{"_id":"61802dfbf3186e28704b3196","slug":"civic-vaccination-covid-19-auraiya-auraiya-news-knp6616758165","type":"story","status":"publish","title_hn":"दोनों डोज ली तो बनेंगे कोविड सुरक्षित गांव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दोनों डोज ली तो बनेंगे कोविड सुरक्षित गांव
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
औरैया। कोरोना टीकाकरण कार्यक्रम में तेजी लाने के लिए अब क्लस्टर मॉडल-2 कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। 90 फीसदी से ज्यादा प्रथम डोज का टीका लगवा चुके गांव प्राथमिकता के आधार पर संतृप्त किए जाएंगे। पूरी तरह से दोनों डोज लगवाने वाले गांव को कोविड सुरक्षित ग्राम घोषित किया जाएगा। साथ ही प्रधानों को सम्मानित किया जाएगा।
अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य ने टीकाकरण को बढ़ावा देने के लिए यह पहल की है। उन्होंने इस संबंध में सीएमओ को पत्र भी भेजा है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अर्चना श्रीवास्तव ने बताया कि पत्र में कहा गया है कि ज्यादा से ज्यादा लोगों को कोरोना टीका लगाने के लिए क्लस्टर माध्यम को लागू किया गया है। देश के 100 करोड़ टीकाकरण के लक्ष्य में 12.23 करोड़ डोज प्रदेश का बड़ा योगदान है। शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के लिए अतिरिक्त प्रयास की जरूरत है। इसके तहत फिक्स बूथ, क्लस्टर, अप्रोच, मेगा वैक्सीनेशन डे संचालित हो रहे हैं।
क्लस्टर माध्यम से जिन गांव और मोहल्लों में प्रथम डोज सफलता पूर्वक लगाया गया है। उन्हीं जगहों पर क्लस्टर मॉडल का उपयोग करते हुए दूूसरी डोज लगाई जाएगी। बताया कि लक्ष्य के अनुरूप अधिकतर लोगों को प्रथम डोज का टीका लग चुका है। शेष प्रथम डोज के साथ अब ज्यादा से ज्यादा लोगों को दूूसरा डोज लगाए जाने का प्रयास किया जा रहा है। शासन की गाइडलाइन के अनुसार टीकाकरण अभियान संचालित करने की तैयारियां की जा रही हैं। जिसमें जन प्रतिनिधियों, समाजसेवियों, विभागीय अधिकारियों के साथ कर्मचारियों का सहयोग लिया जा रहा है।
विज्ञापन
क्लस्टर मॉडल-2 के तहत लगेगी पहली डोज
प्रथम डोज के शेष लक्ष्य को पूरा करने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में स्वतंत्र आंकलन राजस्व विभाग करेगा। आंकलन के अनुसार ग्रामों को तीन श्रेणियों में बांटा जाएगा। 95 फीसदी या उससे अधिक प्रथम डोज टीकाकरण, 80 से 95 फीसदी प्रथम डोज टीकाकरण व 80 फीसदी से कम प्रथम डोज टीकाकरण की श्रेणी होगी। 80 प्रतिशत टीकाकरण वाले गांव को संतृप्त किया जाएगा। गांव के संतृप्त हो जाने पर उसे प्रथम डोज संतृप्त गांव की संज्ञा दी जाएगा। ग्राम प्रधान को सम्मानित किया जाएगा। कम टीकाकरण वाले गांव को संतृप्त कराने के लिए पंचायती राज विभाग, शिक्षा विभाग, आईसीडीएस का सहयोग लिया जाएगा।
विज्ञापन
अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य ने टीकाकरण को बढ़ावा देने के लिए यह पहल की है। उन्होंने इस संबंध में सीएमओ को पत्र भी भेजा है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अर्चना श्रीवास्तव ने बताया कि पत्र में कहा गया है कि ज्यादा से ज्यादा लोगों को कोरोना टीका लगाने के लिए क्लस्टर माध्यम को लागू किया गया है। देश के 100 करोड़ टीकाकरण के लक्ष्य में 12.23 करोड़ डोज प्रदेश का बड़ा योगदान है। शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के लिए अतिरिक्त प्रयास की जरूरत है। इसके तहत फिक्स बूथ, क्लस्टर, अप्रोच, मेगा वैक्सीनेशन डे संचालित हो रहे हैं।
विज्ञापन
क्लस्टर माध्यम से जिन गांव और मोहल्लों में प्रथम डोज सफलता पूर्वक लगाया गया है। उन्हीं जगहों पर क्लस्टर मॉडल का उपयोग करते हुए दूूसरी डोज लगाई जाएगी। बताया कि लक्ष्य के अनुरूप अधिकतर लोगों को प्रथम डोज का टीका लग चुका है। शेष प्रथम डोज के साथ अब ज्यादा से ज्यादा लोगों को दूूसरा डोज लगाए जाने का प्रयास किया जा रहा है। शासन की गाइडलाइन के अनुसार टीकाकरण अभियान संचालित करने की तैयारियां की जा रही हैं। जिसमें जन प्रतिनिधियों, समाजसेवियों, विभागीय अधिकारियों के साथ कर्मचारियों का सहयोग लिया जा रहा है।
विज्ञापन
क्लस्टर मॉडल-2 के तहत लगेगी पहली डोज
प्रथम डोज के शेष लक्ष्य को पूरा करने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में स्वतंत्र आंकलन राजस्व विभाग करेगा। आंकलन के अनुसार ग्रामों को तीन श्रेणियों में बांटा जाएगा। 95 फीसदी या उससे अधिक प्रथम डोज टीकाकरण, 80 से 95 फीसदी प्रथम डोज टीकाकरण व 80 फीसदी से कम प्रथम डोज टीकाकरण की श्रेणी होगी। 80 प्रतिशत टीकाकरण वाले गांव को संतृप्त किया जाएगा। गांव के संतृप्त हो जाने पर उसे प्रथम डोज संतृप्त गांव की संज्ञा दी जाएगा। ग्राम प्रधान को सम्मानित किया जाएगा। कम टीकाकरण वाले गांव को संतृप्त कराने के लिए पंचायती राज विभाग, शिक्षा विभाग, आईसीडीएस का सहयोग लिया जाएगा।