'तेरा एनकाउंटर होगा': दरोगा ने हिस्ट्रीशीटर के साथ मिल युवक को अगवा किया, सवा लाख ऐंठे, UP पुलिस का कारनामा
संभल के एक ग्राम प्रधान के बेटे का दरोगा ने हिस्ट्रीशीटर के साथ मिलकर अपहरण कर लिया। इसके बाद सवा लाख रुपये हड़प लिए। पुलिस ने इस मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया है।
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संभल के एक पूर्व ग्राम प्रधान के बेटे का कार सवार पुलिसकर्मियों ने प्लाॅट दिखाने के बहाने अपहरण कर लिया और बंधक बनाकर रखा। दुष्कर्म के झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर सवा लाख रुपये भी ऐंठ लिए। पुलिस ने दरोगा, दो सिपाहियों और महिला पर रिपोर्ट दर्ज की है। वहीं रविवार शाम को पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। दो आरोपी अभी भी फरार हैं।
संभल के एचौड़ा कंबोह थाना क्षेत्र के गांव सलेमपुर सालर उर्फ हाजीपुर निवासी नईम को 11 दिसंबर की दोपहर करीब 12 बजे निर्माणाधीन पुलिस लाइन के सामने उनकी प्लाॅटिंग पर बुलाया। वहां एक दरोगा नितिन कुमार और दो सिपाही मिले। तीनों ने उनको कार में बैठा लिया और अपहरण कर गजरौला थाने के सामने लेकर आए।
इसके बाद उन्होंने एक नकाबपोश महिला को बुलाया। उसने नईम पर दुष्कर्म का आरोप लगाया। तीनों पुलिसकर्मियों ने नईम को नगर के कमरे में बंधक बना लिया। उनका एनकाउंटर करने की भी धमकी दी। उन्होंने अपने पापा अनीस अहमद से बात की और पुलिस के कहे अनुसार पांच लाख रुपये लाने को कहा।
सवा लाख रुपये पर पुलिसकर्मी सहमत हो गए और उनके पिता से रुपये ले लिए। नईम को अगले दिन शाम को 7:30 बजे एक फाॅर्म पर हस्ताक्षर कराकर छोड़ा। जब इसकी अधिकारियों को शिकायत मिली तो गजरौला पुलिस ने गांव रझेड़ा निवासी खालिद व रियाजुल की पत्नी कौशर, पीआरडी जवान लाखन निवासी देहरा रायपुर और गजरौला की खेम सिंह कॉलोनी के दीपक को गिरफ्तार कर लिया।
दरोगा ने हिस्ट्रीशीटर के साथ मिलकर रची थी साजिश
पूर्व प्रधान के पुत्र नईम को दुष्कर्म के झूठे मामले में फंसाने और सवा लाख रुपये ऐंठने की साजिश सिंभावली थाने में तैनात दरोगा ने सिंभावली थाने के हिस्ट्रीशीटर से मिलकर रची थी। इसमें पीआरडी और महिला को शामिल किया। पुलिस ने दो हिस्ट्रीशीटर, महिला व पीआरडी जवान को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य आरोपी सिंभावली थाने में तैनात दरोगा व एक अन्य आरोपी हाथ नहीं लगे।
सीसीटीवी कैमरों व सर्विलांस की मदद से गजरौला पुलिस ने सिंभावली थाना क्षेत्र के गांव रझेड़ा निवासी खालिद व रियाजुल की पत्नी कौशर, पीआरडी लाखन निवासी देहरा रायपुर थाना बहादुरगढ, गजरौला की खेम सिंह कॉलोनी के दीपक को जीराे बांध के पास से गिरफ्तार किया।
दीपक भी हिस्ट्रीशीटर है। पुलिस ने खालिद से 10 हजार रुपये, दीपक से मोबाइल व पांच हजार रुपये, कौशर से पांच हजार रुपये बरामद किए जबकि मुख्य आरोपी सिंभावली थाने में तैनात दरोगा नितिन कुमार वर्मा व नगर के रेलवे स्टेशन शिवपुरी मोहल्ले का नवीन वर्मा हाथ नहीं लगे। दरोगा मूलरूप से मुरादाबाद के डिलारी थाना क्षेत्र के गांव चंगेरी का रहने वाला है।
नगर से अपने पुराने परिचित नवीन वर्मा को साथ लिया। निर्माणाधीन पुलिस लाइन के पास गए। यहां नईम को बुलाकर अपहरण कर लिया और नगर में दीपक की दुकान पर उसे रखा। हिस्ट्रीशीटर खालिद, महिला कौशर को लेकर आया। यहां नईम पर दुष्कर्म किए जाने का आरोप लगाया। उसके परिवार वालों से सवा लाख रुपये वसूली करने के बाद छोड़ा गया। चारों का चालान किया जा रहा है जबकि दरोगा व उसका साथी नवीन वर्मा की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
तीनों पुलिसकर्मियों ने पूर्व ग्राम प्रधान के पुत्र नईम को कमरे में बंधक बना लिया। उनसे परिवार वालों को फोन करवाया। डराया कि उनको वही बोलना है जो वह कहें। उनका एनकाउंटर करने की भी धमकी दी।
पांच लाख रुपये की मांग की
उनसे पुलिस के कहे अनुसार पांच लाख रुपये लाने को कहा। पिता ने पांच लाख रुपये का इंतजाम करने में असमर्थता जताई। सवा लाख रुपये पर पुलिसकर्मी सहमत हो गए। 25 हजार घर से जबकि एक लाख रुपये जोया में अपने परिचित डॉ. नाजिम से लाए। पुलिसकर्मियों ने उनके पिता से सवा लाख रुपये ले लिए। उनको धमकाया कि तुमने घटना की शिकायत की या गांव में चर्चा की तो झूठी रिपोर्ट दर्ज करा देंगे।
प्लाॅट दिखाने के बहाने बुलाकर किया अपहरण
पूर्व ग्राम प्रधान के बेटे नईम का जोया में पुलिस लाइन के सामने प्लाॅटिंग का काम चल रहा है। उनका कहना है कि 11 दिसंबर दोपहर करीब 12 बजे उनके फोन पर कॉल आई। फोन करने वाले ने उनसे पुलिस लाइन के सामने प्लाट दिखाने की बात कही। वह करीब डेढ़ बजे अपने साथ अहसान अहमद को लेकर प्लाटिंग पर पहुंचे। यहां आते ही उनको अपहरण कर कार में बैठा लिया और गजरौला ले आए। यहां बंधक बनाकर रखा।