमार समेत बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सोमवार को कलक्ट्रेट पहुंचकर विरोध में धरना दिया।
ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत में बमुश्किल 30 फीसदी शौचालयों का ही निर्माण कराया गया है। बनाए गए शौचालयों की गुणवत्ता खराब है। बेस लाइन सूची में एक ही परिवार के दो जगह (पति-पत्नी) दर्शाकर शौचालय की धनराशि का गबन किया गया है। ग्रामीणों ने धरना के बाद डीएम अभिषेक सिंह को शपथपत्र युक्त शिकायती पत्र देकर मामले की जांच कराने की मांग की है। उधर, इस संबंध में डीपीआरओ राजेश चौरसिया का कहना है कि डीएम अभिषेक सिंह ने उन्हें इस प्रकरण की जांच करने के निर्देश दिए हैं। मंगलवार को तहसील दिवस के बाद वह स्वयं गांव जाकर जांच करेंगे। इसमें जो भी दोषी पाया जाएगा। उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिले के ओडीएफ होने के बाद संबंधित महकमे के अफसर वाहवाही जरूर लूट रहे हैं, लेकिन स्थिति ठीक उल्टी है। जिम्मेदारों की उदासीनता से शौचालय आवंटन में गड़बड़ी की शिकायतें आ रही हैं। अजीतमल ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत रहमापुर के ग्रामीणों ने शौचालय आवंटन में गड़बड़ी का आरोप लगाया है। यहां के निवासी आनंद बाबू चतुर्वेदी, बलवीर निषाद, रमेश सिंह, विनय कुमार, गीता देवी, मोती लाल अनिल कुमार, उर्मिला देवी, शिरीष त्रिपाठी, जगदीश सिंह व गुलशन कुमार समेत बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सोमवार को कलक्ट्रेट पहुंचकर विरोध में धरना दिया।
विज्ञापन
ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत में बमुश्किल 30 फीसदी शौचालयों का ही निर्माण कराया गया है। बनाए गए शौचालयों की गुणवत्ता खराब है। बेस लाइन सूची में एक ही परिवार के दो जगह (पति-पत्नी) दर्शाकर शौचालय की धनराशि का गबन किया गया है। ग्रामीणों ने धरना के बाद डीएम अभिषेक सिंह को शपथपत्र युक्त शिकायती पत्र देकर मामले की जांच कराने की मांग की है। उधर, इस संबंध में डीपीआरओ राजेश चौरसिया का कहना है कि डीएम अभिषेक सिंह ने उन्हें इस प्रकरण की जांच करने के निर्देश दिए हैं। मंगलवार को तहसील दिवस के बाद वह स्वयं गांव जाकर जांच करेंगे। इसमें जो भी दोषी पाया जाएगा। उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन