{"_id":"57210b714f1c1b0a61a9209d","slug":"operation-fail-in-amroha","type":"story","status":"publish","title_hn":"नसबंदी के नौ साल बाद महिला ने पुत्र को दिया जन्म","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नसबंदी के नौ साल बाद महिला ने पुत्र को दिया जन्म
ब्यूरो/अमर उजाला अमरोहा
Updated Thu, 28 Apr 2016 12:27 AM IST
विज्ञापन
मेडिकल स्टूडेंटस को मिली सौगात
- फोटो : demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नसबंदी के ऑपरेशन में लापरवाही का मामला सामने आया है। हसनपुर क्षेत्र के गांव पहाड़पुर बक्काल की महिला ने नसबंदी के नौ साल बाद बेटे को जन्म दिया है। इससे मजदूरी करके दो बेटे-एक बेटी के पालन पोषण की जिम्मेदारी निभा रहे ग्रामीण की परेशानी और बढ़ गई है। पीड़ित ने सीएमओ और जिला परिवार कल्याण विभाग को शिकायती पत्र भेज कर संबंधित डाक्टर के खिलाफ कार्रवाई करने और नवजात के पालन पोषण के होने वाले खर्च (मुआवजा) को सरकार से वहन कराने की मांग की है।
गांव पहाड़पुर बक्काल निवासी रामपाल सिंह की शादी करीब पंद्रह साल पहले हुई थी। रामपाल सिंह को दो बेटा और एक बेटी है। इनका पालन पोषण रामपाल मजदूरी करके करता है। रामपाल ने नौ साल पहले पत्नी सुरेश देवी की नसबंदी करा दी थी।
नसबंदी के ऑपरेशन के बावजूद रामपाल की पत्नी गर्भवती हो गई। नौ अप्रैल को पत्नी सुरेश देवी ने पुत्र को जन्म दिया। रामपाल ने बताया कि वह किसी तरह मेहनत मजदूरी कर अपने तीन बच्चों का पालन पोषण कर रहा था। अब चौथी संतान के पालन पोषण का बोझ सिर पर आ गया है। ऐसे में वह सभी बच्चों का पालन पोषण ठीक से नहीं कर सकेगा। रामपाल ने बताया कि उसने सीएमओ और जिला परिवार कल्याण अधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर मदद की गुहार लगाई है।
विज्ञापन
इस मामले में पीड़ित की ओर से दिया गया प्रार्थना पत्र अभी मेरे पास तक नहीं पहुंचा है, फिलहाल यदि ऐसी शिकायत है तो उसमें संबंधित डाक्टर के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की जाएगी, इसके अलावा ऐसे मामलों में पीड़ित परिवार को सरकारी आर्थिक मदद दिए जाने का भी प्रावधान है, उसमें भी सहयोग किया जाएगा। डा. एसके जैन, सीएमओ, अमरोहा।
विज्ञापन
गांव पहाड़पुर बक्काल निवासी रामपाल सिंह की शादी करीब पंद्रह साल पहले हुई थी। रामपाल सिंह को दो बेटा और एक बेटी है। इनका पालन पोषण रामपाल मजदूरी करके करता है। रामपाल ने नौ साल पहले पत्नी सुरेश देवी की नसबंदी करा दी थी।
विज्ञापन
नसबंदी के ऑपरेशन के बावजूद रामपाल की पत्नी गर्भवती हो गई। नौ अप्रैल को पत्नी सुरेश देवी ने पुत्र को जन्म दिया। रामपाल ने बताया कि वह किसी तरह मेहनत मजदूरी कर अपने तीन बच्चों का पालन पोषण कर रहा था। अब चौथी संतान के पालन पोषण का बोझ सिर पर आ गया है। ऐसे में वह सभी बच्चों का पालन पोषण ठीक से नहीं कर सकेगा। रामपाल ने बताया कि उसने सीएमओ और जिला परिवार कल्याण अधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर मदद की गुहार लगाई है।
विज्ञापन
इस मामले में पीड़ित की ओर से दिया गया प्रार्थना पत्र अभी मेरे पास तक नहीं पहुंचा है, फिलहाल यदि ऐसी शिकायत है तो उसमें संबंधित डाक्टर के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की जाएगी, इसके अलावा ऐसे मामलों में पीड़ित परिवार को सरकारी आर्थिक मदद दिए जाने का भी प्रावधान है, उसमें भी सहयोग किया जाएगा। डा. एसके जैन, सीएमओ, अमरोहा।