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गुर्जर समाज को उठ खड़े होने की जरूरत : डॉ. यशवीर
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गजरौला। अखिल भारतीय गुर्जर महासभा के संरक्षक एवं किसान ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. यशवीर सिंह ने कहा कि मुगलों और अंग्रेजों से लड़कर भी गुर्जर समाज पिछड़ता चला गया। अंग्रेजों ने समाज को जरायम पेशा घोषित कर दिया। स्वतंत्र भारत में भी राजनीतिक दलों ने गुर्जर समाज को छला।
मंगलवार को अल्लीपुर भूड़ में प्रेस वार्ता में डॉ. यशवीर सिंह ने कहा कि तीन सौ साल तक प्रतिहार वंश के गुर्जरों ने देश की सीमाओं की रक्षा की। मिहिर भोज और नागभट्ट ने अरब आक्रांताओं को खदेड़ा। जैत सिंह नागर ने मुगलों का मुकाबला किया। विजय सिंह पथिक और सरदार पटेल ने किसानों को अंग्रेजों और तत्कालीन राजाओं के अत्याचारों से बचाया।
राष्ट्रीय अध्यक्ष हरिश्चंद भाटी ने कहा कि कुंजा बहादुरपुर के राजा विजय सिंह गुर्जर और सेनापति कल्याण सिंह गुर्जर अंग्रेजों से लड़ते हुए मारे गए। मेरठ के पांचली गांव के कोतवाल धन सिंह गुर्जर ने आजादी का बिगुल बजाने के साथ जेल में बंद हजारों कैदियों को मुक्त कराया। दादरी के राजा उमराव सिंह भाटी और उनके करीब 70 साथियों को अंग्रेजों ने बुलंदशहर में फांसी दी थी।
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उन्होंने बताया कि गुर्जर समाज को जागरूक करने के लिए 27 अक्तूबर को दिल्ली के तालकटोरा में कार्यक्रम होगा। इसके लिए देशभर में समाज के लोगों से संपर्क किया जा रहा है। इस मौके पर डॉ. यतींद्र कटारिया, विनोद गुर्जर, लाला गुर्जर, अनुज नागर और अखिलेश भाटी मौजूद रहे।
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मंगलवार को अल्लीपुर भूड़ में प्रेस वार्ता में डॉ. यशवीर सिंह ने कहा कि तीन सौ साल तक प्रतिहार वंश के गुर्जरों ने देश की सीमाओं की रक्षा की। मिहिर भोज और नागभट्ट ने अरब आक्रांताओं को खदेड़ा। जैत सिंह नागर ने मुगलों का मुकाबला किया। विजय सिंह पथिक और सरदार पटेल ने किसानों को अंग्रेजों और तत्कालीन राजाओं के अत्याचारों से बचाया।
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राष्ट्रीय अध्यक्ष हरिश्चंद भाटी ने कहा कि कुंजा बहादुरपुर के राजा विजय सिंह गुर्जर और सेनापति कल्याण सिंह गुर्जर अंग्रेजों से लड़ते हुए मारे गए। मेरठ के पांचली गांव के कोतवाल धन सिंह गुर्जर ने आजादी का बिगुल बजाने के साथ जेल में बंद हजारों कैदियों को मुक्त कराया। दादरी के राजा उमराव सिंह भाटी और उनके करीब 70 साथियों को अंग्रेजों ने बुलंदशहर में फांसी दी थी।
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उन्होंने बताया कि गुर्जर समाज को जागरूक करने के लिए 27 अक्तूबर को दिल्ली के तालकटोरा में कार्यक्रम होगा। इसके लिए देशभर में समाज के लोगों से संपर्क किया जा रहा है। इस मौके पर डॉ. यतींद्र कटारिया, विनोद गुर्जर, लाला गुर्जर, अनुज नागर और अखिलेश भाटी मौजूद रहे।