{"_id":"68a4eba7424bc543b80bff9d","slug":"two-women-were-bitten-by-a-snake-one-died-due-to-black-magictwo-women-were-bitten-by-a-snake-one-died-due-to-black-magic-jpnagar-news-c-284-1-smbd1016-145975-2025-08-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amroha News: दो महिलाओं को सांप ने डसा, एक की झाड़फूंक के चक्कर में गई जान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amroha News: दो महिलाओं को सांप ने डसा, एक की झाड़फूंक के चक्कर में गई जान
Wed, 20 Aug 2025 02:54 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Wed, 20 Aug 2025 02:54 AM IST
विज्ञापन
बुरावली (अमरोहा)। क्षेत्र के दो अलग-अलग गांवों में दो महिलाओं को सांप ने डस लिया। परिजनों ने इलाज के बजाय दोनों को झाड़फूंक करने वालों के पास ले गए। सही उपचार मिलने में देरी होने पर एक महिला की जान चली गई। वहीं, दूसरी की हालत गंभीर बनी हुई है। सांप डसने की बढ़ती घटनाओं से ग्रामीणों में दहशत है।
गांव हिरनोटा निवासी किसान ब्रह्मपाल सिंह का घर गांव के बाहरी छोर पर बना है। मंगलवार सुबह सात बजे उनकी पत्नी रुकेश देवी (43) घर की सफाई कर रही थीं। उन्होंने कूड़ा निकालने के लिए घर में रखी गेहूं की टंकी के नीचे हाथ डाला तो एक सांप ने उनके सीधे हाथ में डस लिया। परिजन रुकेश को अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़फूंक करने वाले के पास ले गए। करीब सवा दो घंटे तक वह झांड़फूंक से इलाज कराते रहे लेकिन महिला तबीयत में सुधरने की बजाय और बिगड़ गई।
इस पर परिजन रुकेश को लेकर करीब 9:15 बजे रहरा के सीएचसी में पहुंचे जहां चिकित्सकों ने रुकेश देवी को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक, अगर उन्हें समय पर अस्पताल लाया जाता तो उनकी जान बचाई जा सकती थी। सीएचसी प्रभारी डॉ. शशांक चौधरी ने बताया कि अस्पताल में एंटी-स्नेक वेनम का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है लेकिन देरी के कारण इलाज संभव नहीं हो पाया। रुकेश देवी अपने पीछे चार बच्चों को छोड़ गई हैं। इनमें दो बेटे और दो बेटियां शामिल हैं।
विज्ञापन
इसी तरह की एक अन्य घटना में सोमवार शाम को तरौली गांव में हुई। गांव में राकेश की पत्नी गुड्डी को भी घर के पास सांप ने डस लिया। उनके परिजन भी पहले झाड़फूंक करने वाले के पास गए, जिससे उनकी हालत भी गंभीर बनी हुई है।
तरौली में 50 दिनों में सात लोगों को सांप ने डसा
हसनपुर। गांव तरौली में सांप का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार शाम को फिर एक महिला को सांप ने डस लिया। इससे उसकी हालत गंभीर है। इससे पहले गांव में छह लोगों को सांप डसा चुके हैं जिसमें से एक 11 वर्षीय बालक की मौत भी हो चुकी है। इसके अलावा गांव में तीन पशुओं की भी सर्पदंश से मौत हो चुकी हैं। लोगों ने गांव के तालाब की सफाई कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि तालाब से निकलकर सांप घरों में घुस रहे हैं इस समस्या को गंभीरता से लेकर अधिकारी कोई समाधान निकालने का प्रयास करना चाहिए।
अब तक इन लोगों को सांप ने डसा है
गांव निवासी मास्टर जयपाल सिंह के बेटे मोहित कुमार को 30 जून की सुबह घर के बाहर रास्ते पर पैर में सांप ने डसा लिया था। 28 जून को गांव निवासी ऋषिपाल सिंह की धेवती सोनी व एक अगस्त को गांव निवासी राजीव की पत्नी राजीन को भी सांप ने डसा लिया था।
पांच अगस्त को गांव निवासी रागिनी गायक कलाकार मनोज नागर की पत्नी मुनेश नागर रसोई में काम करते समय डस लिया था। निजी अस्पताल में उपचार कराने के बाद हालत में सुधार हुआ था। 29 जुलाई की रात को गांव निवासी अशोक नागर के 11 वर्षीय बेटे अर्पित को सर्प ने डस लिया था जिससे अर्पित की मौत हो गई थी। नौ अगस्त को गांव निवासी दिनेश सिंह की पत्नी बबली को सांप ने डस लिया था। 18 अगस्त की शाम को राकेश की पत्नी गुड्डी को भी सांप ने डस लिया। पिछले एक माह में गांव निवासी रामवीर सिंह के तीन पशुओं की सर्पदंश से मौत हो चुकी है।
-- --
गांव में सर्पदंश की शिकायतें मिल रही है। इस संबंध में वन विभाग के अधिकारियों को सांप पकड़े के लिए निर्देशित किया जा चुका है, तालाब एवं अन्य स्थानों पर साफ सफाई कराई जाएगी। -पुष्करनाथ चौधरी, एसडीएम हसनपुर
-- -- --
सांप के डसने से मौत पर आश्रित को मिलते हैं तीन लाख तीन लाख का प्रावधान
मंडी समिति की ओर से कई साल से सीएम दुर्घटना सहायता योजना संचालित है। इसके तहत खेत या कृषि कार्य करते समय किसी व्यक्ति की सांप डसने से मौत होने पर उसके आश्रितों को तीन लाख रुपये मदद के रूप में दिए जाते हैं। इसके लिए मृतक का पोस्टमार्टम कराना अनिवार्य है। हालांकि, जानकारी के अभाव में लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल पाता है। सांप डसने से होने वाली मौत के अधिकतर मामलों में पोस्टमार्टम नहीं कराया जाता है।
-- -- -- -- -
सूचना पर पहुंची टीम ने टंकी के नीचे से सांप पकड़ा
सूचना पर वन विभाग की टीम गांव हिरनोटा पहुंची। टीम ने घर में टंकी के नीचे बैठ सांप को पकड़ लिया जिसे बाद में जंगल में छोड़ दिया गया।
विज्ञापन
गांव हिरनोटा निवासी किसान ब्रह्मपाल सिंह का घर गांव के बाहरी छोर पर बना है। मंगलवार सुबह सात बजे उनकी पत्नी रुकेश देवी (43) घर की सफाई कर रही थीं। उन्होंने कूड़ा निकालने के लिए घर में रखी गेहूं की टंकी के नीचे हाथ डाला तो एक सांप ने उनके सीधे हाथ में डस लिया। परिजन रुकेश को अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़फूंक करने वाले के पास ले गए। करीब सवा दो घंटे तक वह झांड़फूंक से इलाज कराते रहे लेकिन महिला तबीयत में सुधरने की बजाय और बिगड़ गई।
विज्ञापन
इस पर परिजन रुकेश को लेकर करीब 9:15 बजे रहरा के सीएचसी में पहुंचे जहां चिकित्सकों ने रुकेश देवी को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक, अगर उन्हें समय पर अस्पताल लाया जाता तो उनकी जान बचाई जा सकती थी। सीएचसी प्रभारी डॉ. शशांक चौधरी ने बताया कि अस्पताल में एंटी-स्नेक वेनम का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है लेकिन देरी के कारण इलाज संभव नहीं हो पाया। रुकेश देवी अपने पीछे चार बच्चों को छोड़ गई हैं। इनमें दो बेटे और दो बेटियां शामिल हैं।
विज्ञापन
इसी तरह की एक अन्य घटना में सोमवार शाम को तरौली गांव में हुई। गांव में राकेश की पत्नी गुड्डी को भी घर के पास सांप ने डस लिया। उनके परिजन भी पहले झाड़फूंक करने वाले के पास गए, जिससे उनकी हालत भी गंभीर बनी हुई है।
तरौली में 50 दिनों में सात लोगों को सांप ने डसा
हसनपुर। गांव तरौली में सांप का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार शाम को फिर एक महिला को सांप ने डस लिया। इससे उसकी हालत गंभीर है। इससे पहले गांव में छह लोगों को सांप डसा चुके हैं जिसमें से एक 11 वर्षीय बालक की मौत भी हो चुकी है। इसके अलावा गांव में तीन पशुओं की भी सर्पदंश से मौत हो चुकी हैं। लोगों ने गांव के तालाब की सफाई कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि तालाब से निकलकर सांप घरों में घुस रहे हैं इस समस्या को गंभीरता से लेकर अधिकारी कोई समाधान निकालने का प्रयास करना चाहिए।
अब तक इन लोगों को सांप ने डसा है
गांव निवासी मास्टर जयपाल सिंह के बेटे मोहित कुमार को 30 जून की सुबह घर के बाहर रास्ते पर पैर में सांप ने डसा लिया था। 28 जून को गांव निवासी ऋषिपाल सिंह की धेवती सोनी व एक अगस्त को गांव निवासी राजीव की पत्नी राजीन को भी सांप ने डसा लिया था।
पांच अगस्त को गांव निवासी रागिनी गायक कलाकार मनोज नागर की पत्नी मुनेश नागर रसोई में काम करते समय डस लिया था। निजी अस्पताल में उपचार कराने के बाद हालत में सुधार हुआ था। 29 जुलाई की रात को गांव निवासी अशोक नागर के 11 वर्षीय बेटे अर्पित को सर्प ने डस लिया था जिससे अर्पित की मौत हो गई थी। नौ अगस्त को गांव निवासी दिनेश सिंह की पत्नी बबली को सांप ने डस लिया था। 18 अगस्त की शाम को राकेश की पत्नी गुड्डी को भी सांप ने डस लिया। पिछले एक माह में गांव निवासी रामवीर सिंह के तीन पशुओं की सर्पदंश से मौत हो चुकी है।
गांव में सर्पदंश की शिकायतें मिल रही है। इस संबंध में वन विभाग के अधिकारियों को सांप पकड़े के लिए निर्देशित किया जा चुका है, तालाब एवं अन्य स्थानों पर साफ सफाई कराई जाएगी। -पुष्करनाथ चौधरी, एसडीएम हसनपुर
सांप के डसने से मौत पर आश्रित को मिलते हैं तीन लाख तीन लाख का प्रावधान
मंडी समिति की ओर से कई साल से सीएम दुर्घटना सहायता योजना संचालित है। इसके तहत खेत या कृषि कार्य करते समय किसी व्यक्ति की सांप डसने से मौत होने पर उसके आश्रितों को तीन लाख रुपये मदद के रूप में दिए जाते हैं। इसके लिए मृतक का पोस्टमार्टम कराना अनिवार्य है। हालांकि, जानकारी के अभाव में लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल पाता है। सांप डसने से होने वाली मौत के अधिकतर मामलों में पोस्टमार्टम नहीं कराया जाता है।
सूचना पर पहुंची टीम ने टंकी के नीचे से सांप पकड़ा
सूचना पर वन विभाग की टीम गांव हिरनोटा पहुंची। टीम ने घर में टंकी के नीचे बैठ सांप को पकड़ लिया जिसे बाद में जंगल में छोड़ दिया गया।